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ग्राम पंचायत खिजूरी के लोगों ने निर्विरोध सरपंच बनाया
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बावल। जिले के बावल विकास खंड की ग्राम पंचायत खिजूरी ने जिले के लोगों के सामने भाईचारे व एकता की मिसाल पेश की है। उन्होंने युवा सत्यप्रकाश को निर्विरोध सरपंच बनाया है। जाट बाहुल्य गांव में सभी जातियों के लोग रहते हैं, लेकिन सभी 28 अक्तूबर को सर्वसम्मति बनाकर सरपंच सहित सभी पंचों के लिए एक-एक नामांकन दाखिल कर किया था। सोमवार को नाम वापसी का दिन था, लेकिन सभी पदों पर महज एक-एक नामांकन था। ऐसे में खिजूरी ग्राम पंचायत को निर्वाचन अधिकारी ने निर्विरोध निर्वाचित कर दिया। पूरे गांव में सोमवार को जश्न का माहौल है। सभी ग्रामीण एक-दूसरे को बधाई दे रहे हैं।
बावल से करीब 15 किलोमीटर दूर राजस्थान की सीमा से सटे करीब 2000 आबादी वाले गांव खिजूरी में पहली बार सर्वसम्मति से पंचायत का गठन किया गया है। गांव में 1036 मतदाता हैं। गांव के ग्रामीणों ने पहले पंचायत समिति सदस्य के चुनाव के लिए पंचायत की थी, फिर पंचायत में ही लोगों ने सरपंच व पंच के लिए सहमति की बात शुरू की गई। इसमें गांव में भाईचारे की पंचायत एक नाम पर सर्वसम्मति बन गई। ग्रामीणों ने सत्यप्रकाश के नाम पर सरपंच पद के लिए सर्वस्म्मति बनाई है। इसके साथ चरण सिंह, मीना कुमारी, मनीष, भीम सिंह, उर्मिला, उर्मिला व विनय चौपडा के नाम पर पंच पद के लिए सहमति बनाई गई है। अब ग्राम पंचायत को सरकार की ओर विकास कार्य के लिए मिलने वाली 11 लाख रुपये की राशि भी मिल पाएगी।
गांव के विकास के लिए करूंगा जिम्मेदारी से काम
गांव के लोगों ने जो जिम्मेदारी सौंपी है, उसका ईमानदारी से निर्वहन करूंगा। गांव की सभी समस्याओं का समाधान कराऊंगा। वहीं गांव में पीने के पानी, जलनिकासी व कच्चे पड़े रास्तों को निर्माण करवाना प्राथमिकता रहेगी। सभी ग्रामीणों की सहमति से ही गांव को विकास की प्रगति पर लेकर चलूंगा।
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-सत्यप्रकाश, निर्विरोध सरपंच
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बावल से करीब 15 किलोमीटर दूर राजस्थान की सीमा से सटे करीब 2000 आबादी वाले गांव खिजूरी में पहली बार सर्वसम्मति से पंचायत का गठन किया गया है। गांव में 1036 मतदाता हैं। गांव के ग्रामीणों ने पहले पंचायत समिति सदस्य के चुनाव के लिए पंचायत की थी, फिर पंचायत में ही लोगों ने सरपंच व पंच के लिए सहमति की बात शुरू की गई। इसमें गांव में भाईचारे की पंचायत एक नाम पर सर्वसम्मति बन गई। ग्रामीणों ने सत्यप्रकाश के नाम पर सरपंच पद के लिए सर्वस्म्मति बनाई है। इसके साथ चरण सिंह, मीना कुमारी, मनीष, भीम सिंह, उर्मिला, उर्मिला व विनय चौपडा के नाम पर पंच पद के लिए सहमति बनाई गई है। अब ग्राम पंचायत को सरकार की ओर विकास कार्य के लिए मिलने वाली 11 लाख रुपये की राशि भी मिल पाएगी।
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गांव के विकास के लिए करूंगा जिम्मेदारी से काम
गांव के लोगों ने जो जिम्मेदारी सौंपी है, उसका ईमानदारी से निर्वहन करूंगा। गांव की सभी समस्याओं का समाधान कराऊंगा। वहीं गांव में पीने के पानी, जलनिकासी व कच्चे पड़े रास्तों को निर्माण करवाना प्राथमिकता रहेगी। सभी ग्रामीणों की सहमति से ही गांव को विकास की प्रगति पर लेकर चलूंगा।
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-सत्यप्रकाश, निर्विरोध सरपंच