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Rewari News: सेहत के लिए भोजन में शामिल करें मोटा अनाज
Mon, 27 Nov 2023 11:29 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 27 Nov 2023 11:29 PM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। अच्छी सेहत के लिए आम जन मोटे अनाज को भोजन में शामिल करें। यह स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभदायक है।
डीसी राहुल हुड्डा ने बाजरा कैल्शियम, ज्वार पोटेशियम और फास्फोरस से भरपूर होता है। कंगनी में फाइबर और कोदो आयरन होता है। बताया कि केंद्र सरकार के आह्वान पर संयुक्त राष्ट्र महासभा की ओर से वर्ष 2023 अंतरराष्ट्रीय पोषक अनाज वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य लोगों को मिलेट्स के बारे में ज्यादा से ज्यादा जागरूक करना है ताकि हर देश, इलाके के लोग इसे अपने डाइट में शामिल करें।
डीसी ने कहा कि सरकार मोटे अनाज के सेवन से कई तरह के फायदे होते हैं। इन्हें खाने वाले लोगों में गंभीर बीमारियों जैसे मोटापा, दिल की बीमारी, आदि से लड़ने की क्षमता होती है। पहले हमारे पूर्वज मोटे अनाज का प्रयोग करते थे। पोषण संबंधित व्यवहार और खानपान परिवर्तन में युवा बड़ी भूमिका निभा सकते हैं।
डीसी ने बताया कि कम पानी, उर्वरक और कीटनाशकों के साथ कम उपजाऊ मिट्टी में भी मोटे अनाज को उगाया जा सकता है। उच्च तापमान में भी ये अच्छा ग्रो करते हैं और इसी कारण इन्हें क्लाइमेट स्मार्ट अनाज कहा जाता है।
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रेवाड़ी। अच्छी सेहत के लिए आम जन मोटे अनाज को भोजन में शामिल करें। यह स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभदायक है।
डीसी राहुल हुड्डा ने बाजरा कैल्शियम, ज्वार पोटेशियम और फास्फोरस से भरपूर होता है। कंगनी में फाइबर और कोदो आयरन होता है। बताया कि केंद्र सरकार के आह्वान पर संयुक्त राष्ट्र महासभा की ओर से वर्ष 2023 अंतरराष्ट्रीय पोषक अनाज वर्ष के रूप में मनाया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य लोगों को मिलेट्स के बारे में ज्यादा से ज्यादा जागरूक करना है ताकि हर देश, इलाके के लोग इसे अपने डाइट में शामिल करें।
डीसी ने कहा कि सरकार मोटे अनाज के सेवन से कई तरह के फायदे होते हैं। इन्हें खाने वाले लोगों में गंभीर बीमारियों जैसे मोटापा, दिल की बीमारी, आदि से लड़ने की क्षमता होती है। पहले हमारे पूर्वज मोटे अनाज का प्रयोग करते थे। पोषण संबंधित व्यवहार और खानपान परिवर्तन में युवा बड़ी भूमिका निभा सकते हैं।
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डीसी ने बताया कि कम पानी, उर्वरक और कीटनाशकों के साथ कम उपजाऊ मिट्टी में भी मोटे अनाज को उगाया जा सकता है। उच्च तापमान में भी ये अच्छा ग्रो करते हैं और इसी कारण इन्हें क्लाइमेट स्मार्ट अनाज कहा जाता है।
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