फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rewari News ›   Fearing an investigation, drums of dimethyl sulfate were thrown away, releasing toxic fumes.

Rewari News: जांच के डर से डाइमिथाइल सल्फेट के ड्रम फेंके, निकल रहा जहरीला धुआं

Sun, 22 Feb 2026 11:12 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी Updated Sun, 22 Feb 2026 11:12 PM IST
विज्ञापन
Fearing an investigation, drums of dimethyl sulfate were thrown away, releasing toxic fumes.
चोपानकी औद्योगिक क्षेत्र में फेंके गए ड्रम। संवाद
भिवाड़ी। औद्योगिक क्षेत्र में कंपनियों की चल रही जांच के बाद चोपानकी औद्योगिक क्षेत्र में सुरक्षा चूक सामने आई है। बहादरी मोड़ के पास रिहायशी इलाके में डाइमिथाइल सल्फेट जैसे खतरनाक केमिकल से भरे ड्रम फेंके गए हैं। इन ड्रमों से तेज बदबू आ रही है और धुआं निकल रहा है जो खतरनाक साबित हो रहा है।
विज्ञापन

इन ड्रमों पर पॉइजन और डाइमिथाइल सल्फेट की चेतावनी लिखी हुई है। अज्ञात व्यक्तियों ने रात के अंधेरे में एक वाहन से इन ड्रमों को उतारकर फेंक दिया और फरार हो गए। सुबह जब लोगों ने इन्हें देखा तो कुछ ड्रमों से धुआं निकल रहा था और पूरे इलाके में तेज बदबू फैल गई थी।
विज्ञापन

आसपास के लोगों को सांस लेने में तकलीफ और आंखों में जलन महसूस हुई। जहां ड्रम फेंके गए है वह स्थान खेतों और बच्चों के खेलने के क्षेत्र से घिरा हुआ है। लगभग एक साल पहले भी इसी जगह अवैध पटाखा वेस्ट में आग लगने से तीन बच्चे गंभीर रूप से झुलस गए थे, जिनमें से दो को अलवर रेफर करना पड़ा था।
विज्ञापन
विज्ञापन

स्थानीय हाजी इरफान, कय्यूम और मकसूद ने बताया कि यह क्षेत्र पहले से ही संवेदनशील है और ऐसी लापरवाही से बड़े हादसे का खतरा मंडरा रहा है।
टपूकड़ा एसडीएम लाखन सिंह गुर्जर ने बताया कि केमिकल ड्रम की जांच के लिए मौके पर तहसीलदार और प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के अधिकारी भेजे गए। ड्रमों की जांच की जा रही है कि यह किस प्रकार का केमिकल है और किस कंपनी द्वारा वहां फेंके गए हैं। जांच के बाद दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

डाइमिथाइल सल्फेट जहरीला रसायन है। इसकी भाप या संपर्क से आंखों, त्वचा और श्वसन तंत्र में गंभीर जलन,सूजन और नेक्रोसिस हो सकती है।
--

जांच के डर से केमिकल वेस्ट फेंकने का आरोप:



यह घटना खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र में अवैध पटाखा कंपनी में हुए ब्लास्ट के बाद सामने आई है, जिसमें सात मजदूर जिंदा जल गए थे। इस हादसे के बाद प्रशासन ने भिवाड़ी, खुशखेड़ा, टपूकड़ा, चोपानकी और कहरानी में संचालित सभी फैक्ट्रियों में जांच के निर्देश दिए हैं। अब तक करीब 1 हजार से ज्यादा कंपनियों में जांच की जा चुकी है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासनिक कार्रवाई के डर से ऐसी कंपनियों द्वारा खतरनाक केमिकल और ज्वलनशील पदार्थ बिना लाइसेंस या अनुमति के खुले में फेंके जा रहे हैं। अवैध संचालित कंपनियां अब उन्हें निकालकर इधर-उधर ठिकाने लगाने में लगी हुई हैं। चोपानकी में केमिकल ड्रम फेंके जाने का यह मामला इसी कड़ी का हिस्सा माना जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed