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Rewari News: मजदूरों की समस्याओं का जल्द समाधान करने की मांग
Tue, 28 Jul 2026 12:04 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Tue, 28 Jul 2026 12:04 AM IST
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अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन देते यूनियन के पदाधिकारी। स्रोत : यूनियन
- फोटो : credit
रेवाड़ी। भवन निर्माण कारीगर मजदूर यूनियन की जिला कमेटी ने सोमवार को मजदूरों की विभिन्न मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन जिला राजस्व अधिकारी को सौंपा। यूनियन के जिला सचिव भीम सिंह के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने मजदूरों की समस्याओं का समाधान कराने की मांग की।
यूनियन के जिला सचिव भीम सिंह ने बताया कि पिछले एक वर्ष से भवन निर्माण कार्य में लगे मजदूरों और मिस्त्रियों के लिए ऑनलाइन पोर्टल बंद पड़ा हुआ है। इसके कारण नए मजदूरों का पंजीकरण नहीं हो पा रहा है और पुराने पंजीकृत मजदूरों को भी विभिन्न योजनाओं के लाभ नहीं मिल रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि विभागीय लापरवाही के कारण मजदूर अपने अधिकारों से वंचित हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि बंद पड़े ऑनलाइन पोर्टल को तुरंत खोला जाए, मजदूरों और मिस्त्रियों का पंजीकरण सरल किया जाए तथा अनावश्यक शर्तों को हटाया जाए।
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मजदूरों को मिलने वाले हित लाभ समय पर जारी करने और 90 दिन के कार्य सत्यापन का अधिकार दोबारा यूनियन को देने की मांग भी रखी गई है। भीम सिंह ने कहा कि जब तक 90 दिन के कार्य सत्यापन का अधिकार यूनियन के पास था, तब तक व्यवस्था बेहतर तरीके से चल रही थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी अधिकारियों को यह जिम्मेदारी दिए जाने के बाद मजदूरों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया तो प्रदेशभर में आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल में सरदार सिंह, हुकम सिंह, शीला देवी और किसान मजदूर संगठन के नेता रामकुमार सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
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यूनियन के जिला सचिव भीम सिंह ने बताया कि पिछले एक वर्ष से भवन निर्माण कार्य में लगे मजदूरों और मिस्त्रियों के लिए ऑनलाइन पोर्टल बंद पड़ा हुआ है। इसके कारण नए मजदूरों का पंजीकरण नहीं हो पा रहा है और पुराने पंजीकृत मजदूरों को भी विभिन्न योजनाओं के लाभ नहीं मिल रहे हैं।
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उन्होंने आरोप लगाया कि विभागीय लापरवाही के कारण मजदूर अपने अधिकारों से वंचित हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि बंद पड़े ऑनलाइन पोर्टल को तुरंत खोला जाए, मजदूरों और मिस्त्रियों का पंजीकरण सरल किया जाए तथा अनावश्यक शर्तों को हटाया जाए।
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मजदूरों को मिलने वाले हित लाभ समय पर जारी करने और 90 दिन के कार्य सत्यापन का अधिकार दोबारा यूनियन को देने की मांग भी रखी गई है। भीम सिंह ने कहा कि जब तक 90 दिन के कार्य सत्यापन का अधिकार यूनियन के पास था, तब तक व्यवस्था बेहतर तरीके से चल रही थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी अधिकारियों को यह जिम्मेदारी दिए जाने के बाद मजदूरों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगों का जल्द समाधान नहीं किया गया तो प्रदेशभर में आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल में सरदार सिंह, हुकम सिंह, शीला देवी और किसान मजदूर संगठन के नेता रामकुमार सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।