{"_id":"5a83377e4f1c1bcb268b9c11","slug":"41518548862-rewari-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कंपनी के बाहर धरना देकर प्रदर्शन किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कंपनी के बाहर धरना देकर प्रदर्शन किया
Updated Wed, 14 Feb 2018 12:42 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तीन श्रमिकों निकालने के विरोध में 250 श्रमिकों ने दिया इस्तीफा, धरने पर बैठे
अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी।
बावल औद्योगिक क्षेत्र के सेक्टर सात स्थित राने एनएसके कंपनी से सोमवार को तीन श्रमिकों को निकालने के विरोध में मंगलवार को कंपनी के करीब 250 श्रमिकों ने कंपनी प्रबंधन को सामूहिक इस्तीफा दे दिया। इसके बाद श्रमिकों ने कंपनी की नीतियों के विरोध में कंपनी परिसर के बाहर प्रदर्शन शुरू कर दिया। शाम को समाचार लिखे जाने तक श्रमिक धरने पर बैठे थे। कंपनी में मारुति के स्टेयरिंग बनते हैं।
जानकारी के अनुसार बावल औद्योगिक क्षेत्र स्थित राने एनएसके कंपनी में करीब तीन साल से कार्यरत श्रमिकों ने प्रबंधन से उन्हें स्थायी करने की मांग की। आरोप है कि कंपनी प्रबंधन ने श्रमिक मुनींद्र, वीरू और अजय को कंपनी से बाहर निकाल दिया। इससे अन्य श्रमिकों में रोष फैल गया। मंगलवार सुबह अन्य श्रमिकों ने प्रबंधकों से बातचीत की, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। इसके बाद सभी ने कंपनी प्रबंधन को सामूहिक इस्तीफा सौंप दिया। बाद में करीब 250 श्रमिक कंपनी परिसर के बाहर आ गए और प्रदर्शन कर धरने पर बैठ गए। सूचना के बाद कंपनी परिसर के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। श्रम विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। उल्लेखनीय है कि सोमवार को भी सेक्टर तीन में स्थित एक कंपनी के श्रमिकों ने प्रदर्शन किया था।
----
श्रमिकों की समस्या सुनकर समाधान कराने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन सभी श्रमिकों ने इस्तीफा दे दिया है।
हवासिंह, श्रम अधिकारी रेवाड़ी।
---
सभी श्रमिकों को तीन साल की ट्रेनिंग पर रखा गया था। उन्हें नियमित करने का कोई अनुबंध नहीं था। श्रमिक चाहे तो कार्य पर आ सकते हैं। निकाले गए श्रमिकों को वापस नहीं लिया जाएगा।
विज्ञापन
केके सिन्हा, वरिष्ठ प्रबंधक राने एनएसके।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
रेवाड़ी।
बावल औद्योगिक क्षेत्र के सेक्टर सात स्थित राने एनएसके कंपनी से सोमवार को तीन श्रमिकों को निकालने के विरोध में मंगलवार को कंपनी के करीब 250 श्रमिकों ने कंपनी प्रबंधन को सामूहिक इस्तीफा दे दिया। इसके बाद श्रमिकों ने कंपनी की नीतियों के विरोध में कंपनी परिसर के बाहर प्रदर्शन शुरू कर दिया। शाम को समाचार लिखे जाने तक श्रमिक धरने पर बैठे थे। कंपनी में मारुति के स्टेयरिंग बनते हैं।
जानकारी के अनुसार बावल औद्योगिक क्षेत्र स्थित राने एनएसके कंपनी में करीब तीन साल से कार्यरत श्रमिकों ने प्रबंधन से उन्हें स्थायी करने की मांग की। आरोप है कि कंपनी प्रबंधन ने श्रमिक मुनींद्र, वीरू और अजय को कंपनी से बाहर निकाल दिया। इससे अन्य श्रमिकों में रोष फैल गया। मंगलवार सुबह अन्य श्रमिकों ने प्रबंधकों से बातचीत की, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। इसके बाद सभी ने कंपनी प्रबंधन को सामूहिक इस्तीफा सौंप दिया। बाद में करीब 250 श्रमिक कंपनी परिसर के बाहर आ गए और प्रदर्शन कर धरने पर बैठ गए। सूचना के बाद कंपनी परिसर के बाहर बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। श्रम विभाग के अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। उल्लेखनीय है कि सोमवार को भी सेक्टर तीन में स्थित एक कंपनी के श्रमिकों ने प्रदर्शन किया था।
विज्ञापन
----
श्रमिकों की समस्या सुनकर समाधान कराने का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन सभी श्रमिकों ने इस्तीफा दे दिया है।
हवासिंह, श्रम अधिकारी रेवाड़ी।
---
सभी श्रमिकों को तीन साल की ट्रेनिंग पर रखा गया था। उन्हें नियमित करने का कोई अनुबंध नहीं था। श्रमिक चाहे तो कार्य पर आ सकते हैं। निकाले गए श्रमिकों को वापस नहीं लिया जाएगा।
विज्ञापन
केके सिन्हा, वरिष्ठ प्रबंधक राने एनएसके।