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ढाई दशक से पुरानी बरसाती पानी निकासी की समस्या का होगा हल
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पानीपत। शहर की करीब 25 साल पुरानी बरसाती पानी से जलभराव की समस्या अब दूर होने जा रही है। इसके लिए नगर निगम ने 23.88 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट तैयार किया है। इसके तहत शहर के जिस क्षेत्र में ज्यादा जलभराव होता है, वहां स्टॉर्म वाटर पाइपलाइन बिछाई जाएगी। इससे से पानी नजदीकी ड्रेन में छोड़ा जाएगा।
इस प्रोजेक्ट की निगम ने डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार कर ली है। चूंकि ये प्रोजेक्ट डेढ़ करोड़ रुपये से ज्यादा का है इसलिए शहरी स्थानीय निकाय इसे मंजूर करेगा। इसके लिए निगम ने निकाय को डीपीआर भेज दी है। इसकी मंजूरी के बाद निगम इस प्रोजेक्ट के लिए टेंडर लगाएगा। जिसमें पायलट बेस पर प्रोजेक्ट की शुरुआत सेक्टर 11-12, हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी और मॉडल टाउन से होगी। निगम के इस प्रोजेक्ट से शहर के लाखों लोगों को फायदा होगा।
शहर में ढाई दशक से बरकार है जलभराव
शहर में जलभराव की समस्या ढाई दशक से बरकार है। सबसे ज्यादा समस्या शहर के जीटी रोड, तहसील कैंप एरिया, मॉडल टाउन में शिवाजी स्टेडियम के पास, सेक्टर 11-12, हाउसिंग बोर्ड, अनाज व सब्जी मंडी में है। अबकी बार बरसाती सीजन में शहर वासियों ने निगम प्रशासन पर तंज कसने के लिए बरसाती पानी में नांव तक चला दी थी। जिसने प्रदेश भर में काफी सुर्खियां बंटोरी थी। जिसके बाद निगम ने शहर से बरसाती पानी की निकासी का प्लान बनाते हुए प्रोजेक्ट तैयार किया है।
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हुडा में 35 साल पुरानी लाइन हो चुकी चोक
हुडा सेक्टर 11-12 व हाउसिंग बोर्ड में हुडा ने 1985-87 में लाइन बिछाई थी। ये लाइन करीब 35 साल पुरानी है जो चोक हो चुकी है। इससे बरसाती पानी की निकासी तक नहीं हो पाती थी, जिससे हाउसिंग बोर्ड समेत सेक्टर 11-12 में जलभराव की समस्या बरकार थी। लोगों को अपने घर तक गली से ऊंचे उठाने पड़ रहे थे। कई बार तो गलियों का लेवल तक ऊपर उठाया गया लेकिन समस्या ज्यों कि त्यों बरकार रही। अब इस प्रोजेक्ट से सभी समस्याओं का समाधान होगा।
मॉडल टाउन में सीवरेज सिस्टम से चल रहा था काम, अब होगी ज्यादा सुविधा-
मॉडल टाउन एरिया में सीवरेज लाइन से ही काम चलाया जा रहा था। ये लाइन करीब 4 से 5 किलोमीटर लंबी घूमने के बाद ड्रेन में जा रही थी। अब नए प्रोजेक्ट के तहत स्टॉर्म वाटर पाइपलाइन को कम से कम एरिया में लगाया जाएगा। ताकि कम समय और कम स्पेस में मोटी लाइन बिछाई जा सके और जल्द से जल्द बरसाती पानी की निकासी हो सके।
सीवरेज सिस्टम की तरह बिछाई जाएंगी पाइपलाइन
नगर निगम के जेई अजय छौक्कर ने बताया कि जिस प्रकार सीवरेज सिस्टम की पाइपलाइन बिछाई जाती हैं ठीक उसी प्रकार से स्टॉर्म वाटर पाइपलाइन भी बिछाई जाएंगी। इनको जलभराव वाले एरिया से कनेक्ट किया जाएगा जिसका एग्जिट प्वांइट नजदीकी ड्रेन में दिया जाएगा। इसमें केवल बरसाती पानी की निकासी होगी, जिससे जलभराव की समस्या से लोगों को निजात मिलेगी।
डीपीआर फाइनल, मंजूरी का इंतजार- एक्सईएन
इस प्रोजेक्ट की नगर निगम ने डीपीआर फाइनल करके मुख्यालय को भेज दी है। जैसे ही मुख्यालय से इसकी मंजूरी आएगी, इसका टेंडर लगा दिया जाएगा। ये प्रोजेक्ट शहर से बरसाती पानी की निकासी में सबसे ज्यादा मददगार साबित होगा।
नवीन सहरावत, एक्सईएन, नगर निगम, पानीपत।
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इस प्रोजेक्ट की निगम ने डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार कर ली है। चूंकि ये प्रोजेक्ट डेढ़ करोड़ रुपये से ज्यादा का है इसलिए शहरी स्थानीय निकाय इसे मंजूर करेगा। इसके लिए निगम ने निकाय को डीपीआर भेज दी है। इसकी मंजूरी के बाद निगम इस प्रोजेक्ट के लिए टेंडर लगाएगा। जिसमें पायलट बेस पर प्रोजेक्ट की शुरुआत सेक्टर 11-12, हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी और मॉडल टाउन से होगी। निगम के इस प्रोजेक्ट से शहर के लाखों लोगों को फायदा होगा।
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शहर में ढाई दशक से बरकार है जलभराव
शहर में जलभराव की समस्या ढाई दशक से बरकार है। सबसे ज्यादा समस्या शहर के जीटी रोड, तहसील कैंप एरिया, मॉडल टाउन में शिवाजी स्टेडियम के पास, सेक्टर 11-12, हाउसिंग बोर्ड, अनाज व सब्जी मंडी में है। अबकी बार बरसाती सीजन में शहर वासियों ने निगम प्रशासन पर तंज कसने के लिए बरसाती पानी में नांव तक चला दी थी। जिसने प्रदेश भर में काफी सुर्खियां बंटोरी थी। जिसके बाद निगम ने शहर से बरसाती पानी की निकासी का प्लान बनाते हुए प्रोजेक्ट तैयार किया है।
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हुडा में 35 साल पुरानी लाइन हो चुकी चोक
हुडा सेक्टर 11-12 व हाउसिंग बोर्ड में हुडा ने 1985-87 में लाइन बिछाई थी। ये लाइन करीब 35 साल पुरानी है जो चोक हो चुकी है। इससे बरसाती पानी की निकासी तक नहीं हो पाती थी, जिससे हाउसिंग बोर्ड समेत सेक्टर 11-12 में जलभराव की समस्या बरकार थी। लोगों को अपने घर तक गली से ऊंचे उठाने पड़ रहे थे। कई बार तो गलियों का लेवल तक ऊपर उठाया गया लेकिन समस्या ज्यों कि त्यों बरकार रही। अब इस प्रोजेक्ट से सभी समस्याओं का समाधान होगा।
मॉडल टाउन में सीवरेज सिस्टम से चल रहा था काम, अब होगी ज्यादा सुविधा-
मॉडल टाउन एरिया में सीवरेज लाइन से ही काम चलाया जा रहा था। ये लाइन करीब 4 से 5 किलोमीटर लंबी घूमने के बाद ड्रेन में जा रही थी। अब नए प्रोजेक्ट के तहत स्टॉर्म वाटर पाइपलाइन को कम से कम एरिया में लगाया जाएगा। ताकि कम समय और कम स्पेस में मोटी लाइन बिछाई जा सके और जल्द से जल्द बरसाती पानी की निकासी हो सके।
सीवरेज सिस्टम की तरह बिछाई जाएंगी पाइपलाइन
नगर निगम के जेई अजय छौक्कर ने बताया कि जिस प्रकार सीवरेज सिस्टम की पाइपलाइन बिछाई जाती हैं ठीक उसी प्रकार से स्टॉर्म वाटर पाइपलाइन भी बिछाई जाएंगी। इनको जलभराव वाले एरिया से कनेक्ट किया जाएगा जिसका एग्जिट प्वांइट नजदीकी ड्रेन में दिया जाएगा। इसमें केवल बरसाती पानी की निकासी होगी, जिससे जलभराव की समस्या से लोगों को निजात मिलेगी।
डीपीआर फाइनल, मंजूरी का इंतजार- एक्सईएन
इस प्रोजेक्ट की नगर निगम ने डीपीआर फाइनल करके मुख्यालय को भेज दी है। जैसे ही मुख्यालय से इसकी मंजूरी आएगी, इसका टेंडर लगा दिया जाएगा। ये प्रोजेक्ट शहर से बरसाती पानी की निकासी में सबसे ज्यादा मददगार साबित होगा।
नवीन सहरावत, एक्सईएन, नगर निगम, पानीपत।