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Panipat News: रजिस्ट्री की पुरानी प्रणाली बंद, एक नवंबर को पेपरलेस रजिस्ट्री होंगी शुरू
Wed, 29 Oct 2025 02:34 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
Updated Wed, 29 Oct 2025 02:34 AM IST
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माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। तहसील में पुरानी प्रणाली पर रजिस्ट्री एक नवंबर को बंद कर दी जाएंगी। इसके बाद पेपरलेस रजिस्ट्री होंगी। तीन नवंबर से पहले खरीदे स्टांप पेपर पर 415 नवंबर तक रजिस्ट्री कराई जा सकेंगे। इसके बाद रजिस्ट्री के लिए बनाए गए स्टांप ड्यूटी पेपर मान्य नहीं होंगे। वहीं ततीमा व पार्टिशन के मामलों का भी इससे पहले निपटान करना होगा।
वित्तीय आयुक्त, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग हरियाणा सुमिता मिश्रा की अध्यक्षता में मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस पर बैठक की। जिसमें पेपरलेस प्रणाली पर चर्चा की और इसे लागू करने के निर्देश दिए है। उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार ने बताया कि नई प्रणाली के अंतर्गत संपत्ति की रजिस्ट्री पूरी तरह ऑनलाइन होंगी। जिससे प्रक्रिया तेज, पारदर्शी और सुरक्षित बनेगी। उन्होंने बताया कि पेपरलेस रजिस्ट्री लागू होने से दस्तावेजों की भौतिक प्रतियों की आवश्यकता समाप्त हो जाएगी और नागरिकों को कागजी औपचारिकताओं से मुक्ति मिलेगी। रजिस्ट्री से संबंधित सभी दस्तावेज डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सुरक्षित रहेंगे, जिन्हें आसानी से एक्सेस किया जा सकेगा।
अधिकारियों व कर्मचारियों को दिया प्रशिक्षण
डीसी ने बताया कि इस नई प्रणाली के सुचारू संचालन के लिए तहसील स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। इससे नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो पाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार की यह पहल डिजिटल हरियाणा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो शासन व्यवस्था को आधुनिक बनाने में सहायक सिद्ध होगी। नई व्यवस्था लागू होने के बाद पानीपत सहित पूरे प्रदेश में संपत्ति पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी तरह पेपरलेस और डिजिटल माध्यम से की जाएगी। अब संपत्ति की रजिस्ट्री के बाद इंतकाल अपने आप ऑनलाइन सिस्टम के माध्यम से बन जाएगा। इससे नागरिकों को राजस्व कार्यालयों के चक्कर लगाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी और मानव हस्तक्षेप भी न्यूनतम रहेगा। इंतकाल की प्रति भी पोर्टल से सीधे डाउनलोड की जा सकेगी। जिससे पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी।
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एसडीएम को निपटान के आदेश
डीसी ने एसडीएम को निर्देश दिए कि राजस्व विभाग से संबंधित लंबित केस का जल्द निपटारा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि ततीमा कार्यों को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करना सुनिश्चित किया जाए। क्योंकि ततीमा अपडेशन एक अत्यंत महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। इसके अतिरिक्त पार्टिशन (विभाजन) के लंबित मामलों के भी शीघ्र निपटान किया जाए। इससे लोगों को समय पर राहत मिल सकेगी।
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पानीपत। तहसील में पुरानी प्रणाली पर रजिस्ट्री एक नवंबर को बंद कर दी जाएंगी। इसके बाद पेपरलेस रजिस्ट्री होंगी। तीन नवंबर से पहले खरीदे स्टांप पेपर पर 415 नवंबर तक रजिस्ट्री कराई जा सकेंगे। इसके बाद रजिस्ट्री के लिए बनाए गए स्टांप ड्यूटी पेपर मान्य नहीं होंगे। वहीं ततीमा व पार्टिशन के मामलों का भी इससे पहले निपटान करना होगा।
वित्तीय आयुक्त, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग हरियाणा सुमिता मिश्रा की अध्यक्षता में मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस पर बैठक की। जिसमें पेपरलेस प्रणाली पर चर्चा की और इसे लागू करने के निर्देश दिए है। उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार ने बताया कि नई प्रणाली के अंतर्गत संपत्ति की रजिस्ट्री पूरी तरह ऑनलाइन होंगी। जिससे प्रक्रिया तेज, पारदर्शी और सुरक्षित बनेगी। उन्होंने बताया कि पेपरलेस रजिस्ट्री लागू होने से दस्तावेजों की भौतिक प्रतियों की आवश्यकता समाप्त हो जाएगी और नागरिकों को कागजी औपचारिकताओं से मुक्ति मिलेगी। रजिस्ट्री से संबंधित सभी दस्तावेज डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सुरक्षित रहेंगे, जिन्हें आसानी से एक्सेस किया जा सकेगा।
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अधिकारियों व कर्मचारियों को दिया प्रशिक्षण
डीसी ने बताया कि इस नई प्रणाली के सुचारू संचालन के लिए तहसील स्तर पर अधिकारियों और कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। इससे नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो पाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार की यह पहल डिजिटल हरियाणा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो शासन व्यवस्था को आधुनिक बनाने में सहायक सिद्ध होगी। नई व्यवस्था लागू होने के बाद पानीपत सहित पूरे प्रदेश में संपत्ति पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी तरह पेपरलेस और डिजिटल माध्यम से की जाएगी। अब संपत्ति की रजिस्ट्री के बाद इंतकाल अपने आप ऑनलाइन सिस्टम के माध्यम से बन जाएगा। इससे नागरिकों को राजस्व कार्यालयों के चक्कर लगाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी और मानव हस्तक्षेप भी न्यूनतम रहेगा। इंतकाल की प्रति भी पोर्टल से सीधे डाउनलोड की जा सकेगी। जिससे पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी।
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एसडीएम को निपटान के आदेश
डीसी ने एसडीएम को निर्देश दिए कि राजस्व विभाग से संबंधित लंबित केस का जल्द निपटारा किया जाए। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि ततीमा कार्यों को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करना सुनिश्चित किया जाए। क्योंकि ततीमा अपडेशन एक अत्यंत महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। इसके अतिरिक्त पार्टिशन (विभाजन) के लंबित मामलों के भी शीघ्र निपटान किया जाए। इससे लोगों को समय पर राहत मिल सकेगी।