72 घंटे की हड़ताल के बाद आज लौटेंगे काम

अमर उजाला, पानीपत Updated Fri, 24 Jan 2014 12:18 AM IST
पानीपत। हरियाणा कर्मचारी तालमेल कमेटी के आह्वान पर बिजली और नगर निगम कर्मचारियों की हड़ताल 72 घंटे बाद तीसरे दिन रात दस बजे खत्म हो गई।

रोहतक से हड़ताल समाप्त करने की सूचना आने पर लोगों ने राहत की सांस ली। इस बीच ग्रामीण और शहरी क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बाधित रही। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कर्मचारियों के सड़क पर उतरने से भी लोगों ने काफी परेशानी झेली। वीरवार कोे हड़ताल के तीसरे दिन बिजली कर्मचारियों ने सरकार की नीतियों के खिलाफ जुलूस निकाला और जमकर रोष जताया।

हड़ताल के कारण तीसरे दिन चार पॉवर हाउस और 36 फीडर ठप रहे। वहीं दिनभर हड़ताल आगे बढ़ने की अटकलों के चलते निगम अधिकारी और लोगों की सांसें फूली रहीं।

एक तरफ जहां कर्मचारी अपने नेताओं और साथियाें के खिलाफ सरकार के इशारे पर हुई कार्रवाई के बाद आर-पार की लड़ाई लड़ने के मूड में दिखे, वहीं बिजली और पेयजल सप्लाई ठप रहने से लोग भी हड़ताल के खिलाफ सड़कों पर उतरना शुरू हो गए। कई क्षेत्रों में बिजली सप्लाई तीन दिन से ठप रहने के कारण पेयजल संकट गहरा गया।

डीसी के आदेश के बाद निगम की ओर से 50 और नए विशेष कर्मचारी नियुक्त किए। निगम अधिकारी तमाम प्रयासों के बाद भी बिजली सप्लाई सुचारु नहीं कर पाए।

बिजली कर्मियों की हड़ताल तीसरे दिन मेें प्रवेश करने के साथ-साथ क्षेत्र में बिजली सप्लाई भी चरमराई रही। सर्कल में 132 केवी रेलवे रोड, बालभवन, शिव मंदिर और असंध रोड पॉवर हाउस और 11 केवी के 36 फीडरों में भी बिजली सप्लाई ठप रही।

बिजली अधिकारी अपनी टीम को साथ लेकर एक फीडर से दूसरे पर दौड़ते रहे। कंट्रोल रूप में बैठे कर्मचारी और अधिकारी भी मोबाइल की आवाज सुनकर कभी एक फीडर तो कभी दूसरे फीडर को बंद और चालू करने में जुटे रहे।

जैसे ही एक फीडर को ठीक करके दूसरे फीडर के पास पहुंचे तो किसी तीसरे फीडर की सप्लाई ठप होने की सूचना मिल गई। जिला में जगह-जगह बिजली सप्लाई ठप रहने से प्रशासन भी कई तरह के जुगाड़ में जुटा रहा। बिजली अधिकारियों ने बताया कि डीसी की तरफ से नए कर्मचारियों को नियुक्त करने के आदेश मिलने के बाद 50 टेंपरेरी कर्मचारी नियुक्त किए गए।

थर्मल प्लांट से भी कर्मचारियों को आमंत्रित किया। बिजली कर्मचारियों की हड़ताल के आगे भी बढ़ने की आशंका के चलते निगम अधिकारियों और लोगों की सांसें फूलीं रहीं। दिनभर बातें होती रही कि हड़ताल आने वाले दो या तीन दिन और बढ़ सकती है।

यूनियन नेताओं ने बताया कि हड़ताल को आगे बढ़ाने या स्थगित करने का फैसले को लेकर रोहतक बैठक चल रही है। वहां से मिले दिशा निर्देशाें के बाद ही आगे की रणनीति तय की जाएगी। हड़ताल समाप्त होने की सूचना मिलने के बाद प्रशासन और निगम अधिकारियों ने राहत की सांस ली।

हड़ताल के चलते बिजली और पेयजल सप्लाई बाधित रहने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। कई क्षेत्रों में लोगाें ने सड़काें पर उतरकर सरकार और यूनियनों के खिलाफ रोष जताना शुरू कर दिया है। लोगाें की माने तो सरकार व यूनियनों की लड़ाई में आमजन के लिए परेशानी खड़ी होना निंदनीय है।

वहीं बिजली कर्मचारी भी अपने आप को समाज का हिस्सा बताकर आम जनता से ही जोड़ रहे हैं। कई क्षेत्रों में तो तीन दिन तक भी बिजली और पेयजल सप्लाई ठप रहने से लोग सड़कों पर उतरने लगे हैं।

मुख्य रूप से समालखा ब्लाक में बिजली सप्लाई ठप रहने से वहां के क्षेत्रीय निवासी ज्यादा परेशान हैं।  बिजली व नगर निगम कर्मचारियाें ने हड़ताल के तीसरे दिन शहर में निकले जुलूस के कारण जीटी रोड पर करीब दो घंटे तक यातायात प्रभावित रहा।

जुलूस गोहाना रोड पावर हाउस से शुरू होकर गोहाना रोड मोड़ से होते हुए संजय चौक, लालबत्ती चौक, बस स्टैंड से होेेते हुए सचिवालय पहुंचा। इस दौरान करीब दो घंटे तक यातायात प्रभावित रहा। बिजली कर्मी सरकार और जिला प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते सचिवालय पहुंचे।

जुलूस में नगर निगम और रोडवेज कर्मचारी भी शामिल हुए। हरियाणा कर्मचारी तालमेल कमेटी और अन्य कर्मचारी संगठन जुलूस के रूप में सचिवालय पहुंचे तो प्रशासन भी अलर्ट हो गया। सुरक्षा को देखते हुए भारी पुलिस दल भी तैनात हो गया।

प्रशासनिक अधिकारियाेें ने सोचा प्रदर्शन के बाद शायद कोई मांगपत्र या ज्ञापन भी देेंगे। लेकिन कर्मचारी भाषणबाजी के बाद अनुशासन में रहने की बात कहने के साथ ही अपने-अपने विभागों में लौटना शुरू हो गए। मौके पर खड़े एसडीएम भी अपने कार्यालय में पहुंच गए।

हड़ताल के चलते बिजली सप्लाई ज्यादा प्रभावित नहीं हो पाई है। कहीं-कहीं लाइनों में फाल्ट होने के बाद फीडर जरूर ब्रेेक डाउन रहे। हड़ताल खत्म होेने की सूचना मिल गई है।
एमएस दहिया, एसई, बिजली निगम, पानीपत सर्कल

Spotlight

Most Read

Bihar

चारा घोटाला: लालू और जगन्नाथ मिश्रा को 5 साल की सजा, कोर्ट ने 5 लाख का लगाया जुर्माना

पूर्व रेल मंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव के खिलाफ सीबीआई की विशेष अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है।

24 जनवरी 2018

Related Videos

पानीपत में मेयर के भाई का अपहरण! एक किडनैपर दबोचा गया

पानीपत में मेयर सुरेश वर्मा के छोटे भाई नरेश को अगवा कर लिया गया। किडनैपर्स ने नरेश को यूपी में ले जाने की कोशिश की पर नाकेबंदी की वजह से नरेश को बबैल रोड पर ही छोड़कर भाग निकले।

10 दिसंबर 2017