{"_id":"6910e6707abd48d42f06140e","slug":"prabhat-pheri-organised-in-the-month-of-kartik-at-shri-advaita-swarup-anant-ashram-nangli-wali-kutiya-panipat-news-c-45-1-kur1008-145076-2025-11-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panipat News: श्री अद्वैत स्वरूप अनंत आश्रम नंगली वाली कुटिया में कार्तिक मास के उपलक्ष्य में निकाली प्रभातफेरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panipat News: श्री अद्वैत स्वरूप अनंत आश्रम नंगली वाली कुटिया में कार्तिक मास के उपलक्ष्य में निकाली प्रभातफेरी
Mon, 10 Nov 2025 12:37 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
Updated Mon, 10 Nov 2025 12:37 AM IST
विज्ञापन
कुरुक्षेत्र। प्रभातफेरी में हिस्सा लेती साधु -साध्वी। विज्ञप्ति
कुरुक्षेत्र। राजेंद्र नगर स्थित श्री अद्वैत स्वरूप अनंत आश्रम नंगली वाली कुटिया में पिहोवा से पधारी संत आत्म विभोर पुरी के नेतृत्व में कार्तिक माह में प्रभातफेरी निकाली गई जिसका स्वागत आश्रम के प्रवक्ता महात्मा दिव्यानंद ने किया। महात्मा दिव्यानंद ने कार्तिक मास की महिमा बताते हुए कहा कि कार्तिक मास भगवान को अतिप्रिय है, इसी कारण इस माह में राधा कृष्ण दामोदर दास की पूजा, सेवा और हरिनाम संकीर्तन करना अधिक पुण्य फलदायी है। उन्होंने कहा कि इस माह में स्नान करने, संयम में रहकर जीवन व्यतीत करने, धरती पर सोने मात्र से ही कुरुक्षेत्र, प्रयागराज और पुष्कर तीर्थ में स्नान करने के बराबर पुण्य लाभ मनुष्य को मिलता है। कार्तिक में तुलसी पूजन और दीपदान करने से भगवान अति प्रसन्न होकर जीव पर कृपा कर देते हैं।
उन्होंने कार्तिक में गजेंद्र मोक्ष का पाठ करने की महिमा बताई। प्रवचन करते हुए आश्रम के संचालक संत प्रकाश पुरी ने कहा कि कार्तिक मास का विशेष महत्व है। इस महीने को बेहद पवित्र माना जाता है। शास्त्रों में इस माह में व्रत और तप करने का वर्णन किया गया है। शास्त्रों के अनुसार, इस महीने में जो मनुष्य संयम के साथ नियमों का पालन करता है, उसे मोक्ष की प्राप्ति होती है। साथ ही भगवान की भक्ति में लीन होकर उसके करीब पहुंचने का यह उत्तम समय है। कार्तिक मास में सात नियमों का पालन करना आवश्यक बताया गया है जिनसे मनुष्य को समस्त सुखों की प्राप्ति होती है।
विज्ञापन
उन्होंने कार्तिक में गजेंद्र मोक्ष का पाठ करने की महिमा बताई। प्रवचन करते हुए आश्रम के संचालक संत प्रकाश पुरी ने कहा कि कार्तिक मास का विशेष महत्व है। इस महीने को बेहद पवित्र माना जाता है। शास्त्रों में इस माह में व्रत और तप करने का वर्णन किया गया है। शास्त्रों के अनुसार, इस महीने में जो मनुष्य संयम के साथ नियमों का पालन करता है, उसे मोक्ष की प्राप्ति होती है। साथ ही भगवान की भक्ति में लीन होकर उसके करीब पहुंचने का यह उत्तम समय है। कार्तिक मास में सात नियमों का पालन करना आवश्यक बताया गया है जिनसे मनुष्य को समस्त सुखों की प्राप्ति होती है।
विज्ञापन