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Panipat News: मुक्केबाजी में पंच के दम पर चमके हर्षित
Tue, 16 Sep 2025 01:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
Updated Tue, 16 Sep 2025 01:14 AM IST
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हर्षित। स्वयं
संवाद न्यूज एजेंसी
पानीपत। पुलिस लाइन निवासी हर्षित मुक्केबाजी में अपनी काबिलियत से जिले का नाम चमका रहे हैं। महज 15 साल की उम्र में हर्षित दो बार जिला स्तर पर स्वर्ण पदक जीत चुके हैं और अब उनका अगला लक्ष्य राज्य स्तरीय मुक्केबाजी प्रतियोगिता में परचम लहराना है। 15 से 18 सितंबर तक सोनीपत में यह प्रतियोगिता होगी।
हर्षित ने पहली बार 2024 में स्कूली जिला स्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक हासिल किया था। इसके बाद हाल ही में आयोजित जिला स्तरीय मुक्केबाजी प्रतियोगिता में उन्होंने फिर बाजी मारी और दूसरा स्वर्ण पदक अपने नाम किया। हर्षित के पिता लीलूराम हरियाणा पुलिस में हवलदार हैं जबकि मां मुकेश कुमारी एएसआई के पद पर कार्यरत हैं। हर्षित अपने माता-पिता के साथ सिवाह पुलिस लाइन में रहते हैं। हर्षित कोच सुरेंद्र के मार्गदर्शन में नियमित प्रशिक्षण ले रहे हैं। कोच ने बताया कि हर्षित मेहनती और अनुशासित खिलाड़ी हैं।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मुक्केबाजी में पदक जीतना लक्ष्य
हर्षित ने बताया कि उनका सपना भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मुक्केबाजी में पदक जीतना है। माता-पिता और कोच का सहयोग उन्हें हमेशा आगे बढ़ने की ताकत देता है। पिता लीलूराम ने बताया कि उन्हें अपने बेटे की मेहनत और उपलब्धियों पर गर्व है।
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पानीपत। पुलिस लाइन निवासी हर्षित मुक्केबाजी में अपनी काबिलियत से जिले का नाम चमका रहे हैं। महज 15 साल की उम्र में हर्षित दो बार जिला स्तर पर स्वर्ण पदक जीत चुके हैं और अब उनका अगला लक्ष्य राज्य स्तरीय मुक्केबाजी प्रतियोगिता में परचम लहराना है। 15 से 18 सितंबर तक सोनीपत में यह प्रतियोगिता होगी।
हर्षित ने पहली बार 2024 में स्कूली जिला स्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक हासिल किया था। इसके बाद हाल ही में आयोजित जिला स्तरीय मुक्केबाजी प्रतियोगिता में उन्होंने फिर बाजी मारी और दूसरा स्वर्ण पदक अपने नाम किया। हर्षित के पिता लीलूराम हरियाणा पुलिस में हवलदार हैं जबकि मां मुकेश कुमारी एएसआई के पद पर कार्यरत हैं। हर्षित अपने माता-पिता के साथ सिवाह पुलिस लाइन में रहते हैं। हर्षित कोच सुरेंद्र के मार्गदर्शन में नियमित प्रशिक्षण ले रहे हैं। कोच ने बताया कि हर्षित मेहनती और अनुशासित खिलाड़ी हैं।
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अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मुक्केबाजी में पदक जीतना लक्ष्य
हर्षित ने बताया कि उनका सपना भारत के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मुक्केबाजी में पदक जीतना है। माता-पिता और कोच का सहयोग उन्हें हमेशा आगे बढ़ने की ताकत देता है। पिता लीलूराम ने बताया कि उन्हें अपने बेटे की मेहनत और उपलब्धियों पर गर्व है।
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