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एक्सपोर्ट हाउस में लगी आग, जिंदा जला एक श्रमिक, दूसरे की भी आशंका

Fri, 12 Feb 2016 11:58 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/पानीपत
अमर उजाला ब्यूरो/पानीपत Updated Fri, 12 Feb 2016 11:58 PM IST
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Fire in export house, worker burn alive
सेक्टर 24 स्थित एक एक्सपोर्ट हाउस में आग लगने से एक श्रमिक जिंदा जल गया, वहीं दूसरे श्रमिक की मौत की भी आशंका है। फैक्टरी के दूसरे खाते की छत पर एक जला हुआ एक हाथ मिला है। पुलिस ने शव को एक्सपोर्ट हाउस ने निकालकर सिविल अस्पताल में भिजवाया। आग लगने का प्राथमिक कारण शार्ट सर्किट माना गया है।
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हादसे में करोड़ों का सामान जलने की बात कही जा रही है। हादसे की सूचना पर एसडीएम व पुलिस अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने श्रमिकों को धधकते एक्सपोर्ट हाउस से दूर किया। दमकल विभाग की 20 गाड़ियों ने करीब तीन घंटे के बाद आग पर काबू पाया। हादसे की सूचना पर घटनास्थल का जायजा लेने के लिए शहरी विधायक रोहिता रेवड़ी भी पहुंचीं। पुलिस ने घटना में मारे गए श्रमिक का पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
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घटना थाना चांदनी बाग क्षेत्र के अंतर्गत सेक्टर-24 की है। शुक्रवार सुबह आनंद इंटरनेशनल एक्सपोर्ट हाउस में शार्ट सर्किट से आग लग गई। आग लगते ही फैक्टरी में भगदड़ मच गई। कृष्णा गार्डन निवासी रामप्रकाश (40) भगदड़ के दौरान मशीन से टकरा कर नीचे गिर गया। धुआं अधिक होने के कारण वह खाते से बाहर नहीं आ सका और रामप्रकाश आग में जिंदा जल गया।
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पुलिस ने श्रमिक रामप्रकाश के शव का पोस्टमार्टम म करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया है। रामप्रकाश मूल रूप से हरदोई यूपी का रहने वाला था और अपने भाई के साथ किराए के मकान में रहता था। रामप्रकाश की तीन लड़कियां और एक लड़का है। पत्नी मीना ने बताया कि उसका पति रामप्रकाश सुबह आठ बजे ड्यूटी पर गए था। रामप्रकाश एक्सपोर्ट हाउस में कंबलों पर सिलाई करता था।

पांच खातों से निकलने का एक ही रास्ता
सुबह साढ़े आठ बजे फर्निसिंग खाते में सेलरिंग मशीन की मोटर में शार्ट सर्किट के कारण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। फर्निसिंग खाते के अंदर ही कंबलों की कटाई, फर्निसिंग, सिलाई, पॉलिश और पैकिंग होती है। पांच खातों से बाहर निकलने का एक ही रास्ता है। श्रमिक अमरजीत ने बताया कि आग लगते ही पहले तो श्रमिकों ने सिलेंडरों से आग को बुझाने का प्रयास किया। आग अधिक होने के कारण खाते में भगदड़ मच गई।

एक हाथ खाते की छत पर मिला, कोई नहीं बोल रहा
पुलिस ने आग पर काबू पाने के बाद फैक्टरी के अंदर सर्च अभियान चलाया। मृतक श्रमिक के शव को बरामद कर बाहर निकाला गया। पुलिस ने हादसे में एक ही श्रमिक की मौत की पुष्टि कर दी। लेकिन आग पर काबू पाने के बाद खाते की छत पर एक व्यक्ति का हाथ जली अवस्था में मिला है। आशंका जताई जा रही है कि हादसे में एक नहीं दो लोगों की मौत हुई है।

सीटू के अध्यक्ष बोले : हाजिरी नहीं मिली तो मालिक पर होगा केस दर्ज
सीटू के जिला अध्यक्ष सुशील दत्त हादसे की सूचना पर मौके पर पहुंचे। सुनील दत्त ने श्रमिकों को कहा कि वह रामप्रकाश को उसका हक दिलाएंगे। रामप्रकाश की एक्सपोर्ट हाउस के रजिस्टर में हाजिरी देखी जाएगी। अगर हाजिरी रजिस्टर में हाजिरी नहीं मिलती तो वह एक्सपोर्ट हाउस के मालिक पर केस दर्ज कराएंगे। यूनियन ने पीड़ित परिवार को दस लाख रुपये की आर्थिक मदद देने की मांग की।

श्रमिक की मौत पर एक मिनट का मौन
श्रमिक की मौत के बाद एक्सपोर्ट हाउस के बाहर सैकड़ों की संख्या में श्रमिक एकत्रित हो गए। सभी श्रमिकों ने मृतक रामप्रकाश की मौत के बाद मौन धारण किया। सभी श्रमिकों ने रामप्रकाश की आत्मा की शांति की दुआ की।

बेटे को क्या जवाब दूंगी
हादसे की सूचना के बाद रामप्रकाश की पत्नी मीना की तबीयत बिगड़ गई। महिला श्रमिक मीना को ढांढस बंधा रही थी। मीना रोते हुए कह रही कि कैसे हमें छोड़कर चले गए। बेटे विवेक को क्या जवाब दूंगी। मीना ने बताया कि विवेक अपने पापा के बिना नहीं रह सकता। वह चार साल का है। अब विवेक बार-बार अपने पापा के बारे में पूछेगा। वह बेटे को क्या जवाब देगी।

पता लगते ही भाग आया
एक्सपोर्ट हाउस के मालिक सुरेश गर्ग ने बताया कि वह सुबह उठा ही था। चाय पीने के बाद नहाने की तैयारी कर रहा था। उसके पास सुबह सवा नौ बजे एक्सपोर्ट हाउस में आग लगने की सूचना आई। वह तुरंत मौके पर पहुंचा। देखा तो पूरा एक्सपोर्ट हाउस आग से धधक रहा था। सारा सामान जल चुका था। हादसे में करोड़ों का नुकसान हुआ है। एक श्रमिक की भी हादसे में मौत हो गई। वह पीड़ित परिवार की हर संभव मदद करेंगे।


पहले भी हो चुके हैं हादसे
पानीपत उद्योग नगरी है। यह कोई पहला हादसा नहीं है। इससे पहले भी कई बड़े हादसे हो चुके हैं।
-आरआर टैक्सटाइल में अक्तूबर 2007 में 10 श्रमिक जिंदा जल गए थे।
-बरसत रोड स्थित एक फैक्टरी में 2006 में दो श्रमिकों की मौत हो गई थी।
-सेक्टर-29 स्थित एक फैक्टरी में बायलर फटने से 2015 में दो श्रमिकों की मौत हो गई थी।

वर्जन
सेक्टर 24 स्थित एक्सपोर्ट हाउस में आग की सूचना मिली थी। वह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर श्रमिकों को सुरक्षित स्थानों पर भिजवाया। दमकल विभाग ने आग पर काबू पाया गया।
जोगिंद्र राठी, डीएसपी मुख्यालय, पानीपत।
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