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हैंडलूम कारोबारी को आरोपी ने पिता के साथ मिलकर बेरहमी से पीटा, 77 हजार रुपये लूटे
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पानीपत। किला थानाक्षेत्र में पिता-पुत्र ने एक हैंडलूम कारोबारी की बेरहमी से पिटाई कर दी। बेहोशी की हालत में भी कारोबारी पर हमला करते रहे। इसके बाद 77 हजार रुपये लूट लिया। भुक्तभोगी के भाई और दोस्तो ने मिलकर उसे आरोपियों के चंगुल से छुड़ाकर अस्पताल पहुंचाया। इसके बाद उन्होंने किला थाने की पुलिस से शिकायत की। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर करवाई शुरू कर दी है।
सेक्टर-12 निवासी सतविंद्र सिंह ग्रोवर ने बताया कि सेठी चौक पर उनकी हैंडलूम की दुकान है। वह 26 नवंबर को शाम करीब साढ़े छह बजे दुकान पर बैठे थे। साथ में दुकान पर बड़ा भाई रविंद्र सिंह ग्रोवर, विक्रम मित्तल, गुरविंद्र सिंह और तिलक नारंग बैठे हुए थे। इसी बीच अंकुश गुलाटी उनकी दुकान पर आया और भाई रविंद्र सिंह ग्रोवर को बाहर बुलाकर ले गया। वहां से जबर्दस्ती अपनी दुकान पर ले गया। उन्हें अंकुश पर शक हुआ तो वह और विक्रम मित्तल उन्हें देखने के लिए गए। उन्होंने देखा कि अंकुश और उसके पिता पप्पू दोनों भाई रविंद्र पर ताबड़तोड़ हमला कर रहे थे, जबकि रविंद्र जमीन पर खून से लथपथ हालत में बेहोश पड़ा था। आरोपियों ने उसकी पगड़ी भी फाड़ दी। उन्होंने पहुंचकर भाई को आरोपियों के कब्जे से छुड़ाया और सामान्य अस्पताल पहुंचाया।
सतविंद्र सिंह ग्रोवर ने आरोप लगाया कि जब वह घायल भाई को अस्पताल लेकर जा रहे थे तो आरोपियों ने धमकी दी कि भविष्य में मिलने पर वह रविंद्र को जान से मार देंगे। उन्होंने रविंद्र की जेब की तलाशी ली तो 77 हजार रुपये नहीं मिले। रविंद्र के अनुसार आरोपियों ने मारपीट के बाद जेब से रुपये निकाल लिए।
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सेक्टर-12 निवासी सतविंद्र सिंह ग्रोवर ने बताया कि सेठी चौक पर उनकी हैंडलूम की दुकान है। वह 26 नवंबर को शाम करीब साढ़े छह बजे दुकान पर बैठे थे। साथ में दुकान पर बड़ा भाई रविंद्र सिंह ग्रोवर, विक्रम मित्तल, गुरविंद्र सिंह और तिलक नारंग बैठे हुए थे। इसी बीच अंकुश गुलाटी उनकी दुकान पर आया और भाई रविंद्र सिंह ग्रोवर को बाहर बुलाकर ले गया। वहां से जबर्दस्ती अपनी दुकान पर ले गया। उन्हें अंकुश पर शक हुआ तो वह और विक्रम मित्तल उन्हें देखने के लिए गए। उन्होंने देखा कि अंकुश और उसके पिता पप्पू दोनों भाई रविंद्र पर ताबड़तोड़ हमला कर रहे थे, जबकि रविंद्र जमीन पर खून से लथपथ हालत में बेहोश पड़ा था। आरोपियों ने उसकी पगड़ी भी फाड़ दी। उन्होंने पहुंचकर भाई को आरोपियों के कब्जे से छुड़ाया और सामान्य अस्पताल पहुंचाया।
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सतविंद्र सिंह ग्रोवर ने आरोप लगाया कि जब वह घायल भाई को अस्पताल लेकर जा रहे थे तो आरोपियों ने धमकी दी कि भविष्य में मिलने पर वह रविंद्र को जान से मार देंगे। उन्होंने रविंद्र की जेब की तलाशी ली तो 77 हजार रुपये नहीं मिले। रविंद्र के अनुसार आरोपियों ने मारपीट के बाद जेब से रुपये निकाल लिए।
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