{"_id":"69713f8e3932020102052224","slug":"drivers-from-ncr-can-drive-15-year-old-private-vehicles-in-haryana-panipat-news-c-36-1-sknl1003-156856-2026-01-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Panipat News: एनसीआर की 15 साल पुरानी निजी गाड़ियां हरियाणा में चला सकेंगे चालक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Panipat News: एनसीआर की 15 साल पुरानी निजी गाड़ियां हरियाणा में चला सकेंगे चालक
विज्ञापन
अंबाला। हरियाणा सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र एनसीआर में रहने वाले वाहन मालिकों को एक बड़ी राहत दी है। अब 15 साल की समय सीमा पूरी कर चुके निजी वाहनों के मालिक अपने वाहनों का दोबारा पंजीकरण करा सकेंगे, ताकि उन्हें राज्य के गैर-एनसीआर जिलों में स्थानांतरित या बेचा जा सके। परिवहन आयुक्त ने इस संबंध में सभी आरटीओ और पंजीकरण अधिकारियों को नए दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।
एनओसी के लिए फिटनेस सर्टिफिकेट अनिवार्य
नए नियमों के अनुसार एनसीआर क्षेत्र के पंजीकरण अधिकारी अब 15 वर्ष पुराने निजी वाहनों को फिटनेस प्रमाणपत्र जारी करेंगे। यह प्रमाणपत्र केवल इसलिए दिया जाएगा ताकि वाहन मालिक राज्य के गैर-एनसीआर जिलों के लिए अनापत्ति प्रमाणपत्र प्राप्त कर सकें। फिटनेस सर्टिफिकेट एनओसी जारी होने की तारीख से अधिकतम एक महीने के लिए वैध होगा। एनओसी प्राप्त करने से पहले वाहन मालिक को फिटनेस सर्टिफिकेट के साथ-साथ सभी बकाया टैक्स का भुगतान करना होगा। परिवहन विभाग ने एनआईसी और सिस्टम एनालिस्ट को निर्देश दिए हैं कि वह तुरंत सॉफ्टवेयर में आवश्यक बदलाव करें ताकि ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू हो सके।
एनओसी मिलने में आती थी दिक्कत
अभी तक 15 साल पुराने गैर-परिवहन वाहनों के मालिकों को एनओसी प्राप्त करने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। डीलरों और तीसरे पक्ष के विक्रेताओं के माध्यम से वाहन बेचने में कानूनी और तकनीकी अड़चनें आ रही थीं। सरकार ने पाया कि कई वाहन मालिक अपने वाहनों को एनसीआर से बाहर ले जाना चाहते हैं, लेकिन नियमों की स्पष्टता न होने के कारण वह ऐसा नहीं कर पा रहे थे।
विज्ञापन
सरकारी वाहनों पर लागू नहीं होंगे नियम
परिवहन आयुक्त कार्यालय द्वारा जारी पत्र के अनुसार यह नए निर्देश केवल निजी और अन्य गैर-परिवहन वाहनों के लिए हैं। सरकारी वाहनों को इस छूट के दायरे से बाहर रखा गया है।
जिन गाड़ियों को 15 साल पूरे हो चुके हैं, वाहन मालिक अपने निजी वाहनों का पहले फिटनेस रिन्युअल करवाएंगे, इसके बाद वह बाहर के लिए एनओसी ले सकेंगे। इस एनओसी की वैधता 30 दिन होगी।
-सुशील कुमार, सचिव, आरटीए अंबाला।
विज्ञापन
एनओसी के लिए फिटनेस सर्टिफिकेट अनिवार्य
नए नियमों के अनुसार एनसीआर क्षेत्र के पंजीकरण अधिकारी अब 15 वर्ष पुराने निजी वाहनों को फिटनेस प्रमाणपत्र जारी करेंगे। यह प्रमाणपत्र केवल इसलिए दिया जाएगा ताकि वाहन मालिक राज्य के गैर-एनसीआर जिलों के लिए अनापत्ति प्रमाणपत्र प्राप्त कर सकें। फिटनेस सर्टिफिकेट एनओसी जारी होने की तारीख से अधिकतम एक महीने के लिए वैध होगा। एनओसी प्राप्त करने से पहले वाहन मालिक को फिटनेस सर्टिफिकेट के साथ-साथ सभी बकाया टैक्स का भुगतान करना होगा। परिवहन विभाग ने एनआईसी और सिस्टम एनालिस्ट को निर्देश दिए हैं कि वह तुरंत सॉफ्टवेयर में आवश्यक बदलाव करें ताकि ऑनलाइन प्रक्रिया शुरू हो सके।
विज्ञापन
एनओसी मिलने में आती थी दिक्कत
अभी तक 15 साल पुराने गैर-परिवहन वाहनों के मालिकों को एनओसी प्राप्त करने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। डीलरों और तीसरे पक्ष के विक्रेताओं के माध्यम से वाहन बेचने में कानूनी और तकनीकी अड़चनें आ रही थीं। सरकार ने पाया कि कई वाहन मालिक अपने वाहनों को एनसीआर से बाहर ले जाना चाहते हैं, लेकिन नियमों की स्पष्टता न होने के कारण वह ऐसा नहीं कर पा रहे थे।
विज्ञापन
सरकारी वाहनों पर लागू नहीं होंगे नियम
परिवहन आयुक्त कार्यालय द्वारा जारी पत्र के अनुसार यह नए निर्देश केवल निजी और अन्य गैर-परिवहन वाहनों के लिए हैं। सरकारी वाहनों को इस छूट के दायरे से बाहर रखा गया है।
जिन गाड़ियों को 15 साल पूरे हो चुके हैं, वाहन मालिक अपने निजी वाहनों का पहले फिटनेस रिन्युअल करवाएंगे, इसके बाद वह बाहर के लिए एनओसी ले सकेंगे। इस एनओसी की वैधता 30 दिन होगी।
-सुशील कुमार, सचिव, आरटीए अंबाला।