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धमाके से पहले दो-तीन किशार खड़े थे ट्रेन के दरवाजे पर, धमाके होते ही हुए फरार
ब्यूरो/ अमर उजाला
Updated Fri, 13 May 2016 11:56 PM IST
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पैसेंजर ट्रेन में बम धमाके से पहले रेलवे यार्ड में ट्रेन को प्लेस करते समय सबसे पहले वाले रैक में दो-तीन किशारों को देखा गया था। लेकिन बम धमाके के बाद सफाई कर्मी ने भागकर एक किशोर को पकड़ लिया, बाकि मौके से फरार होने में कामयाब हो गए। लेकिन जीआरपी ने उसे पूछताछ के बाद में छोड़ दिया गया।
विदित हो कि वीरवार शाम सवा आठ बजे रेलवे यार्ड में खड़ी पैसेंजर ट्रेन के सबसे पहले वाले रैक में धमाके के साथ आग लग गई। रेलवे यार्ड में कैरिज एंड वैगर के कर्मचारियों ने रैक बम धमाके से पहले दो-तीन किशोर को देखा था। इसी दौरान ही धमाका हो गया, जहां एक किशोर रेलवे यार्ड में भागता हुआ दिखाई पड़ा।
जहां एक सफाई कर्मी ने किशोर का पीछा किया और उसे दबोच लिया गया। किशोर ने जीआरपी को पूछताछ में बताया कि उसका नाम सूरज निवासी गोहाना रोड बताया। सूरज के पिता ढोल-बजाने का काम करते है। इसके बाद जीआरपी ने कुछ देर बाद किशोर को छोड़ दिया गया।
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पैसेंजर ट्रेन में बम धमाके के दौरान एक किशोर को पकड़ा गया था, लेकिन उसे पूछताछ के बाद छोड़ दिया गया है। मामले को लेकर जीआरपी गंभीर है।
रमेशचंद्र, प्रभारी जीआरपी।
विदित हो कि वीरवार शाम सवा आठ बजे रेलवे यार्ड में खड़ी पैसेंजर ट्रेन के सबसे पहले वाले रैक में धमाके के साथ आग लग गई। रेलवे यार्ड में कैरिज एंड वैगर के कर्मचारियों ने रैक बम धमाके से पहले दो-तीन किशोर को देखा था। इसी दौरान ही धमाका हो गया, जहां एक किशोर रेलवे यार्ड में भागता हुआ दिखाई पड़ा।
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जहां एक सफाई कर्मी ने किशोर का पीछा किया और उसे दबोच लिया गया। किशोर ने जीआरपी को पूछताछ में बताया कि उसका नाम सूरज निवासी गोहाना रोड बताया। सूरज के पिता ढोल-बजाने का काम करते है। इसके बाद जीआरपी ने कुछ देर बाद किशोर को छोड़ दिया गया।
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पैसेंजर ट्रेन में बम धमाके के दौरान एक किशोर को पकड़ा गया था, लेकिन उसे पूछताछ के बाद छोड़ दिया गया है। मामले को लेकर जीआरपी गंभीर है।
रमेशचंद्र, प्रभारी जीआरपी।