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Panipat News: कलर केमिकल और पॉलिएस्टर यार्न 25 से 30 प्रतिशत महंगा हुआ, डाइंग उद्यमियों ने 20 प्रतिशत तक बढ़ाए रेट

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Wed, 11 Mar 2026 02:23 AM IST
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Color chemicals and polyester yarn became 25 to 30 percent more expensive, dyeing entrepreneurs increased rates by up to 20 percent.
पानीपत। ईरान व इस्राइल युद्ध के चलते कलर केमिकल के साथ पॉलिएस्टर यार्न भी महंगा हो गया है। पॉलिएस्टर यार्न के रेट करीब 25 प्रतिशत बढ़े हैं। पहले 105 रुपये प्रति किलोग्राम मिलता था। इसके रेट अब 125 रुपये कर दिए हैं। वहीं यार्न उद्यमियों ने भी रेट बढ़ाना शुरू कर दिए हैं। यार्न उद्यमियों ने डाइंग के रेट 15 से 20 प्रतिशत बढ़ाने का फैसला लिया है, इसके साथ दूसरी इंडस्ट्री भी रेट बढ़ाने को तैयार है।
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पानीपत टेक्सटाइल इंडस्ट्री है। इसकी रीढ़ डाइंग उद्योग है। ईरान औरा इस्राइल युद्ध के चलते इंडस्ट्री लगातार प्रभावित हो रही है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में केमिकल और पॉलिएस्टर यार्न के रेट बढ़ गए हैं। इनके रेट करीब 25 प्रतिशत बढ़ाए हैं। वहीं कलर केमिकल के रेट करीब 30 प्रतिशत तक बढ़ा दिए हैं। उद्यमियों को कलर केमिकल और पॉलिएस्टर यार्न महंगा होने पर चिंता की लकीर दिखने लगी है। डाइंग उद्यमियों ने पीछे से कलर केमिकल और पॉलिएस्टर यार्न महंगा होने पर डाइंग के रेट बढ़ा दिए हैं। पानीपत डायर्स एसोसिएशन के प्रधान नीतिन अरोड़ा ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में लगातार महंगाई छा रही है। इससे स्थानीय स्तर पर कोई भी रॉ मैटीरियल ला पाना मुश्किल हो गया है, ऐसे में स्थानीय स्तर पर रेट बढ़ाना मजबूरी बन गया है। उद्यमियों ने रेट बढ़ाने का फैसला सामूहिक रूप से लिया है।
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लगातार घट रहा निर्यात
हरियाणा चैंबर ऑफ कॉमर्स पानीपत चैप्टर के प्रधान विनोद धमीजा ने बताया कि पानीपत से करीब 20 हजार करोड़ का निर्यात होता है। अकेले अमेरिका में 10 हजार करोड़ का निर्यात था। अमेरिका में टैरिफ के चलते निर्यात आधा रह गया है। ईरान और इस्राइल समेत इनसे जुड़े देशों में 400 से 500 करोड़ रुपये का निर्यात होता है। यहां कंबल और मिंक कंबल अधिक निर्यात होता है। अब युद्ध के चलते करीब 100 करोड़ रुपये का माल बंदरगाह पर अटका हुआ है। उद्यमियों को नए ऑर्डर भी नहीं मिल पा रहे हैं।
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