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Panipat News: विदेश भेजने के नाम पर ठगी के आरोपी की अग्रिम जमानत नामंजूर
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संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला सिटी। विदेश भेजने के नाम पर धोखाधड़ी के आरोपी रणधीर सिंह की अग्रिम जमानत याचिका कोर्ट ने खारिज कर दी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश समप्रीत कौर की अदालत ने यह फैसला सुनाया। फैसले के अनुसार, अदालत ने मामले की गंभीरता और आरोपी की मुख्य भूमिका को देखते हुए उसे राहत देने से इन्कार कर दिया। शिकायतकर्ता जितेंद्र कुमार, जो पेशे से ड्राइवर है। उसने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि साल 2022 में उसकी मुलाकात आरोपी रणधीर सिंह से हुई थी।
रणधीर ने उसे झांसा दिया कि उसका दोस्त लखविंदर सिंह लोगों को विदेश भेजने का काम करता है। लखविंदर के घर पर हुई बैठक में जितेंद्र को विदेश भेजने के लिए 2.30 लाख रुपये का खर्च बताया गया। पीड़ित ने लखविंदर को एक लाख रुपये नकद और ऑनलाइन माध्यम से दिए। सितंबर 2024 में जितेंद्र को ई-वीजा और टिकट दिया गया। जब वह दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचा, तो अधिकारियों ने बताया कि उसका वीजा और टिकट फर्जी हैं। शिकायत के बाद लखविंदर ने 38,000 रुपये तो वापस कर दिए, लेकिन बाकी के 62,000 रुपये डकार गया
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अंबाला सिटी। विदेश भेजने के नाम पर धोखाधड़ी के आरोपी रणधीर सिंह की अग्रिम जमानत याचिका कोर्ट ने खारिज कर दी। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश समप्रीत कौर की अदालत ने यह फैसला सुनाया। फैसले के अनुसार, अदालत ने मामले की गंभीरता और आरोपी की मुख्य भूमिका को देखते हुए उसे राहत देने से इन्कार कर दिया। शिकायतकर्ता जितेंद्र कुमार, जो पेशे से ड्राइवर है। उसने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि साल 2022 में उसकी मुलाकात आरोपी रणधीर सिंह से हुई थी।
रणधीर ने उसे झांसा दिया कि उसका दोस्त लखविंदर सिंह लोगों को विदेश भेजने का काम करता है। लखविंदर के घर पर हुई बैठक में जितेंद्र को विदेश भेजने के लिए 2.30 लाख रुपये का खर्च बताया गया। पीड़ित ने लखविंदर को एक लाख रुपये नकद और ऑनलाइन माध्यम से दिए। सितंबर 2024 में जितेंद्र को ई-वीजा और टिकट दिया गया। जब वह दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचा, तो अधिकारियों ने बताया कि उसका वीजा और टिकट फर्जी हैं। शिकायत के बाद लखविंदर ने 38,000 रुपये तो वापस कर दिए, लेकिन बाकी के 62,000 रुपये डकार गया
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