{"_id":"5b9180c0867a557fe86c2851","slug":"71536262336-panipat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिस महिला के हाथ में ट्रेनी छात्रा ने नीडल तोड़ी थी उस महिला की हालत बनी गंभीर, परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर ट्रेनी छात्रा व","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिस महिला के हाथ में ट्रेनी छात्रा ने नीडल तोड़ी थी उस महिला की हालत बनी गंभीर, परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर ट्रेनी छात्रा व
Updated Fri, 07 Sep 2018 01:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिस महिला के हाथ में नीडल टूटी, उसकी हालत गंभीर
अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। डिलीवरी के बाद 25 अगस्त को जिस महिला के हाथ में ट्रेनी छात्रा ने नीडल तोड़ी थी, उसकी हालत गंभीर हो गई है। महिला का पीजीआई रोहतक में ऑपरेशन हुआ था, अब ऑपरेशन में रेशे बन गए हैं। वह पीलिया से ग्रस्त है। वीरवार को महिला के परिजनों ने अस्पताल में हंगामा किया और उस ट्रेनी छात्रा व डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग की है। इसकी शिकायत पीड़ित पक्ष ने बस स्टेंड पुलिस चौकी में दी है। पुलिस ने पीड़ितों की शिकायत पर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पूनम शर्मा पत्नी रिंकू शर्मा निवासी गांव अरढ़ाना, करनाल को सिविल अस्पताल के स्टाफ की लापरवाही का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। रिंकू शर्मा ने बताया कि 25 अगस्त को वह अपनी बहन के कहने पर पत्नी को डिलीवरी के लिए पानीपत सिविल अस्पताल में लेकर आया था। डिलीवरी के बाद डॉक्टरों ने पत्नी पूनम को लेबर वार्ड में शिफ्ट कर दिया था। इसी दौरान एक ट्रेनी नर्स ने पूनम के हाथ पर लगे नीडल को पकड़कर खींच लिया था। नीडल पूनम के हाथ में ही टूट गई थी। इसके बाद वह ट्रेनी नर्स फरार हो गई थी। सिविल अस्पताल में ऑपरेशन के बाद भी नीडल नहीं निकल पाई तो डॉक्टरों ने पूनम को रोहतक पीजीआई रेफर कर दिया था। पानीपत से जाते वक्त उनको एंबुलेंस तक भी नहीं मिली थी। रोहतक पीजीआई में ऑपरेशन के सुई निकाली गई थी। अब ऑपरेशन में रेशे बन गए हैं। पूनम बच्चे को अपना दूध नहीं पिला सकती वह पीलिया से ग्रस्त है। इसी से खफा होकर परिजनों ने वीरवार को सिविल अस्पताल में हंगामा किया और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की बात की।
----
इस पूरे मामले की जांच की जा रही है। उस दिन जिस डॉक्टर और स्टाफ नर्सों की ड्यूटी थी, उनसे पूछताछ की जा रही है। मामले में जो भी दोषी होगा, उस पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
-डॉ. आलोक जैन, एमएस सिविल अस्पताल
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। डिलीवरी के बाद 25 अगस्त को जिस महिला के हाथ में ट्रेनी छात्रा ने नीडल तोड़ी थी, उसकी हालत गंभीर हो गई है। महिला का पीजीआई रोहतक में ऑपरेशन हुआ था, अब ऑपरेशन में रेशे बन गए हैं। वह पीलिया से ग्रस्त है। वीरवार को महिला के परिजनों ने अस्पताल में हंगामा किया और उस ट्रेनी छात्रा व डॉक्टर पर कार्रवाई की मांग की है। इसकी शिकायत पीड़ित पक्ष ने बस स्टेंड पुलिस चौकी में दी है। पुलिस ने पीड़ितों की शिकायत पर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पूनम शर्मा पत्नी रिंकू शर्मा निवासी गांव अरढ़ाना, करनाल को सिविल अस्पताल के स्टाफ की लापरवाही का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। रिंकू शर्मा ने बताया कि 25 अगस्त को वह अपनी बहन के कहने पर पत्नी को डिलीवरी के लिए पानीपत सिविल अस्पताल में लेकर आया था। डिलीवरी के बाद डॉक्टरों ने पत्नी पूनम को लेबर वार्ड में शिफ्ट कर दिया था। इसी दौरान एक ट्रेनी नर्स ने पूनम के हाथ पर लगे नीडल को पकड़कर खींच लिया था। नीडल पूनम के हाथ में ही टूट गई थी। इसके बाद वह ट्रेनी नर्स फरार हो गई थी। सिविल अस्पताल में ऑपरेशन के बाद भी नीडल नहीं निकल पाई तो डॉक्टरों ने पूनम को रोहतक पीजीआई रेफर कर दिया था। पानीपत से जाते वक्त उनको एंबुलेंस तक भी नहीं मिली थी। रोहतक पीजीआई में ऑपरेशन के सुई निकाली गई थी। अब ऑपरेशन में रेशे बन गए हैं। पूनम बच्चे को अपना दूध नहीं पिला सकती वह पीलिया से ग्रस्त है। इसी से खफा होकर परिजनों ने वीरवार को सिविल अस्पताल में हंगामा किया और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की बात की।
विज्ञापन
----
इस पूरे मामले की जांच की जा रही है। उस दिन जिस डॉक्टर और स्टाफ नर्सों की ड्यूटी थी, उनसे पूछताछ की जा रही है। मामले में जो भी दोषी होगा, उस पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
-डॉ. आलोक जैन, एमएस सिविल अस्पताल