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हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष ने जिला स्तरीय स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार वितरण समारोह में की शिरकत
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पंचकूला। हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता ने बुधवार को समग्र शिक्षा हरियाणा के तत्वावधान में जिला परियोजना संयोजक कार्यालय पंचकूला की ओर से दून पब्लिक स्कूल सेक्टर-21 पंचकूला में जिला स्तरीय स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार वितरण समारोह में आयोजित किया गया। इसमें स्वच्छता मापदंडो पर खरा उतरने वाले जिला के ग्रामीण और शहरी क्षेत्र के 36 सरकारी व निजी स्कूलों को अलग-अलग श्रेणियों में पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उन्होंने 12वीं कक्षा में जिला में पहला स्थान अर्जित करने वाली राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल बतौड़ की छात्रा तानिया को लैपटॉप के लिए 51 हजार रुपये की राशि का चेक भेंट किया। तानिया के लिए यह चेक स्कूल के प्रिंसिपल जितेंद्र शर्मा ने स्वीकार किया। जिले में 6 विद्यालयों को ओवर ऑल रूरल श्रेणी में और 2 विद्यालयों को ओवर आल अर्बन श्रेणी में पुरस्कार से सम्मानित किया गया। जिन स्कूलों को ओवर आल रूरल श्रेणी में पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया, जिसमें राजकीय प्राइमरी स्कूल गोलपुरा, राजकीय माध्यमिक विद्यालय ककराली, राजकीय प्राइमरी स्कूल शिल्यॉन, राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल बतौड़, राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल टिकर हिल्स और राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल मांधना शामिल हैं।
ओवर ऑल अर्बन श्रेणी में राजकीय प्राइमरी स्कूल सेक्टर-26 और दून पब्लिक स्कूल शामिल है। इसके अलावा सब केटेगरी रूरल एलिमेंटरी में 10 स्कूलों को, सब केटेगरी रूरल सेकेंडरी में 6 स्कूलों को, सब केटेगरी अर्बन एलिमेंटरी में 6 स्कूलों को तथा सब केटेगरी अर्बन सेकेंडरी में 6 स्कूलों को पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। गुप्ता ने प्रत्येक विजेता स्कूल को एक-एक ट्रॉफी व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने स्वच्छता पुरस्कार हासिल करने वाले स्कूलों के प्रिंसीपलों, अध्यापकों व बच्चों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इन सभी स्कूलों ने पीने के पानी, लड़के व लड़कियों के लिए अलग-अलग शौचालयों की व्यवस्था, हैंड वॉशिंग, कोविड-19, व्यवहार परिवर्तन और कचरे का सुरक्षित निपटान जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर बेहतर कार्य किया है।
उन्होंने कहा कि इन पुरस्कारों का मुख्य उद्देश्य स्कूलों में विद्यार्थियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध करवाना है ताकि वे सकारात्मक ऊर्जा के साथ शिक्षा ग्रहण कर सके। स्वच्छता हमारे जीवन का अभिन्न अंग है। यदि हम अपने आस पास के वातावरण को स्वच्छ रखेंगे तो हम मन व तन से स्वच्छ रहेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देशानुसार शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार द्वारा स्वच्छता पुरस्कारों की शुरूआत वर्ष 2016-17 में की गई थी, जिसके परिणाम आज धरातल पर नजर आ रहे हैं। स्वच्छता के प्रति लोगों को जागरूक करने और स्वच्छता के संदेश को घर-घर तक पंहुचाने के लिए सरकार के साथ-साथ गैर सरकारी संगठनों द्वारा भी गांवों और शहरों में स्कूल, कॉलेजों व अन्य शिक्षण संस्थानों में पेंटिंग, प्रश्नोतरी और नुक्कड़ नाटक आदि प्रतियोगिताओं का आयोजन करवाया जा रहा है।
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इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त मनिता मलिक, डीईओ उर्मिल देवी, डिप्टी डीईओ अंजू ग्रोवर, जिला परियोजना संयोजक संध्या मलिक, डीईईओ सतपाल कौशिक, डिस्ट्रिक्ट कंपोनेंट इंचार्ज अनु शर्मा, दून पब्लिक स्कूल की प्रिंसिपल सुनीता आनंद, बीजेपी के जिला उपाध्यक्ष उमेश सूद, पार्षद हरेंद्र मलिक सहित सभी पुरस्कार विजेता स्कूलों के प्रिंसिपल, एसएमसी अध्यक्ष और अध्यापक उपस्थित थे।
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ओवर ऑल अर्बन श्रेणी में राजकीय प्राइमरी स्कूल सेक्टर-26 और दून पब्लिक स्कूल शामिल है। इसके अलावा सब केटेगरी रूरल एलिमेंटरी में 10 स्कूलों को, सब केटेगरी रूरल सेकेंडरी में 6 स्कूलों को, सब केटेगरी अर्बन एलिमेंटरी में 6 स्कूलों को तथा सब केटेगरी अर्बन सेकेंडरी में 6 स्कूलों को पुरस्कारों से सम्मानित किया गया। गुप्ता ने प्रत्येक विजेता स्कूल को एक-एक ट्रॉफी व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने स्वच्छता पुरस्कार हासिल करने वाले स्कूलों के प्रिंसीपलों, अध्यापकों व बच्चों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इन सभी स्कूलों ने पीने के पानी, लड़के व लड़कियों के लिए अलग-अलग शौचालयों की व्यवस्था, हैंड वॉशिंग, कोविड-19, व्यवहार परिवर्तन और कचरे का सुरक्षित निपटान जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर बेहतर कार्य किया है।
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उन्होंने कहा कि इन पुरस्कारों का मुख्य उद्देश्य स्कूलों में विद्यार्थियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध करवाना है ताकि वे सकारात्मक ऊर्जा के साथ शिक्षा ग्रहण कर सके। स्वच्छता हमारे जीवन का अभिन्न अंग है। यदि हम अपने आस पास के वातावरण को स्वच्छ रखेंगे तो हम मन व तन से स्वच्छ रहेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देशानुसार शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार द्वारा स्वच्छता पुरस्कारों की शुरूआत वर्ष 2016-17 में की गई थी, जिसके परिणाम आज धरातल पर नजर आ रहे हैं। स्वच्छता के प्रति लोगों को जागरूक करने और स्वच्छता के संदेश को घर-घर तक पंहुचाने के लिए सरकार के साथ-साथ गैर सरकारी संगठनों द्वारा भी गांवों और शहरों में स्कूल, कॉलेजों व अन्य शिक्षण संस्थानों में पेंटिंग, प्रश्नोतरी और नुक्कड़ नाटक आदि प्रतियोगिताओं का आयोजन करवाया जा रहा है।
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इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त मनिता मलिक, डीईओ उर्मिल देवी, डिप्टी डीईओ अंजू ग्रोवर, जिला परियोजना संयोजक संध्या मलिक, डीईईओ सतपाल कौशिक, डिस्ट्रिक्ट कंपोनेंट इंचार्ज अनु शर्मा, दून पब्लिक स्कूल की प्रिंसिपल सुनीता आनंद, बीजेपी के जिला उपाध्यक्ष उमेश सूद, पार्षद हरेंद्र मलिक सहित सभी पुरस्कार विजेता स्कूलों के प्रिंसिपल, एसएमसी अध्यक्ष और अध्यापक उपस्थित थे।