फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Panchkula News ›   Rule-134A: Education department and private schools entangled in fees, children roamed and reached government schools

नियम-134ए : फीस में उलझे शिक्षा विभाग और निजी स्कूल, बच्चे घूमकर सरकारी स्कूल पहुंचे

Sat, 26 Mar 2022 01:45 AM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Sat, 26 Mar 2022 01:45 AM IST
विज्ञापन
Rule-134A: Education department and private schools entangled in fees, children roamed and reached government schools
पंचकूला। नियम-134 ए के तहत दाखिला प्रक्रिया में गरीब बच्चों को निशुल्क शिक्षा मुहैया कराने के मामले में अधिकारियों ने हाथ खड़े कर दिए हैं। शिक्षा विभाग की तरफ से कक्षा-2 से 12वीं तक अलॉट प्राइवेट स्कूलों में 268 बच्चों को दाखिला नहीं दिया गया। अधिकारियों द्वारा चार माह पहले स्कूल संचालकों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। इसके बाद भी इन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। फीस मामले में सहमति नहीं बनने के कारण सत्र 2021-22 में अलॉट स्कूलों में दाखिला नहीं मिलने के कारण अभिभावकों ने बच्चों का दाखिला प्राइवेट और सरकारी स्कूलों में करवाया है।
विज्ञापन

इस कारण उनके नंबर बहुत कम आए। इससे अभिभावकों में नाराजगी बनी हुई है। परमिंदर सिंह ने बताया कि उनकी बेटी को डीएवी स्कूल सूरजपुर अलॉट किया गया। इसके बाद भी स्कूल प्रबंधन ने एडमिशन नहीं दिया। बाद में उन्होंने बड़ी मुश्किल से एक प्राइवेट स्कूल में एडमिशन कराया। इस दौरान पढ़ाई देरी से शुरू होने पर उनकी बेटी के नंबर बहुत कम आए हैं। वहीं सुधीर कुमार ने बताया कि उनके बेटे का एडमिशन विवेकानंद मिलेनियम स्कूल एचएमटी में हुआ था। इसके बाद उसे एडमिशन नहीं दिया गया। इसके बाद उन्होंने सरकारी स्कूल में एडमिशन कर बच्चे को पढ़ाया।
विज्ञापन

इन स्कूलों को दिया गया नोटिस
पंचकूला जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी निरूपमा कुश ने बताया कि सेक्टर-21 स्थित दून पब्लिक स्कूल, डीएवी स्कूल सूरजपुर, हंसराज पब्लिक स्कूल सेक्टर-6, हॉलमार्क पब्लिक स्कूल सेक्टर-15, चमन लाल डीएवी स्कूल सेेक्टर-11 पंचकूला, श्री राम यूनिवर्सल स्कूल डीएलएफ, पिंजौर कालका अर्बन कांप्लेक्स, डीएवी पब्लिक स्कूल सेक्टर-8, न्यू इंडिया सीनियर सेकेंडरी स्कूल सेक्टर-15, सॉपिंस स्कूल सेक्टर-9, शेमफोर्ड स्कूल पिंजौर, स्वामी विवेकानंद मिलेनियम स्कूल एचएमटी, द गुरुकुल स्कूल सेक्टर-20, द स्काई स्कूल सेेक्टर-21 पंचकूला, द गुरुकुल मित्र विहार किशनगढ़ पंचकूला के स्कूलों को एडमिशन नहीं देने पर नोटिस दिया गया है। इसके बाद अभी तक इन स्कूलों ने कोई जवाब भी नहीं दिया और न ही शिक्षा विभाग की तरफ से कोई मीटिंग की गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

अभिभावक हो रहे परेशान
नियम 134-ए के तहत निजी स्कूलों में बेहतर शिक्षा प्राप्त करने के लिए जिले में 642 विद्यार्थियों की तरफ से आवेदन किया गया था। इसमें 454 छात्रों को प्राइवेट स्कूलों में सीट अलॉट कर दी गई। इसमें दाखिला 146 छात्रों को ही दिया गया। इसमें 40 छात्रों के दाखिले रद्द कर दिए गए। वहीं अभी तक 268 छात्रों को दाखिला नहीं दिया गया।
स्कूल की लापरवाही पर नहीं लिया जा रहा कोई एक्शन
पंचकूला पैरेंट्स एसोसिएशन के चेयरमैन भारत भूषण बंसल ने बताया कि शिक्षा विभाग की तरफ से कोई मीटिंग नहीं की गई है। इस कारण प्राइवेट स्कूल मनमानी कर रहे हैं। 134-ए के तहत अभी तक उन्होंने कोई एडमिशन नहीं दिया है। तीन साल से इस पर कोई बैठक शिक्षा विभाग किसी से नहीं कर रहा है। इस कारण प्राइवेट स्कूल मनमानी कर रहे हैं।
फीस को लेकर नहीं बनी सहमति
पंचकूला प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के सचिव पीयूष पुंज ने बताया कि प्राइवेट स्कूल की ट्यूशन फीस शिक्षा विभाग की तरफ से तय नहीं की जा रही है। तीन साल से फीस रिफंड नहीं की गई है। इस कारण एडमिशन नहीं दिया गया है। अगर शिक्षा विभाग हमारी ट्यूशन फीस रिफंड करेगा तो बच्चों को एडमिशन देंगे।

शिक्षा विभाग की तरफ से प्राइवेट स्कूलों को नोटिस दिया गया था। स्कूल फीस का मामला कोर्ट में चल रहा है। इस कारण कार्रवाई नहीं हुई। जिन बच्चों को एडमिशन नहीं मिला उन्हें सरकारी स्कूल में दाखिला दिलाकर शिक्षा दी गई है। -अंशज सिंह, निदेशक, मौलिक शिक्षा, हरियाणा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed