{"_id":"5e163bd58ebc3e87917060a7","slug":"people-should-think-what-they-can-do-for-the-city-then-we-will-be-number-1-badnaur-panchkula-news-pkl3625207191","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"चंडीगढ़ को मिला साल 2020 का पहला तोहफा 'रोज गार्डन अंडरपास', प्रशासक ने किया उद्घाटन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चंडीगढ़ को मिला साल 2020 का पहला तोहफा 'रोज गार्डन अंडरपास', प्रशासक ने किया उद्घाटन
Thu, 09 Jan 2020 12:29 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Thu, 09 Jan 2020 12:29 PM IST
विज्ञापन
अंडरपास का उद्घाटन
- फोटो : अमर उजाला
चंडीगढ़ सेक्टर-17 से सेक्टर-16 स्थित रोज गार्डन को मिलाने वाले अंडरपास का बुधवार को प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने उद्घाटन कर दिया। इस दौरान उन्होंने कहा कि आज बहुत दिनों बाद मौका मिला है, वह कमियाें के बारे में भी बात करेंगे। बदनौर ने स्वच्छता सर्वेक्षण में इंदौर के आगे आने और चंडीगढ़ के पिछड़ने का कारण भी बताया। साथ ही अपनी उपलब्धियां भी गिनाईं।
प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने कहा कि शहर तभी स्वच्छ होगा, जब सभी अपनी भागीदारी दिखाएंगे। कहा कि इंदौर आगे क्यों रहता है, यह जानने के लिए वह इंदौर गए थे। उन्होंने देखा कि वहां के लोग शहर को साफ रखना अपनी जिम्मेदारी समझते हैं। सर्वेक्षण में सर्वे के लिए जब वहां के लोगों को फोन किया गया तो उन्होंने कहा कि शहर को साफ रखना उनकी जिम्मेदारी है और आगे भी ऐसे ही साफ रहेगा जबकि चंडीगढ़ में ऐसा नहीं है।
यहां फोन किया गया तो लोगों ने कहा कि गंदगी ही गंदगी है। अब लोगों को यह सोचना चाहिए कि वह अपने शहर के लिए क्या कर सकते हैं, तभी चंडीगढ़ फिर से नंबर-1 बनेगा। बदनौर ने कहा कि वेंडर्स को हटाने के बाद से सेक्टर-17 की रौनक वापस आ गई है। कजौली से पानी आया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने कहा कि शहर तभी स्वच्छ होगा, जब सभी अपनी भागीदारी दिखाएंगे। कहा कि इंदौर आगे क्यों रहता है, यह जानने के लिए वह इंदौर गए थे। उन्होंने देखा कि वहां के लोग शहर को साफ रखना अपनी जिम्मेदारी समझते हैं। सर्वेक्षण में सर्वे के लिए जब वहां के लोगों को फोन किया गया तो उन्होंने कहा कि शहर को साफ रखना उनकी जिम्मेदारी है और आगे भी ऐसे ही साफ रहेगा जबकि चंडीगढ़ में ऐसा नहीं है।
विज्ञापन
यहां फोन किया गया तो लोगों ने कहा कि गंदगी ही गंदगी है। अब लोगों को यह सोचना चाहिए कि वह अपने शहर के लिए क्या कर सकते हैं, तभी चंडीगढ़ फिर से नंबर-1 बनेगा। बदनौर ने कहा कि वेंडर्स को हटाने के बाद से सेक्टर-17 की रौनक वापस आ गई है। कजौली से पानी आया है।
विज्ञापन
बोले- पर्यटक स्थल बनेगा अंडरपास
9 करोड़ की लागत से तैयार हुए इस अंडरपास का निर्माण चंडीगढ़ प्रशासन ने स्मार्ट सिटी योजना के तहत बनाया है। यह अंडरपास दो साल में बनकर तैयार हुआ है। बदनौर ने उद्घाटन के मौके पर कहा कि इसे कल्चरल स्पॉट के तौर पर भी तैयार किया जाएगा।
इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारियों के अनुसार सेक्टर-17 को रोज गार्डन को जोड़ने के मकसद से इस अंडर पास को बनाया गया है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस अंडरपास के बनने से सेक्टर-17 का भी विकास होगा। प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने कहा कि उन्हें अंदाजा नहीं था कि यह अंडरपास इतना खूबसूरत होगा।
दो साल पहले उन्हें ड्राइंग दिखाई गई थी तो उन्हें संदेह था कि यह अंडरपास कैसे बनेगा लेकिन आज जब वह इस अंडरपास का उद्घाटन करने पहुंचे हैं तो उन्हें इसे देखकर काफी खुशी हो रही है। यह अंडरपास आने वाले समय में पर्यटक स्थल बनेगा। बदनौर ने अंडरपास की दीवारों पर पेंटिंग बनाने के भी आदेश दिए हैं ताकि यह अंदर से भी आकर्षक लगे।
इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारियों के अनुसार सेक्टर-17 को रोज गार्डन को जोड़ने के मकसद से इस अंडर पास को बनाया गया है। अधिकारियों को उम्मीद है कि इस अंडरपास के बनने से सेक्टर-17 का भी विकास होगा। प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने कहा कि उन्हें अंदाजा नहीं था कि यह अंडरपास इतना खूबसूरत होगा।
दो साल पहले उन्हें ड्राइंग दिखाई गई थी तो उन्हें संदेह था कि यह अंडरपास कैसे बनेगा लेकिन आज जब वह इस अंडरपास का उद्घाटन करने पहुंचे हैं तो उन्हें इसे देखकर काफी खुशी हो रही है। यह अंडरपास आने वाले समय में पर्यटक स्थल बनेगा। बदनौर ने अंडरपास की दीवारों पर पेंटिंग बनाने के भी आदेश दिए हैं ताकि यह अंदर से भी आकर्षक लगे।
विवादों में भी रहा अंडरपास बनाने का फैसला
इस अंडरपास को लेकर पंजाब चैप्टर के इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ ऑर्किटेक्ट सवाल उठा चुका है। आईआईए ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि जन मार्ग पर रोजाना करीब 42,488 गाड़ियां गुजरती हैं और सिर्फ 133 लोग पैदल सड़क को पार करते हैं। उन्होंने इस प्रोजेक्ट को पैसों की बर्बादी करार दिया था।
अप्रैल 2017 में सेक्टर-17 से सेक्टर 16 स्थित रोज गार्डन तक अंडर पास बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसे एक ही साल में पूरा करने की बात कही गई थी लेकिन पांच समय सीमा के खत्म होने के बाद अब जाकर इसका उद्घाटन किया गया।
पीजीआई से पीयू तक जाने के लिए बनेगा अंडरपास
आने वाले समय में पीजीआई और पंजाब यूनिवर्सिटी के बीच पैदल यात्री अंडरपास का निर्माण किया जाएगा। इस प्रस्ताव को प्रशासक वीपी सिंह बदनौर भी मंजूरी दे चुके हैं। पीजीआई में प्रतिदिन हजारों की संख्या में स्थानीय और दूसरे राज्यों से मरीज व उनके तीमारदार का आना-जाना होता है।
इन लोगों को मरीजों के साथ पीजीआई जाने और आने के लिए मध्य मार्ग की रोड को ट्रैफिक के बीच पार करना पड़ता है। इससे कई समस्याएं आती हैं। इससे निपटने के लिए पिछले साल यूटी प्रशासन के अफसरों और पीजीआई डायरेक्टर की बीच एक बैठक हुई थी। इसके प्रशासन की ओर से पूरे क्षेत्र का सर्वे किया गया और एक अंडरपास बनाने पर सहमति बनी।
अप्रैल 2017 में सेक्टर-17 से सेक्टर 16 स्थित रोज गार्डन तक अंडर पास बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसे एक ही साल में पूरा करने की बात कही गई थी लेकिन पांच समय सीमा के खत्म होने के बाद अब जाकर इसका उद्घाटन किया गया।
पीजीआई से पीयू तक जाने के लिए बनेगा अंडरपास
आने वाले समय में पीजीआई और पंजाब यूनिवर्सिटी के बीच पैदल यात्री अंडरपास का निर्माण किया जाएगा। इस प्रस्ताव को प्रशासक वीपी सिंह बदनौर भी मंजूरी दे चुके हैं। पीजीआई में प्रतिदिन हजारों की संख्या में स्थानीय और दूसरे राज्यों से मरीज व उनके तीमारदार का आना-जाना होता है।
इन लोगों को मरीजों के साथ पीजीआई जाने और आने के लिए मध्य मार्ग की रोड को ट्रैफिक के बीच पार करना पड़ता है। इससे कई समस्याएं आती हैं। इससे निपटने के लिए पिछले साल यूटी प्रशासन के अफसरों और पीजीआई डायरेक्टर की बीच एक बैठक हुई थी। इसके प्रशासन की ओर से पूरे क्षेत्र का सर्वे किया गया और एक अंडरपास बनाने पर सहमति बनी।