{"_id":"6285506317880977e8624823","slug":"high-court-gives-green-signal-to-the-appointment-process-of-6635-ett-teachers-panchkula-news-pkl4510456122","type":"story","status":"publish","title_hn":"6635 ईटीटी शिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया को हाईकोर्ट की हरी झंडी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
6635 ईटीटी शिक्षकों की नियुक्ति प्रक्रिया को हाईकोर्ट की हरी झंडी
विज्ञापन
चंडीगढ़। 6635 ईटीटी शिक्षकों की भर्ती के लिए स्नातक के साथ बीएड करने वालों को अयोग्य घोषित करने के फैसले को चुनौती देने वाली याचिका
में अर्जी दाखिल करते हुए पंजाब सरकार ने भर्ती पूरी करने की अनुमति मांगी है। पिछली सुनवाई पर पंजाब सरकार ने अंडरटेकिंग दी थी कि चयनित आवेदकों को नियुक्ति नहीं दी जाएगी। हाईकोर्ट ने भर्ती को पूरा करने की अनुमति देते हुए स्पष्ट किया कि नियुक्तियां इस याचिका पर आने वाले फैसले पर निर्भर होंगी।
याचिका दाखिल करते हुए हरविंदर सिंह व अन्य ने हाईकोर्ट को बताया था कि नेशनल काउंसिल ऑफ टीचर एजुकेशन एनसीटीई ने 2018 में नोटिफिकेशन जारी करते हुए एलिमेंट्री ट्रेंड टीचर्स पद के लिए बीएड और 50 प्रतिशत अंक के साथ स्नातक करने वालों को योग्य करार दिया था। याची ने कहा कि शिक्षा के विषय में एनसीटीई द्वारा तय की गई योग्यता को राज्य सरकार द्वारा परिवर्तित नहीं किया जा सकता है। याची ने बताया कि हाल ही में हुई भर्तियों में बीएड और 50 प्रतिशत अंक के साथ स्नातक करने वालों को शामिल किया गया और नियुक्ति भी दी गई। 29 जुलाई 2021 को पंजाब सरकार ने नियमों में संशोधन करते हुए बीएड और 50 प्रतिशत अंक के साथ स्नातक करने वालों को एलिमेंट्री शिक्षक पद के लिए अयोग्य करार दे दिया।
याचिकाकर्ताओं ने इसी नोटिफिकेशन को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। याचिका पर हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को नोटिस जारी कर पूछा था कि क्यों न इस नोटिफिकेशन व संशोधन पर रोक लगा दी जाए। इसके बाद आवेदकों ने अर्जी दाखिल कर कहा है कि सरकार ने दस्तावेजों की जांच के लिए आवेदकों को बुलाया है। इंटरव्यू का प्रावधान नहीं है और ऐसे में सरकार कभी भी चयनित आवेदकों को नियुक्ति दे सकती है। ऐसे में याचिका का कोई औचित्य नहीं बचेगा। इस पर पंजाब सरकार ने हाईकोर्ट में अंडरटेकिंग दी कि हाईकोर्ट में याचिका पर अगली सुनवाई तक किसी भी चयनित आवेदक को नियुक्ति नहीं दी जाएगी। अब सरकार ने नियुक्ति प्रक्रिया को पूरा करने की अर्जी दाखिल करते हुए हाईकोर्ट से अनुमति मांगी थी। हाईकोर्ट ने सरकार को भर्ती पूरी करने की अनुमति दे दी है। हालांकि नियुक्तियां इस याचिका पर आने वाले फैसले पर निर्भर होंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
में अर्जी दाखिल करते हुए पंजाब सरकार ने भर्ती पूरी करने की अनुमति मांगी है। पिछली सुनवाई पर पंजाब सरकार ने अंडरटेकिंग दी थी कि चयनित आवेदकों को नियुक्ति नहीं दी जाएगी। हाईकोर्ट ने भर्ती को पूरा करने की अनुमति देते हुए स्पष्ट किया कि नियुक्तियां इस याचिका पर आने वाले फैसले पर निर्भर होंगी।
याचिका दाखिल करते हुए हरविंदर सिंह व अन्य ने हाईकोर्ट को बताया था कि नेशनल काउंसिल ऑफ टीचर एजुकेशन एनसीटीई ने 2018 में नोटिफिकेशन जारी करते हुए एलिमेंट्री ट्रेंड टीचर्स पद के लिए बीएड और 50 प्रतिशत अंक के साथ स्नातक करने वालों को योग्य करार दिया था। याची ने कहा कि शिक्षा के विषय में एनसीटीई द्वारा तय की गई योग्यता को राज्य सरकार द्वारा परिवर्तित नहीं किया जा सकता है। याची ने बताया कि हाल ही में हुई भर्तियों में बीएड और 50 प्रतिशत अंक के साथ स्नातक करने वालों को शामिल किया गया और नियुक्ति भी दी गई। 29 जुलाई 2021 को पंजाब सरकार ने नियमों में संशोधन करते हुए बीएड और 50 प्रतिशत अंक के साथ स्नातक करने वालों को एलिमेंट्री शिक्षक पद के लिए अयोग्य करार दे दिया।
विज्ञापन
याचिकाकर्ताओं ने इसी नोटिफिकेशन को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। याचिका पर हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार को नोटिस जारी कर पूछा था कि क्यों न इस नोटिफिकेशन व संशोधन पर रोक लगा दी जाए। इसके बाद आवेदकों ने अर्जी दाखिल कर कहा है कि सरकार ने दस्तावेजों की जांच के लिए आवेदकों को बुलाया है। इंटरव्यू का प्रावधान नहीं है और ऐसे में सरकार कभी भी चयनित आवेदकों को नियुक्ति दे सकती है। ऐसे में याचिका का कोई औचित्य नहीं बचेगा। इस पर पंजाब सरकार ने हाईकोर्ट में अंडरटेकिंग दी कि हाईकोर्ट में याचिका पर अगली सुनवाई तक किसी भी चयनित आवेदक को नियुक्ति नहीं दी जाएगी। अब सरकार ने नियुक्ति प्रक्रिया को पूरा करने की अर्जी दाखिल करते हुए हाईकोर्ट से अनुमति मांगी थी। हाईकोर्ट ने सरकार को भर्ती पूरी करने की अनुमति दे दी है। हालांकि नियुक्तियां इस याचिका पर आने वाले फैसले पर निर्भर होंगी।
विज्ञापन