{"_id":"5cb8db53bdec221423555d00","slug":"81555618643-panchkula-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"इंटरनेशनल ड्रग तस्करी का पर्दाफाश, 12 किलो चरस बरामद","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
इंटरनेशनल ड्रग तस्करी का पर्दाफाश, 12 किलो चरस बरामद
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चंडीगढ़। लोकसभा चुनाव के मद्देनजर क्राइम ब्रांच ने गश्त के दौरान इंटरनेशनल ड्रग तस्करी गिरोह के दो सदस्यों को वीरवार को गिरफ्तार किया है। टीम ने आरोपियों के कब्जे से बारह किलो हाई क्वालिटी की चरस बरामद की है। इसकी कीमत इंटरनेशनल मार्केट में करीब 30 से 40 लाख रुपये आंकी गई है। आरोपियों की पहचान नेपाल स्थित जजरकोट के गांव भुर निवासी किरन कुमार (33) और नेपाल स्थित डांग के गांव भमाके निवासी खुसल पौडेल (35) के रूप में हुई है। शुक्रवार को क्राइम ब्रांच दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर उनका रिमांड हासिल करेगी।
एसपी क्राइम विनीत कुमार ने बताया कि लोकसभा के चुनाव के मद्देनजर क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर अमनजोत सिंह और सब इंस्पेक्टर सतविंदर सिंह अपनी टीम के साथ सेक्टर-31 थाना एरिया के अंतर्गत गश्त कर रहे थे। सेक्टर-31 स्थित सिंह सभा गुरुद्वारे के पास पहुंचे तो इतने में दो युवक कंधे पर बड़ा बैग लेकर जा रहे थे। टीम को शक होने पर पूछताछ की तो उन्होंने आनाकानी दी। तलाशी के दौरान आरोपी किरन के बैग से 11 किलो और खुसल के बैग से 1 किलो चरस बरामद हुई। मामले में सेक्टर-31 थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया कि आरोपी इससे पहले भी कई बार भारत आ चुके हैं। आरोपी नशे की खेप को नेपाल से खरीदकर हिमाचल, हरियाणा, चंडीगढ़ समेत अन्य राज्यों में नशा सप्लाई करते हैं। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी किरन वर्ष 2018 में करीब ढाई किलो और वर्ष 2019 फरवरी में 5 किलो चरस हिमाचल में बेच चुका है।
विज्ञापन
मलयेशिया में बतौर सिक्योरिटी गार्ड का करता था काम
क्राइम ब्रांच के अनुसार आरोपी किरन करीब तीन साल तक मलयेशिया स्थित एक कंपनी में बतौर कांट्रैक्ट के रूप में सिक्योरिटी गार्ड का काम कर चुका है। हालांकि बाद में उसे किसी वजह से कंपनी ने बाहर निकाल दिया। दूसरा आरोपी मजदूरी का काम करता है। एसपी क्राइम का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से कुछ और अहम खुलासे हो सकते हैं।
विज्ञापन
एसपी क्राइम विनीत कुमार ने बताया कि लोकसभा के चुनाव के मद्देनजर क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर अमनजोत सिंह और सब इंस्पेक्टर सतविंदर सिंह अपनी टीम के साथ सेक्टर-31 थाना एरिया के अंतर्गत गश्त कर रहे थे। सेक्टर-31 स्थित सिंह सभा गुरुद्वारे के पास पहुंचे तो इतने में दो युवक कंधे पर बड़ा बैग लेकर जा रहे थे। टीम को शक होने पर पूछताछ की तो उन्होंने आनाकानी दी। तलाशी के दौरान आरोपी किरन के बैग से 11 किलो और खुसल के बैग से 1 किलो चरस बरामद हुई। मामले में सेक्टर-31 थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया कि आरोपी इससे पहले भी कई बार भारत आ चुके हैं। आरोपी नशे की खेप को नेपाल से खरीदकर हिमाचल, हरियाणा, चंडीगढ़ समेत अन्य राज्यों में नशा सप्लाई करते हैं। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी किरन वर्ष 2018 में करीब ढाई किलो और वर्ष 2019 फरवरी में 5 किलो चरस हिमाचल में बेच चुका है।
विज्ञापन
मलयेशिया में बतौर सिक्योरिटी गार्ड का करता था काम
क्राइम ब्रांच के अनुसार आरोपी किरन करीब तीन साल तक मलयेशिया स्थित एक कंपनी में बतौर कांट्रैक्ट के रूप में सिक्योरिटी गार्ड का काम कर चुका है। हालांकि बाद में उसे किसी वजह से कंपनी ने बाहर निकाल दिया। दूसरा आरोपी मजदूरी का काम करता है। एसपी क्राइम का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से कुछ और अहम खुलासे हो सकते हैं।