{"_id":"605f5e9e8ebc3ec4477c5679","slug":"covid-19-160-prisoners-not-arrive-jail-punjab-bureau-news-pkl408561262","type":"story","status":"publish","title_hn":"जेल विभाग की बढ़ी चिंता : पंजाब में पैरोल पर गए 160 कैदी नहीं लौटे, अब चलेगा विशेष अभियान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जेल विभाग की बढ़ी चिंता : पंजाब में पैरोल पर गए 160 कैदी नहीं लौटे, अब चलेगा विशेष अभियान
Sun, 28 Mar 2021 10:03 AM IST
पंचकुला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Sun, 28 Mar 2021 10:03 AM IST
विज्ञापन
जेल (फाइल फोटो)
- फोटो : Social Media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंजाब में कोरोना महामारी के दौरान पैरोल पर गए कैदियों में से 160 कैदी नहीं पहुंचे हैं। इससे जेल विभाग की चिंता बढ़ गई है। पंजाब सरकार कैदियों को वापस जेल में डालने के लिए विशेष अभियान चलाएगी। अब तक पैरोल खत्म होने के बाद कई कैदी दो से तीन दिन लेट पहुंचे हैं।
विज्ञापन
वहीं देरी से आने वाले इन कैदियों का कहना था कि उनको पुलिस की ओर से देरी से जेल आने का संदेश मिला था। विभाग ने तय किया था कि जिन कैदियों को स्पेशल पैरोल दी गई है, उनको 650 से 700 के बैच में वापस बुलाया जाए। वहीं 2 हजार से अधिक कैदी वापस आ चुके हैं।
विज्ञापन
जेल लौटने वाले पुरुष कैदियों के लिए बरनाला और पठानकोट एवं महिला कैदियों के लिए मलेरकोटला की जेल को तय किया गया था। इन कैदियों के लिए आरटी-पीसीआर टेस्ट की निगेटिव रिपोर्ट होनी चाहिए, जो जेल लौटने से तीन दिन पहले की होनी चाहिए। बता दें कि पहले जाओ, पहले आओ के आधार पर सूबे की विभिन्न जेलों से कैदियों को पैरोल दी गई थी।
विज्ञापन
छह हजार अंडर ट्रायल कैदियों को भी मिली थी पैरोल
सूबे में जब कोविड चरम पर था, तब पंजाब की जेलों में कैदियों को कोरोना का संक्रमण न हो, इसके लिए कई कैदियों को पैरोल दी गई थी। इनमें पांच हजार ऐसे कैदी थे जिनको सजा हो चुकी थी और छह हजार कैदी ऐसे थे, जो अंडर ट्रायल थे। इनको बैच के हिसाब से जेलों में वापस आना था।
इस बारे में जेल मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा का कहना है कि कोविड के दौरान पैरोल पर भेजे गए कैदियों में से जो कैदी नहीं लौटे हैं, उनका पता लगाने के लिए विभाग की ओर से जिलों के पुलिस अधिकारियों को कह दिया गया है। ऐसे कैदियों को पकड़कर जेल लाया जाएगा।