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कैप्टन बोले- केंद्र ने दिया 13 नवंबर को बातचीत का न्योता, किसान भी यात्री गाड़ियों से रोक हटाएं
Mon, 09 Nov 2020 10:09 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Mon, 09 Nov 2020 10:09 PM IST
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कैप्टन अमरिंदर सिंह (फाइल फोटो)
- फोटो : एएनआई
केंद्र सरकार द्वारा कृषि कानूनों पर बातचीत का न्योता दिए जाने के बाद पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किसान संगठनों से अपील की है कि वे राज्य में मालगाड़ियों के साथ यात्री गाड़ियां भी चलने दें। मुख्यमंत्री ने सोमवार शाम जारी बयान में किसान संगठनों से अपील की कि वे केंद्र की तरफ से उन्हें दिए बातचीत के न्योते को ध्यान में रखने के साथ-साथ सैनिकों व लाखों पंजाबियों को पेश आ रहीं मुश्किलों पर भी गौर करें।
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हमारे फौजियों समेत बड़ी संख्या में पंजाबी राज्य में रेल यातायात बंद होने के कारण दीवाली पर अपने घर लौटने में असमर्थ हैं। कैप्टन ने बताया कि मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक केंद्र सरकार ने कृषि कानूनों पर बातचीत के लिए 13 नवंबर को बुलाया है। इस कदम से संकेत मिलते हैं कि केंद्र सरकार हल करने के लिए रास्ता तलाशना चाहती है।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों का गुस्सा साफ तौर पर केंद्र सरकार तक पहुंचा है। इस कारण केंद्र किसानों की बात सुनने को तैयार होता दिखाई दे रहा है। किसान भी यही चाहते थे। इस कारण किसान संगठनों को अपने आंदोलन से पीछे हटकर इस मसले के हल के लिए बातचीत में शामिल होना चाहिए।
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कैप्टन ने कहा कि राज्य के लोगों को पैदा हुई समस्याएं और बड़े आर्थिक घाटे के बावजूद उनकी सरकार कृषि कानूनों के विरुद्ध किसानों की लड़ाई में उनके साथ खड़ी रही। उन्हें विश्वास है कि अब किसान संगठन भी अपना सहयोग देंगे। मुख्यमंत्री ने किसान संगठनों को भरोसा दिया कि उनकी सरकार किसी भी कीमत पर किसानों के हितों के साथ समझौता नहीं करेगी।