{"_id":"60859e548ebc3e592653932c","slug":"captain-again-appealed-to-the-center-for-oxygen-panchkula-news-pkl4114861156","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"सांसों के लिए फिर गुहार: ऑक्सीजन के लिए कैप्टन ने केंद्र को भेजा पत्र, दो दिन में दूसरी बार कोटा बढ़ाने की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सांसों के लिए फिर गुहार: ऑक्सीजन के लिए कैप्टन ने केंद्र को भेजा पत्र, दो दिन में दूसरी बार कोटा बढ़ाने की मांग
Sun, 25 Apr 2021 10:22 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Sun, 25 Apr 2021 10:22 PM IST
सार
मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव विनी महाजन को निर्देश दिए कि भारत सरकार के समक्ष जरूरी सप्लाई के लिए पैरवी की जाए और दिल्ली एवं अन्य राज्यों से आने वाले मरीजों की संख्या बढ़ने और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मेडिकल ऑक्सीजन की सप्लाई बढ़ाने की मांग उठाई जाए।
विज्ञापन
कैप्टन अमरिंदर सिंह।
- फोटो : फाइल फोटो
विस्तार
पंजाब में तेजी से बढ़ते संक्रमण को लेकर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने केंद्र से ऑक्सीजन के लिए फिर गुहार लगाई है। कैप्टन ने मदद के लिए केंद्र सरकार को दो दिन में दूसरी बार पत्र भेजकर अपनी मांग दोहराई है। वहीं कैप्टन ने अस्पतालों में ऑक्सीजन को लेकर हो रही मारामारी को लेकर प्रमुख सचिव (उद्योग) को हर चार घंटे में रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं।
राज्य में तेजी से घट रही ऑक्सीजन की सप्लाई पर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कोटे के वितरण में तत्काल वृद्धि करने के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्ष वर्धन को दो दिन के अंदर रविवार को दूसरी बार पत्र भेजा है। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव विनी महाजन को निर्देश दिए कि भारत सरकार के समक्ष जरूरी सप्लाई के लिए पैरवी की जाए और दिल्ली एवं अन्य राज्यों से आने वाले मरीजों की संख्या बढ़ने और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मेडिकल ऑक्सीजन की सप्लाई बढ़ाने की मांग उठाई जाए।
उन्होंने मुख्य सचिव को अमृतसर के लिए जरूरी सप्लाई भेजने के लिए कहा, जहां एक प्राइवेट अस्पताल में ऑक्सीजन की कमी के कारण बीते दिन कीमती जानें चली गईं। स्थिति की गंभीरता का हवाला देते हुए मुख्यमंत्री ने उद्योग के प्रमुख सचिव से राज्य में अस्पतालों की जरूरत के अनुसार ऑक्सीजन की मांग एवं आपूर्ति की स्थिति संबंधी हर चार घंटे की रिपोर्ट मांगी है। मुख्यमंत्री ने रविवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को पत्र लिखकर कोविड मामलों में निरंतर वृद्धि के कारण पंजाब का तरल ऑक्सीजन का कोटा बढ़ाकर रोजाना का 250 एमटी तक करने की अपील की है और इस संबंध में उनको तुरंत निजी दखल देने की मांग की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
राज्य में तेजी से घट रही ऑक्सीजन की सप्लाई पर मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कोटे के वितरण में तत्काल वृद्धि करने के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्ष वर्धन को दो दिन के अंदर रविवार को दूसरी बार पत्र भेजा है। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव विनी महाजन को निर्देश दिए कि भारत सरकार के समक्ष जरूरी सप्लाई के लिए पैरवी की जाए और दिल्ली एवं अन्य राज्यों से आने वाले मरीजों की संख्या बढ़ने और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मेडिकल ऑक्सीजन की सप्लाई बढ़ाने की मांग उठाई जाए।
विज्ञापन
उन्होंने मुख्य सचिव को अमृतसर के लिए जरूरी सप्लाई भेजने के लिए कहा, जहां एक प्राइवेट अस्पताल में ऑक्सीजन की कमी के कारण बीते दिन कीमती जानें चली गईं। स्थिति की गंभीरता का हवाला देते हुए मुख्यमंत्री ने उद्योग के प्रमुख सचिव से राज्य में अस्पतालों की जरूरत के अनुसार ऑक्सीजन की मांग एवं आपूर्ति की स्थिति संबंधी हर चार घंटे की रिपोर्ट मांगी है। मुख्यमंत्री ने रविवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को पत्र लिखकर कोविड मामलों में निरंतर वृद्धि के कारण पंजाब का तरल ऑक्सीजन का कोटा बढ़ाकर रोजाना का 250 एमटी तक करने की अपील की है और इस संबंध में उनको तुरंत निजी दखल देने की मांग की है।
विज्ञापन
केंद्र भेज रहा 105 मीट्रिक टन ऑक्सीजन
इस समय केंद्रीय पूल से पंजाब के लिए मेडिकल ऑक्सीजन का प्रतिदिन आवंटन 105 मीट्रिक टन है। इसमें स्थानीय प्रयोग का उत्पादन शामिल नहीं है, जो पंजाब में लगभग 60 मीट्रिक टन तरल ऑक्सीजन पैदा करते हैं और अलग-अलग रीफिलिंग, बॉटलिंग प्लांट और डिस्ट्रीब्यूटरों की जरूरतों को पूरा करते हैं।
300 एमटी हो जाएगी मांग
तेजी से बढ़ रहे मामलों को देखते हुए अगले 2 हफ्तों में तकरीबन 250-300 मीट्रिक टन तक ऑक्सीजन की मांग बढ़ने की उम्मीद है। राज्य में सरकारी और निजी दोनों सुविधाओं समेत सभी स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए मेडिकल ऑक्सीजन के भंडारण का सामर्थ्य लगभग 370 मीट्रिक टन है।
250 एमटी की अभी जरूरत
पंजाब के लिए कोविड-19 मरीजों के लिए प्रतिदिन की जरूरत 25 अप्रैल तक लगभग 200 मीट्रिक टन है। गैर-कोविड मरीजों के लिए लगभग 50 मीट्रिक टन है। इसी तरह स्वास्थ्य सेवा के लिए प्रतिदिन की जरूरत कुल 250 मीट्रिक टन तरल मेडिकल ऑक्सीजन बनती है।
कैप्टन की अपील:
कैप्टन अमरिंदर ने कहा कि मैं अपने सभी साथी पंजाबियों को स्थिति की गंभीरता को समझने और नीचे लिखीं 7 बातों पर अमल करने की अपील करता हूं।
1. बिना किसी जरूरी काम के अपने घर से बाहर जाने से परहेज करो।
2. बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर खुद को अपने पारिवारिक सदस्यों और पड़ोसियों से अलग कर लो।
3. कोरोना के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में अपनी जांच करवाएं।
4. हल्के या कम लक्षणों के मामले में डॉक्टरी सलाह लो और घर में एकांतवास रहो। गंभीर लक्षण दिखाई देने पर सरकारी या निजी स्वास्थ्य केंद्र में दाखिल हों।
5. डाक्टरों की सलाह के अनुसार दवाओं की ‘फतेह होम किट’ इस्तेमाल करो और घर से हमारी स्वास्थ्य टीमों से संपर्क करो।
6. बिना किसी देरी के नजदीकी टीकाकरण वाली जगह पर जाकर टीका लगवाओ।
7. नियमित तौर पर मास्क पहनो, हाथ धोओ और निर्धारित सामाजिक दूरी बनाकर रखो।
300 एमटी हो जाएगी मांग
तेजी से बढ़ रहे मामलों को देखते हुए अगले 2 हफ्तों में तकरीबन 250-300 मीट्रिक टन तक ऑक्सीजन की मांग बढ़ने की उम्मीद है। राज्य में सरकारी और निजी दोनों सुविधाओं समेत सभी स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए मेडिकल ऑक्सीजन के भंडारण का सामर्थ्य लगभग 370 मीट्रिक टन है।
250 एमटी की अभी जरूरत
पंजाब के लिए कोविड-19 मरीजों के लिए प्रतिदिन की जरूरत 25 अप्रैल तक लगभग 200 मीट्रिक टन है। गैर-कोविड मरीजों के लिए लगभग 50 मीट्रिक टन है। इसी तरह स्वास्थ्य सेवा के लिए प्रतिदिन की जरूरत कुल 250 मीट्रिक टन तरल मेडिकल ऑक्सीजन बनती है।
कैप्टन की अपील:
कैप्टन अमरिंदर ने कहा कि मैं अपने सभी साथी पंजाबियों को स्थिति की गंभीरता को समझने और नीचे लिखीं 7 बातों पर अमल करने की अपील करता हूं।
1. बिना किसी जरूरी काम के अपने घर से बाहर जाने से परहेज करो।
2. बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर खुद को अपने पारिवारिक सदस्यों और पड़ोसियों से अलग कर लो।
3. कोरोना के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में अपनी जांच करवाएं।
4. हल्के या कम लक्षणों के मामले में डॉक्टरी सलाह लो और घर में एकांतवास रहो। गंभीर लक्षण दिखाई देने पर सरकारी या निजी स्वास्थ्य केंद्र में दाखिल हों।
5. डाक्टरों की सलाह के अनुसार दवाओं की ‘फतेह होम किट’ इस्तेमाल करो और घर से हमारी स्वास्थ्य टीमों से संपर्क करो।
6. बिना किसी देरी के नजदीकी टीकाकरण वाली जगह पर जाकर टीका लगवाओ।
7. नियमित तौर पर मास्क पहनो, हाथ धोओ और निर्धारित सामाजिक दूरी बनाकर रखो।