{"_id":"61abcf2345591a7a382b8f73","slug":"camp-37-camps-organized-in-30-days-1630-people-donated-blood-pkl-office-news-pkl4350513141","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिविर : 30 दिन में 37 लगाए शिविर, 1630 लोगों ने किया रक्तदान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिविर : 30 दिन में 37 लगाए शिविर, 1630 लोगों ने किया रक्तदान
विज्ञापन
पंचकूला। श्री शिव कांवड़ महासंघ चैरिटेबल ट्रस्ट और विश्वास फाउंडेशन ने 30 दिन के भीतर 37 रक्तदान जागरूकता शिविर का आयोजन किया। इसमें 1630 लोगों ने रक्तदान कर पुण्य कमाया। हालांकि, दूसरों को जिंदगी देने के लिए ट्राइसिटी में विभिन्न स्थानों में लगे शिविर में 2045 लोग रक्तदान करने पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों की टीम ने स्वास्थ्य संबंधी परेशानी के कारण 425 लोगों को रक्तदान करने से मना कर दिया। ऐसे में 1630 लोग ही पुण्य के भागी बने। शिविर का आयोजन अमर उजाला फाउंडेशन के सहयोग से हुआ।
श्री शिव कांवड़ महासंघ चैरिटेबल ट्रस्ट ने 21 शिविरों का आयोजन किया। इसमें रक्तदान करने के लिए 1329 लोग पहुंचे। लेकिन, डॉक्टरों की टीम ने 294 लोगों को रक्तदान करने से मनाकर दिया। ऐसे में कुल 1035 लोग ही रक्तदान कर पाए। इसी तरह विश्वास फाउंडेशन ने 16 रक्तदान शिविरों का आयोजन किया। इसमें 726 लोगों ने हिस्सा लिया, लेकिन डॉक्टरों ने 131 लोगों को रक्तदान करने से मनाकर दिया। इसके चलते कुल 595 लोग ही रक्तदान कर पाए। श्री शिव कांवड़ महासंघ चैरिटेबल ट्रस्ट के प्रधान राकेश संगर ने बताया कि रक्तदान करने से शरीर में किसी तरह की कोई कमी नहीं होती है। हर स्वस्थ व्यक्ति को 90 दिन बाद रक्तदान जरूर करना चाहिए। इससे कई तरह की बीमारियों से बचा जा सकता है। विश्वास फाउंडेशन की नीलिमा विश्वास ने बताया कि रक्तदान जागरूकता शिविर ट्राइसिटी के विभिन्न शहरों में आयोजित किया गया। रक्तदान माहिर डॉक्टरों की टीम ने एकत्रित किया। शिविर में आने वालों को स्मृति चिन्ह और प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया।
थैलेसीमिक चैरिटेबल ट्रस्ट ने जुटाया 57 यूनिट रक्त
चंडीगढ़। थैलेसीमिक चैरिटेबल ट्रस्ट ने अमर उजाला फाउंडेशन के सहयोग से 13 नवंबर को पीजीआई में रक्तदान शिविर आयोजित किया। इसमें 57 लोगों ने
रक्तदान कर जीवनदान का संदेश दिया। ट्रस्ट के सदस्य सचिव राजेंद्र कालरा ने बताया कि कोविडकाल के दौरान भी 51 रक्तदान शिविर लगाकर लगभग 5100 यूनिट रक्त एकत्रित किया है। हमारे शिविर पीजीआई में लगाए जाते हैं। इन शिविरों से प्राप्त खून पीजीआई और जीएमसीएच-32 के डे केयर सेंटर में पंजीकृत 450 थैलेसीमिया मरीजों को दिया जाता है। इन मरीजों को 15 से 20 दिन के बाद नियमित रूप से खून की जरूरत पड़ती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
श्री शिव कांवड़ महासंघ चैरिटेबल ट्रस्ट ने 21 शिविरों का आयोजन किया। इसमें रक्तदान करने के लिए 1329 लोग पहुंचे। लेकिन, डॉक्टरों की टीम ने 294 लोगों को रक्तदान करने से मनाकर दिया। ऐसे में कुल 1035 लोग ही रक्तदान कर पाए। इसी तरह विश्वास फाउंडेशन ने 16 रक्तदान शिविरों का आयोजन किया। इसमें 726 लोगों ने हिस्सा लिया, लेकिन डॉक्टरों ने 131 लोगों को रक्तदान करने से मनाकर दिया। इसके चलते कुल 595 लोग ही रक्तदान कर पाए। श्री शिव कांवड़ महासंघ चैरिटेबल ट्रस्ट के प्रधान राकेश संगर ने बताया कि रक्तदान करने से शरीर में किसी तरह की कोई कमी नहीं होती है। हर स्वस्थ व्यक्ति को 90 दिन बाद रक्तदान जरूर करना चाहिए। इससे कई तरह की बीमारियों से बचा जा सकता है। विश्वास फाउंडेशन की नीलिमा विश्वास ने बताया कि रक्तदान जागरूकता शिविर ट्राइसिटी के विभिन्न शहरों में आयोजित किया गया। रक्तदान माहिर डॉक्टरों की टीम ने एकत्रित किया। शिविर में आने वालों को स्मृति चिन्ह और प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया गया।
विज्ञापन
थैलेसीमिक चैरिटेबल ट्रस्ट ने जुटाया 57 यूनिट रक्त
चंडीगढ़। थैलेसीमिक चैरिटेबल ट्रस्ट ने अमर उजाला फाउंडेशन के सहयोग से 13 नवंबर को पीजीआई में रक्तदान शिविर आयोजित किया। इसमें 57 लोगों ने
रक्तदान कर जीवनदान का संदेश दिया। ट्रस्ट के सदस्य सचिव राजेंद्र कालरा ने बताया कि कोविडकाल के दौरान भी 51 रक्तदान शिविर लगाकर लगभग 5100 यूनिट रक्त एकत्रित किया है। हमारे शिविर पीजीआई में लगाए जाते हैं। इन शिविरों से प्राप्त खून पीजीआई और जीएमसीएच-32 के डे केयर सेंटर में पंजीकृत 450 थैलेसीमिया मरीजों को दिया जाता है। इन मरीजों को 15 से 20 दिन के बाद नियमित रूप से खून की जरूरत पड़ती है।
विज्ञापन