{"_id":"61ab8548498d1231ef3b9535","slug":"aap-leader-visited-chamkaur-sahib-said-sand-mafia-business-running-under-channi-s-supervision-bureau-news-pkl4350052153","type":"story","status":"publish","title_hn":"आप नेता ने चमकौर साहिब का किया दौरा, बोले- चन्नी की देखरेख में चल रहा रेत माफिया का कारोबार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आप नेता ने चमकौर साहिब का किया दौरा, बोले- चन्नी की देखरेख में चल रहा रेत माफिया का कारोबार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आम आदमी पार्टी के पंजाब प्रभारी राघव चड्ढा ने मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के विधानसभा क्षेत्र चमकौर साहिब में जारी रेत माफिया के कारोबार का मीडिया के सामने पर्दाफाश किया। शनिवार को चड्ढा चमकौर साहिब विधानसभा के जिंदापुर गांव में रेत खनन की जगह का औचक दौरा किया। मीडिया को संबोधित करते हुए चड्ढा ने कहा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद चन्नी ने कहा था कि रेत माफिया मेरे पास न आए, मैं रेत माफिया का मुख्यमंत्री नहीं हूं। लेकिन मुख्यमंत्री बनते ही वे अपने वादे से पलट गए और उन्होंने रेत माफिया से हाथ मिला लिया।
चड्ढा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री चन्नी के संरक्षण में ही अब रेत माफिया खुद उनके क्षेत्र में अपना कारोबार चला रहा है। चड्ढा ने मुख्यमंत्री चन्नी पर गलत तरीके से वन अधिकारी का ट्रांसफर करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि 22 नवंबर 2022 को वन अधिकारी राजवंश सिंह ने स्थानीय एसएचओ और तहसीलदार को चिट्ठी लिखकर बताया था कि जिंदापुर गांव का यह क्षेत्र वन संरक्षण अधिनियम के तहत आता है, जहां खनन संबंधी कोई भी गतिविधि नहीं की जा सकती। चिट्ठी लिखने के अगले दिन 23 नवंबर को चन्नी सरकार ने उस ईमानदार वन अधिकारी का ट्रांसफर कर दिया। इससे साबित होता है कि यह रेत माफिया उनके संरक्षण में काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र से रोज लगभग 800 से 1000 ट्रक रेत की अवैध सप्लाई होती है।
चड्ढा ने मुख्यमंत्री से सवाल किया कि चन्नी बताएं कि कितने समय से अवैध खनन हो रहा है? इसका कितना हिस्सा उनके पास पहुंचता है? ऐसे कितने माफिया चमकौर साहिब व पूरे पंजाब में हैं? माफिया के साथ उनकी क्या सांठगांठ है? उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री चन्नी झूठ बोलते हैं कि पूरे पंजाब में 5 रुपये प्रति फुट रेत मिलता है, जबकि सच्चाई यह है कि रेत माफिया के कारण लोगों को 25 से 40 रुपये प्रति फीट के हिसाब से बालू खरीदना पड़ता है। उन्होंने मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि रेत माफिया को देखकर लगता है कि दूध की रखवाली बिल्ली कर रही है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री से पूछे सवाल
- रेत माफिया से कितना हिस्सा मुख्यमंत्री तक पहुंचता है?
- कांग्रेस के किस-किस नेता और मंत्री तक जाता है पैसा?
- कांग्रेस हाईकमान को कितना हिस्सा पहुंचता है?
- पंजाब में 20000 करोड़ का है अवैध रेत का कारोबार
विज्ञापन
चड्ढा ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री चन्नी के संरक्षण में ही अब रेत माफिया खुद उनके क्षेत्र में अपना कारोबार चला रहा है। चड्ढा ने मुख्यमंत्री चन्नी पर गलत तरीके से वन अधिकारी का ट्रांसफर करने का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि 22 नवंबर 2022 को वन अधिकारी राजवंश सिंह ने स्थानीय एसएचओ और तहसीलदार को चिट्ठी लिखकर बताया था कि जिंदापुर गांव का यह क्षेत्र वन संरक्षण अधिनियम के तहत आता है, जहां खनन संबंधी कोई भी गतिविधि नहीं की जा सकती। चिट्ठी लिखने के अगले दिन 23 नवंबर को चन्नी सरकार ने उस ईमानदार वन अधिकारी का ट्रांसफर कर दिया। इससे साबित होता है कि यह रेत माफिया उनके संरक्षण में काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र से रोज लगभग 800 से 1000 ट्रक रेत की अवैध सप्लाई होती है।
विज्ञापन
चड्ढा ने मुख्यमंत्री से सवाल किया कि चन्नी बताएं कि कितने समय से अवैध खनन हो रहा है? इसका कितना हिस्सा उनके पास पहुंचता है? ऐसे कितने माफिया चमकौर साहिब व पूरे पंजाब में हैं? माफिया के साथ उनकी क्या सांठगांठ है? उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री चन्नी झूठ बोलते हैं कि पूरे पंजाब में 5 रुपये प्रति फुट रेत मिलता है, जबकि सच्चाई यह है कि रेत माफिया के कारण लोगों को 25 से 40 रुपये प्रति फीट के हिसाब से बालू खरीदना पड़ता है। उन्होंने मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि रेत माफिया को देखकर लगता है कि दूध की रखवाली बिल्ली कर रही है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री से पूछे सवाल
- रेत माफिया से कितना हिस्सा मुख्यमंत्री तक पहुंचता है?
- कांग्रेस के किस-किस नेता और मंत्री तक जाता है पैसा?
- कांग्रेस हाईकमान को कितना हिस्सा पहुंचता है?
- पंजाब में 20000 करोड़ का है अवैध रेत का कारोबार