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करोड़ो स्टूडेंट्स का रिकॉर्ड ऑनलाइन करने जा रहा पीयू

Thu, 20 Dec 2018 01:51 AM IST
Panchkula bureau Panchkula bureau
Updated Thu, 20 Dec 2018 01:51 AM IST
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करोड़ो स्टूडेंट्स का रिकॉर्ड ऑनलाइन करने जा रहा पीयू
पीयू में सौ साल पुराना दो करोड़ स्टूडेंट्स का रिकॉर्ड होगा ऑनलाइन
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- 50 लाख रुपये में पुणे की कंपनी को दिया है कॉन्ट्रेक्ट, नए साल में पूरा होगा प्रोजेक्ट
- इससे पूर्व 90 हजार पीजी स्टूडेंट्स की डिग्रियां हो जाएंगी ऑनलाइन
- परीक्षा नियंत्रक विभाग इस कार्य की बदौलत पीयू को दिलाएगा नई पहचान
- हर साल 30 हजार पीजी व 2.50 लाख यूजी स्टूडेंट्स पासआउट होते हैं पीयू से

सुशील कुमार
चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी के नाम एक और उपलब्धि होने जा रही है। आजादी से पूर्व के समय यानी लगभग 100 साल पुराना दो करोड़ स्टूडेंट्स का रिकॉर्ड ऑनलाइन होने जा रहा है। इस कार्य पर50 लाख रुपये का खर्च किए जा रहे हैं। इसमें वह रिकॉर्ड भी शामिल हैं जिसके रजिस्टर के पन्ने पीले पड़ चुके हैं। एक पासवर्ड के जरिये यह रिकॉर्ड पीयू प्रशासन आसानी से खोल सकेगा। इस पर तेजी से काम चल रहा है। इससे पूर्व परीक्षा नियंत्रक विभाग 90 हजार पोस्ट ग्रेजुएट स्टूडेंट्स की डिग्रियां ऑनलाइन करेगा। हर स्टूडेंट्स को एक पासवर्ड मिलेगा। उसके जरिये वह अपनी डिग्री देख सकेंगे। साथ ही नौकरी के दौरान होने वाले अभिलेखों के तहकीकात भी आसानी से हो सकेगा।
यूनिवर्सिटी को एक और पहचान दिलाने के लिए परीक्षा नियंत्रक विभाग ने अनूठी पहल की है। यह कार्य डिजिटाइजेशन ऑफ एग्जामिनेशन रिकॉर्ड के तहत हो रहा है। आजादी से पूर्व से लेकर अब तक जितने स्टूडेंट्स पीयू से पढ़े हैं उनका डाटा ऑनलाइन होगा। यह कार्य पुणे की एक कंपनी को सौंपा गया है। इस कार्य पर50 लाख रुपये का खर्च आ रहा है। यह रिकॉर्ड आजीवन सुरक्षित रहेगा। हार्ड अभिलेखों की आवश्यकता भी नहीं होगी। लगभग दो करोड़ स्टूडेंट्स का यह रिकॉर्ड है। हर साल 30 हजार पीजी व 2.50 लाख स्टूडेंट्स यूजी के यहां से निकलते हैं।
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इनसेट--
अब तक पीजी की 14500 डिग्रियां हुईं ऑनलाइन
परीक्षा नियंत्रक विभाग ने पीजी की डिग्रियां पहले ऑनलाइन करने का निर्णय लिया है। यह कार्य ई डाक्यूमेंट योजना के तहत हो रहा है। वर्ष 2016 से अब तक पीजी की जितनी भी डिग्रियां हैं, उन्हें ऑनलाइन किया जा रहा है। अब तक 14500 डिग्रियां ऑनलाइन की जा चुकी हैं। बाकी का काम भी तेजी से चल रहा है। लगभग दो माह में यह कार्य पूरा हो जाएगा। उसके बाद स्टूडेंट्स को पासवर्ड रूपी एक चाबी से अपनी डिग्री देख सकेंगे। दूसरे चरण में स्नातक की डिग्रियां ऑनलाइन की जाएंगी। इस कार्य में अभी समय लगेगा।
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इनसेट---
उप राष्ट्रपति ने पीएचडी की डिग्रियां की थी ऑनलाइन
4 मार्च 2018 को पीयू में सबसे पहले पीएचडी की डिग्रियां ऑनलाइन की गई थीं। उसके बाद यह क्रम चल पड़ा। यूनिवर्सिटी को एक नई पहचान देने के लिए हर व्यवस्था ऑनलाइन किए जाने की तैयारी चल रही है। बताया जाता है कि जल्द ही इसमें सफलता मिलेगी।


वर्जन---
फोटो---
सदियों पुराना रिकॉर्ड ऑनलाइन किया जा रहा है। इसके लिए पुणे की एक कंपनी को कॉन्ट्रेक्ट दिया गया है। इस पर काम तेजी से चल रहा है। इससे पहले पीजी की डिग्रियां ऑनलाइन की जाएंगी। लगभग 15 हजार डिग्रियां ऑनलाइन हो गई हैं।
-परविंदर सिंह, परीक्षा नियंत्रक, पीयू
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