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अफगानिस्तान हमले में मारे गए सिखों की अस्तियां कीरतपुर साहिब में की गई विसर्जित
Updated Mon, 23 Jul 2018 10:28 PM IST
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अफगान हमले में मारे गए लोगों की अस्थियां विसर्जित
दिल्ली से परिजन कीरतपुर साहिब में गुरुद्वारा पातालपुरी साहिब के अस्थघाट पहुंचे
हमले में मारे गए थे 12 सिख और एक हिंदू
अमर उजाला ब्यूरो
श्री कीरतपुर साहिब। अफगानिस्तान में हुए हमले में मारे गए सिखों की अस्थियां सोमवार को श्री कीरतपुर साहिब में गुरुद्वारा पातालपुरी साहिब के अस्थघाट में विसर्जित कर दी गईं।
अफगानिस्तान में हुए हमले में मारे गए 13 लोगों की अस्थियों को दिल्ली से कीरतपुर साहिब लाया गया। इस दौरान अकाली दल की ओर से पूर्व शिक्षा मंत्री डॉ. दलजीत सिंह चीमा मौजूद रहे। अस्थियों को रखकर पहले तख्त श्री केसगढ़ साहिब के हेड ग्रंथी भाई फूला सिंह द्वारा अरदास की गई। इसके बाद 12 सिखों और एक हिंदू की अस्थियों को विसर्जन किया गया। इस दौरान मास्टर अवतार सिंह, रबेल सिंह, अनूप सिंह, सतनाम सिंह, राजू सिंह, अमरीक सिंह, तरनजीत सिंह, नरेंद्र सिंह, मनजीत सिंह, इंद्रजीत सिंह, बलजीत सिंह और हिंदू परिवार से विकी कुमार की अस्थियां विसर्जित की गई।
अफगानिस्तान से आए सिख परिवारों के साथ पूर्व शिक्षा मंत्री दलजीत सिंह चीमा ने अफसोस जाहिर किया और सिखों की सुरक्षा यकीनी बनाए जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सिखों की सुरक्षा की नीति बनाई जानी चाहिए। इस आत्मघाती हमले की जितनी भी निंदा की जाए कम है।
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अफगानिस्तान से आई सिख संगत ने कहा कि वह न अफगानिस्तान के हैं और न भारत के। अगर उन्हें भारत का वीजा लेना होता है तो उन्हें भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। उनसे पूछा जाता है कि भारत में आपको कहां जाना है, वहां के बारे में संपूर्ण जानकारी दें। उनकी माने तो वहां पर रह रहे 1200 परिवार भारी दुविधा में हैं।
इस दौरान दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी सदस्य कुलवंत सिंह बाठ, पूर्व मंत्री सतवंत कौर संधू, शिरोमणि कमेटी सदस्य अमरजीत सिंह चावला, प्रिंसिपल सुरेंद्र सिंह, अजमेर सिंह खेड़ा, परमजीत सिंह लखोवाल, जसवीर सिंह मैनेजर तख्त श्री केसगढ़ साहिब, एडवोकेट हरदेव सिंह रणजीत सिंह, सहायक मैनेजर भूपेंद्र सिंह, सहायक मैनेजर जरनैल सिंह गुरुद्वारा, इंस्पेक्टर भूपेंद्र सिंह, सहायक मैनेजर दलजीत कौर, मोहन सिंह, संदीप सिंह कलोता, शमशेर सिंह, मनजिंदर सिंह बराड़, तेजेंद्र सिंह पप्पू, दलजीत सिंह उपस्थित थे।
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दिल्ली से परिजन कीरतपुर साहिब में गुरुद्वारा पातालपुरी साहिब के अस्थघाट पहुंचे
हमले में मारे गए थे 12 सिख और एक हिंदू
अमर उजाला ब्यूरो
श्री कीरतपुर साहिब। अफगानिस्तान में हुए हमले में मारे गए सिखों की अस्थियां सोमवार को श्री कीरतपुर साहिब में गुरुद्वारा पातालपुरी साहिब के अस्थघाट में विसर्जित कर दी गईं।
अफगानिस्तान में हुए हमले में मारे गए 13 लोगों की अस्थियों को दिल्ली से कीरतपुर साहिब लाया गया। इस दौरान अकाली दल की ओर से पूर्व शिक्षा मंत्री डॉ. दलजीत सिंह चीमा मौजूद रहे। अस्थियों को रखकर पहले तख्त श्री केसगढ़ साहिब के हेड ग्रंथी भाई फूला सिंह द्वारा अरदास की गई। इसके बाद 12 सिखों और एक हिंदू की अस्थियों को विसर्जन किया गया। इस दौरान मास्टर अवतार सिंह, रबेल सिंह, अनूप सिंह, सतनाम सिंह, राजू सिंह, अमरीक सिंह, तरनजीत सिंह, नरेंद्र सिंह, मनजीत सिंह, इंद्रजीत सिंह, बलजीत सिंह और हिंदू परिवार से विकी कुमार की अस्थियां विसर्जित की गई।
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अफगानिस्तान से आए सिख परिवारों के साथ पूर्व शिक्षा मंत्री दलजीत सिंह चीमा ने अफसोस जाहिर किया और सिखों की सुरक्षा यकीनी बनाए जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सिखों की सुरक्षा की नीति बनाई जानी चाहिए। इस आत्मघाती हमले की जितनी भी निंदा की जाए कम है।
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अफगानिस्तान से आई सिख संगत ने कहा कि वह न अफगानिस्तान के हैं और न भारत के। अगर उन्हें भारत का वीजा लेना होता है तो उन्हें भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। उनसे पूछा जाता है कि भारत में आपको कहां जाना है, वहां के बारे में संपूर्ण जानकारी दें। उनकी माने तो वहां पर रह रहे 1200 परिवार भारी दुविधा में हैं।
इस दौरान दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी सदस्य कुलवंत सिंह बाठ, पूर्व मंत्री सतवंत कौर संधू, शिरोमणि कमेटी सदस्य अमरजीत सिंह चावला, प्रिंसिपल सुरेंद्र सिंह, अजमेर सिंह खेड़ा, परमजीत सिंह लखोवाल, जसवीर सिंह मैनेजर तख्त श्री केसगढ़ साहिब, एडवोकेट हरदेव सिंह रणजीत सिंह, सहायक मैनेजर भूपेंद्र सिंह, सहायक मैनेजर जरनैल सिंह गुरुद्वारा, इंस्पेक्टर भूपेंद्र सिंह, सहायक मैनेजर दलजीत कौर, मोहन सिंह, संदीप सिंह कलोता, शमशेर सिंह, मनजिंदर सिंह बराड़, तेजेंद्र सिंह पप्पू, दलजीत सिंह उपस्थित थे।