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सीएम की नशे पर समीक्षा बैठक में एसएसपी बरनाला की हो सकती है जबाव तलबी
Updated Mon, 23 Jul 2018 10:24 PM IST
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नशे पर समीक्षा बैठक में एसएसपी से हो सकती है जवाबतलबी
मुख्यमंत्री कैप्टन जिला पुलिस मुखियों के साथ आज करेंगे नशे पर आज करेंगे समीक्षा बैठक
अमर उजाला ब्यूरो
बरनाला। राज्य के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह मंगलवार को जुलाई को पंजाब के समूह जिला पुलिस मुखियो सहित नशे पर समीक्षा करेंगे, लेकिन बरनाला की सांसी बस्ती में एक सदी से लग रही नशा मंडी पर एसएसपी बरनाला क्या जबाव देंगे, इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। बता दें कि बरनाला की सांसी बस्ती, जिसको नशे की मंडी के तौर पर जाना जाने लगा है। यह नशा मंडी एक सदी से चल रही है, लेकिन बरनाला पुलिस इसको बंद करवाने में बुरी तरह विफल सिद्ध हुई है। इस बस्ती में रहने वाले सांसी बिरादरी के लोग नशा बेचने के काम करते हैं। जिस कारण महिलाओं सहित इस बस्ती के 95 प्रतिशत लोगों पर नशे के मामले दर्ज हैं। इस नशा मंडी को एक सदी बीत जाने पर भी पुलिस बंद नही करवा पाई। इर्दगिर्द गांवों के नौजवान सुबह होते ही नशा मंडी के तौर पर जानी जाती इस सांसी बस्ती में पहुंच जाते हैं। जहां से उनको स्मेक की पूड़िया, भूक्की, अफीम व मेडिकल नशे की किट आसानी से मिल जाती है। कई नौजवानों की मौत का सामान बन रही है यह नशे की मंडी। दूसरी तरफ आज एसएसपी बरनाला हरजीत सिंह के नेतृत्व में नशा तस्करों पर नकेल कसने के लिए चलाई मुहिम के तहत पीसीआर जवानों द्वारा गश्त दौरान सांस बस्ती में शक के आधार पर बस्ती में से गुजर रहे व्यक्तियों की तलाशी ली गई। एसएसपी ने बताया कि पीसीआर जवान प्रतिदिन इस सांसी बस्ती में गश्त करते रहते हैं। इस दौरान अगर उन्हें किसी व्यक्ति पर शक होता है, तो वह उसकी तलाशी लेते हैं। नशे का सामान बरामद होने पर वहआरोपी को अपनी बाइक पर बैठा करके थाना सिटी ले जाते हैं, जहां अधिकारियों द्वारा केस दर्ज करके कार्रवाई की जाती है। वह अपनी ड्यूटी तनदेही से कर रहे हैं व किसी भी व्यक्ति को नशा के व्यापारी को देख व्यक्ति को काबू कर लेते हैं। उन्होंने इस बस्ती पर पूरी पैनी नजर बनाई हुई है। जबकि हलके के आप के विधायक गुरमीत सिंह मीत हेयर ने कहा कि कैप्टन सरकार नशे पर काबू करने में नाकामयाब सिद्ध हुई है, नशा अकाली भाजपा सरकार से ज्यादा कैप्टन सरकार में बिकने लगा है। जबकि पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष केवल ढिल्लों ने कहा कि नशे तस्करों को छोडने वाले या उनसे मिलभुगत कर नशा बिकवाने वाले पुलिस अधिकारियों को किसी भी सूरत में बख्शा नही जाएगा।
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मुख्यमंत्री कैप्टन जिला पुलिस मुखियों के साथ आज करेंगे नशे पर आज करेंगे समीक्षा बैठक
अमर उजाला ब्यूरो
बरनाला। राज्य के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह मंगलवार को जुलाई को पंजाब के समूह जिला पुलिस मुखियो सहित नशे पर समीक्षा करेंगे, लेकिन बरनाला की सांसी बस्ती में एक सदी से लग रही नशा मंडी पर एसएसपी बरनाला क्या जबाव देंगे, इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। बता दें कि बरनाला की सांसी बस्ती, जिसको नशे की मंडी के तौर पर जाना जाने लगा है। यह नशा मंडी एक सदी से चल रही है, लेकिन बरनाला पुलिस इसको बंद करवाने में बुरी तरह विफल सिद्ध हुई है। इस बस्ती में रहने वाले सांसी बिरादरी के लोग नशा बेचने के काम करते हैं। जिस कारण महिलाओं सहित इस बस्ती के 95 प्रतिशत लोगों पर नशे के मामले दर्ज हैं। इस नशा मंडी को एक सदी बीत जाने पर भी पुलिस बंद नही करवा पाई। इर्दगिर्द गांवों के नौजवान सुबह होते ही नशा मंडी के तौर पर जानी जाती इस सांसी बस्ती में पहुंच जाते हैं। जहां से उनको स्मेक की पूड़िया, भूक्की, अफीम व मेडिकल नशे की किट आसानी से मिल जाती है। कई नौजवानों की मौत का सामान बन रही है यह नशे की मंडी। दूसरी तरफ आज एसएसपी बरनाला हरजीत सिंह के नेतृत्व में नशा तस्करों पर नकेल कसने के लिए चलाई मुहिम के तहत पीसीआर जवानों द्वारा गश्त दौरान सांस बस्ती में शक के आधार पर बस्ती में से गुजर रहे व्यक्तियों की तलाशी ली गई। एसएसपी ने बताया कि पीसीआर जवान प्रतिदिन इस सांसी बस्ती में गश्त करते रहते हैं। इस दौरान अगर उन्हें किसी व्यक्ति पर शक होता है, तो वह उसकी तलाशी लेते हैं। नशे का सामान बरामद होने पर वहआरोपी को अपनी बाइक पर बैठा करके थाना सिटी ले जाते हैं, जहां अधिकारियों द्वारा केस दर्ज करके कार्रवाई की जाती है। वह अपनी ड्यूटी तनदेही से कर रहे हैं व किसी भी व्यक्ति को नशा के व्यापारी को देख व्यक्ति को काबू कर लेते हैं। उन्होंने इस बस्ती पर पूरी पैनी नजर बनाई हुई है। जबकि हलके के आप के विधायक गुरमीत सिंह मीत हेयर ने कहा कि कैप्टन सरकार नशे पर काबू करने में नाकामयाब सिद्ध हुई है, नशा अकाली भाजपा सरकार से ज्यादा कैप्टन सरकार में बिकने लगा है। जबकि पंजाब प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष केवल ढिल्लों ने कहा कि नशे तस्करों को छोडने वाले या उनसे मिलभुगत कर नशा बिकवाने वाले पुलिस अधिकारियों को किसी भी सूरत में बख्शा नही जाएगा।