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भारत बंद आह्वान सुर्पीम कोर्ट व संविधान के खिलाफ।
Updated Sun, 01 Apr 2018 10:53 PM IST
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‘भारत बंद सुप्रीम कोर्ट व संविधान के खिलाफ’
बरनाला। भारत की सर्वोच्च न्यायालय द्वारा एससी व एसटी एक्ट अधिनियम के संदर्भ में दिए गए फैसले का विरोध कर भारत बंद आह्वान कर रहे संगठन आदेशों की उल्लंघना ही नहीं कर रहे, बल्कि देश के संविधान की अवमानना भी कर रहे हैं। ऐसा करना देशद्रोह से कम नहीं। यह बात राष्ट्रस्तर पर गठित जनरल कैटेगरी युवा ब्रिगेड ने व्हाट्सएप पर वायरल कर पहुंचाया जा रहा है। ब्रिगेड प्रवक्ताओं के अनुसार उनके संदेश को भारत देश के ही नहीं विदेशों में बैठे 27 हजार करोड़ लोगों ने भी पढ़ा है। जिनके मिले ज्यादातर कमेंट में अदालत के आदेश का समर्थन करने व सम्मान करने के बारे में लिखा गया है।
एसएसपी हरजीत सिंह का कहना है कि असामाजिक तत्वों से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह से वचनबद्ध है। किसी भी व्यक्ति को कानून व्यवस्था से खिलवाड़ नहीं करने दिया जाएगा। अगर कोई शरारती तत्व शांति भंग करते वक्त देखा गया तो उसे बख्शा नहीं जाएगा।
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बरनाला। भारत की सर्वोच्च न्यायालय द्वारा एससी व एसटी एक्ट अधिनियम के संदर्भ में दिए गए फैसले का विरोध कर भारत बंद आह्वान कर रहे संगठन आदेशों की उल्लंघना ही नहीं कर रहे, बल्कि देश के संविधान की अवमानना भी कर रहे हैं। ऐसा करना देशद्रोह से कम नहीं। यह बात राष्ट्रस्तर पर गठित जनरल कैटेगरी युवा ब्रिगेड ने व्हाट्सएप पर वायरल कर पहुंचाया जा रहा है। ब्रिगेड प्रवक्ताओं के अनुसार उनके संदेश को भारत देश के ही नहीं विदेशों में बैठे 27 हजार करोड़ लोगों ने भी पढ़ा है। जिनके मिले ज्यादातर कमेंट में अदालत के आदेश का समर्थन करने व सम्मान करने के बारे में लिखा गया है।
एसएसपी हरजीत सिंह का कहना है कि असामाजिक तत्वों से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह से वचनबद्ध है। किसी भी व्यक्ति को कानून व्यवस्था से खिलवाड़ नहीं करने दिया जाएगा। अगर कोई शरारती तत्व शांति भंग करते वक्त देखा गया तो उसे बख्शा नहीं जाएगा।
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