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27 जुलाई को लगेगा चंद्र ग्रहण
Updated Wed, 18 Jul 2018 01:44 AM IST
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खग्रास चंद्र ग्रहण 27 को
- रात 11.54 मिनट से सुबह 3 बजकर 49 मिनट तक रहेगा ग्रहण
- दोपहर बाद 2 बजकर 54 मिनट पर प्रारंभ हो जाएगा सूतक
नीरज कुमार
चंडीगढ़। आषाढ़ पूर्णिमा की रात 27 जुलाई को आधी रात में खग्रास चंद्र ग्रहण लगेगा। यह खग्रास चंद्र ग्रहण भारत में दिखाई देगा। ग्रहण का सूतक दोपहर बाद 2.54 बजे प्रारंभ होगा। यह बात सेक्टर-45 निवासी सिद्धांत ज्योतिषाचार्य और कर्मकांडी आचार्य रवींद्र कुमार मिश्र ने कही। सूतक लगने के कारण शाम के समय मंदिर के कपाट नहीं खुलेंगे।
यह ग्रहण आषाढ़ शुक्ल पूर्णिमा और उत्तराषाढ़ नक्षत्र के अंतिम दो घटी एवं श्रवण नक्षत्र के आद में खग्रास चंद्र ग्रहण होगा। उत्तराषाढ़ के चतुर्थ चरण में होने के कारण यह मकर राशि के जातकों विशेष कर उत्तराषाढ़ के चतुर्थ चरण एवं श्रवण नक्षत्र के प्रथम चरण में जन्म लेने वाले व्यक्तियों के लिए घातक है। मकर राशि पर ग्रहण होने के कारण मकर राशि के जातकों के लिए हानिकारक रहेगा।
रवींद्र कुमार मिश्र ने बताया कि कुछ विशिष्ट व्यक्तियों एवं शासकों के लिए भी संघर्षमय स्थिति उत्पन्न करेगा। खग्रास चंद्र ग्रहण के समय मकरस्थ चंद्र के साथ स्थित मंगल और केतु पर राहु, सूर्य और बुध की दृष्टि है। सूर्य राहु के साथ शनि का षडष्टक योग भी बन रहा है, इसलिए राजनीतिज्ञों और शासकों में भी उथल-पुथल रहेगा। देश के कुछ भागों में भारी प्राकृतिक आपदा से जनधन की हानि होगी। चूंकि चंद्रमा क्रूर ग्रह से युक्त एवं सूर्य राहु से दृश्य होने के कारण राजनीतिज्ञों के लिए चिंताजनक है। खग्रास चंद्र ग्रहण आषाढ़ मास में घटित हो रहा है। यह कुछ प्रांतों में सूखे से जनजीवन त्रस्त रहेगा।
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इस प्रकार होगा ग्रहण का स्पर्श और आदि काल
ग्रहण समय
ग्रहण का स्पर्श 23:54
खग्रास प्रारंभ 01:00
ग्रहण का मध्य काल 00:54
खग्रास समाप्त 02:43
ग्रहण का मोक्ष काल 03:49
ग्रहण का पर्व काल 03:55
-------------------------------------------
मकर राशीस्थ चंद्र ग्रहण फल...
मेष- इस राशि केलिए सुख संपत्ति का लाभ होगा।
वृष- मान अपमान का योग है, सावधान रहिए।
मिथुन- शारीरिक, मानसिक, पारिवारिक परेशानी होगी।
कर्क- पति पत्नी परेशान होंगे।
सिंह- सामान्य सुख का योग।
कन्या- मानसिक परेशानी होगी।
तुला- इस राशि वालों के लिए कष्टकारक होगा।
वृश्चिक- जन-धन का लाभ।
धनु- जन-धन की हानि।
मकर- विशेष कष्टकर और घातक सरेग है।
कुंभ- व्यापार नौकरी और विद्या की हानि।
मीन- हर प्रकार से लाभ, सुख संपति की प्राप्ति।
मेष, सिंह, वृश्चिक और मीन राशि वालों के लिए यह ग्रहण किसी राज योग से कम नहीं है। इनके लिए अत्यंत लाभकारी है। अन्य आठ राशि वालों के लिए कष्टदायक है।
वृष मिथुन कर्क कन्या तुला धनु मकर और कुंभ राशियों के लिए यह खग्रास अशुभ है। स्नान, दान, जप आदि करना शुभ रहेगा।
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- रात 11.54 मिनट से सुबह 3 बजकर 49 मिनट तक रहेगा ग्रहण
- दोपहर बाद 2 बजकर 54 मिनट पर प्रारंभ हो जाएगा सूतक
नीरज कुमार
चंडीगढ़। आषाढ़ पूर्णिमा की रात 27 जुलाई को आधी रात में खग्रास चंद्र ग्रहण लगेगा। यह खग्रास चंद्र ग्रहण भारत में दिखाई देगा। ग्रहण का सूतक दोपहर बाद 2.54 बजे प्रारंभ होगा। यह बात सेक्टर-45 निवासी सिद्धांत ज्योतिषाचार्य और कर्मकांडी आचार्य रवींद्र कुमार मिश्र ने कही। सूतक लगने के कारण शाम के समय मंदिर के कपाट नहीं खुलेंगे।
यह ग्रहण आषाढ़ शुक्ल पूर्णिमा और उत्तराषाढ़ नक्षत्र के अंतिम दो घटी एवं श्रवण नक्षत्र के आद में खग्रास चंद्र ग्रहण होगा। उत्तराषाढ़ के चतुर्थ चरण में होने के कारण यह मकर राशि के जातकों विशेष कर उत्तराषाढ़ के चतुर्थ चरण एवं श्रवण नक्षत्र के प्रथम चरण में जन्म लेने वाले व्यक्तियों के लिए घातक है। मकर राशि पर ग्रहण होने के कारण मकर राशि के जातकों के लिए हानिकारक रहेगा।
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रवींद्र कुमार मिश्र ने बताया कि कुछ विशिष्ट व्यक्तियों एवं शासकों के लिए भी संघर्षमय स्थिति उत्पन्न करेगा। खग्रास चंद्र ग्रहण के समय मकरस्थ चंद्र के साथ स्थित मंगल और केतु पर राहु, सूर्य और बुध की दृष्टि है। सूर्य राहु के साथ शनि का षडष्टक योग भी बन रहा है, इसलिए राजनीतिज्ञों और शासकों में भी उथल-पुथल रहेगा। देश के कुछ भागों में भारी प्राकृतिक आपदा से जनधन की हानि होगी। चूंकि चंद्रमा क्रूर ग्रह से युक्त एवं सूर्य राहु से दृश्य होने के कारण राजनीतिज्ञों के लिए चिंताजनक है। खग्रास चंद्र ग्रहण आषाढ़ मास में घटित हो रहा है। यह कुछ प्रांतों में सूखे से जनजीवन त्रस्त रहेगा।
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इस प्रकार होगा ग्रहण का स्पर्श और आदि काल
ग्रहण समय
ग्रहण का स्पर्श 23:54
खग्रास प्रारंभ 01:00
ग्रहण का मध्य काल 00:54
खग्रास समाप्त 02:43
ग्रहण का मोक्ष काल 03:49
ग्रहण का पर्व काल 03:55
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मकर राशीस्थ चंद्र ग्रहण फल...
मेष- इस राशि केलिए सुख संपत्ति का लाभ होगा।
वृष- मान अपमान का योग है, सावधान रहिए।
मिथुन- शारीरिक, मानसिक, पारिवारिक परेशानी होगी।
कर्क- पति पत्नी परेशान होंगे।
सिंह- सामान्य सुख का योग।
कन्या- मानसिक परेशानी होगी।
तुला- इस राशि वालों के लिए कष्टकारक होगा।
वृश्चिक- जन-धन का लाभ।
धनु- जन-धन की हानि।
मकर- विशेष कष्टकर और घातक सरेग है।
कुंभ- व्यापार नौकरी और विद्या की हानि।
मीन- हर प्रकार से लाभ, सुख संपति की प्राप्ति।
मेष, सिंह, वृश्चिक और मीन राशि वालों के लिए यह ग्रहण किसी राज योग से कम नहीं है। इनके लिए अत्यंत लाभकारी है। अन्य आठ राशि वालों के लिए कष्टदायक है।
वृष मिथुन कर्क कन्या तुला धनु मकर और कुंभ राशियों के लिए यह खग्रास अशुभ है। स्नान, दान, जप आदि करना शुभ रहेगा।