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सरल केंद्रों में साफ्टवेयर नहीं कर रहे काम, परेशानी
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सरल केंद्र पर लगी भीड़।
- फोटो : Palwal
सरल केंद्रों में सॉफ्टवेयर नहीं कर रहे काम, परेशानी
होडल। उपमंडल के सरल केंद्र में सॉफ्टवेयर किसानों के लिए मुसीबत बन गया है। इस सॉफ्टवेयर से काम नहीं हो पा रहा है। जिसके कारण किसान पटवारी तहसील ऑफिस के चक्कर काट रहे हैं। पिछले चार महीने से किसानों जमीन का एक भी इंतकाल दर्ज नहीं हो पाया है, जिससे किसानों की ऋण संबंधी कार्य व अन्य कार्य पूरी तरह से ठप हो गए है। किसानों को पटवारियों और तहसील कार्यालय के चक्कर काटने में समय गुजर रहा है ।
किसान टीकाराम ,हरि सिंह, विष्णु, यशपाल आदि ने बताया कि इस सॉफ्टवेयर में नामांतरण, फौती, बंटवारा ऑप्शन भी वर्तमान में नहीं दिख रहा है। इसके कारण रिकॉर्ड दुरुस्तीकरण नामांतरण की प्रक्रिया रुकी हुई है। इसके चलते किसानों को बैंकिंग कार्यों के लिए आवश्यक दस्तावेज में कुछ कमियों को दूर कराने में पसीना छूट रहा है। उन्होंने कहा कि हम किसानों को सोसायटी से खाद बीज का ऋण लेने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है ।
बैंक से ऋण लेने में मुसीबत बढ़ी
खरीफ की तैयारी प्रारंभ होने वाली है। इसके लिए किसान ऋण लेने जिला सहकारी बैंक के चक्कर लगा रहे हैं। इस वर्ष जिला सहकारी बैंक में भी कर्ज लेने की इंट्री ऑनलाइन की जा रही है। किसानों का जमीन का रिकॉर्ड नहीं दिखाने से बैंक से कर्ज नहीं ले पा रहे हैं।
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जल्द होगा समस्या का समाधान
इस बारे में तहसीलदार गुरुदेव सिंह का कहना है कि रिकॉर्ड का मामला मुख्यालय के बीच में फंसा हुआ है। जल्द समस्या का समाधान किया जाएगा। किसानों को कोई परेशानी नहीं होनी दी जाएंगी।
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होडल। उपमंडल के सरल केंद्र में सॉफ्टवेयर किसानों के लिए मुसीबत बन गया है। इस सॉफ्टवेयर से काम नहीं हो पा रहा है। जिसके कारण किसान पटवारी तहसील ऑफिस के चक्कर काट रहे हैं। पिछले चार महीने से किसानों जमीन का एक भी इंतकाल दर्ज नहीं हो पाया है, जिससे किसानों की ऋण संबंधी कार्य व अन्य कार्य पूरी तरह से ठप हो गए है। किसानों को पटवारियों और तहसील कार्यालय के चक्कर काटने में समय गुजर रहा है ।
किसान टीकाराम ,हरि सिंह, विष्णु, यशपाल आदि ने बताया कि इस सॉफ्टवेयर में नामांतरण, फौती, बंटवारा ऑप्शन भी वर्तमान में नहीं दिख रहा है। इसके कारण रिकॉर्ड दुरुस्तीकरण नामांतरण की प्रक्रिया रुकी हुई है। इसके चलते किसानों को बैंकिंग कार्यों के लिए आवश्यक दस्तावेज में कुछ कमियों को दूर कराने में पसीना छूट रहा है। उन्होंने कहा कि हम किसानों को सोसायटी से खाद बीज का ऋण लेने में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है ।
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बैंक से ऋण लेने में मुसीबत बढ़ी
खरीफ की तैयारी प्रारंभ होने वाली है। इसके लिए किसान ऋण लेने जिला सहकारी बैंक के चक्कर लगा रहे हैं। इस वर्ष जिला सहकारी बैंक में भी कर्ज लेने की इंट्री ऑनलाइन की जा रही है। किसानों का जमीन का रिकॉर्ड नहीं दिखाने से बैंक से कर्ज नहीं ले पा रहे हैं।
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जल्द होगा समस्या का समाधान
इस बारे में तहसीलदार गुरुदेव सिंह का कहना है कि रिकॉर्ड का मामला मुख्यालय के बीच में फंसा हुआ है। जल्द समस्या का समाधान किया जाएगा। किसानों को कोई परेशानी नहीं होनी दी जाएंगी।