{"_id":"68602288d8cadc4b9e0bf5e7","slug":"now-697-children-are-away-from-school-in-the-district-palwal-news-c-24-1-gr11004-115765-2025-06-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Palwal News: जिले में अब 697 बच्चे स्कूल से दूर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Palwal News: जिले में अब 697 बच्चे स्कूल से दूर
विज्ञापन
पिछले साल की तुलना में संख्या बढी, अधिकारियों का कहना-आगामी दिनों में गिरावट देखने को मिलेगी
राहुल राज
पलवल। जिले में शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक संकेत देखने को मिल रहा हैं। पिछले पांच वर्षों में स्कूल छोड़ने वाले यानी ड्रॉपआउट बच्चों की संख्या में निरंतर कमी आई है। यह बदलाव शिक्षा विभाग की ओर से चलाए जा रहे विशेष जागरूकता अभियानों, पुनः नामांकन ड्राइव और सामुदायिक सहयोग का परिणाम माना जा रहा है।
हालांकि, इस बार पिछले साल की तुलना में कुछ संख्या बढ़ी है। लेकिन अधिकारियों का मानना है कि यह सर्वे के शुरुआती चरण का आंकड़ा है और आगामी महीनों में नामांकन प्रक्रिया के चलते संख्या में गिरावट देखने को मिलेगी।
जिले में कुल 604 राजकीय स्कूल संचालित हैं, जिनमें बच्चों को नामांकित कर शिक्षा की मुख्यधारा में जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। आउट ऑफ स्कूल चिल्ड्रेन के लिए किए गए सर्वे में यह सामने आया है कि वर्ष 2021-22 की तुलना में 2024-25 तक आंकड़ों में गिरावट दर्ज हुई है।
विज्ञापन
वर्षवार आंकड़े इस प्रकार हैं
2021-22 : 1400 बच्चे
2022-23: 3011 बच्चे
2023-24: 1636 बच्चे
2024-25: 652 बच्चे
2025- अब तक : 697 बच्चे
-- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -- -
स्कूल छोड़ने के पीछे का मुख्य कारण आर्थिक तंगी, परिवार की अनदेखी, जागरूकता की कमी और आवागमन की समस्या है। इन चुनौतियों को दूर करने के लिए विभाग की ओर से मुफ्त शिक्षा सामग्री, छात्रवृत्ति, स्कूल परिवहन सुविधा, और समय-समय पर काउंसलिंग सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। -अशोक बघेल, जिला शिक्षा अधिकारी
विज्ञापन
राहुल राज
पलवल। जिले में शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक संकेत देखने को मिल रहा हैं। पिछले पांच वर्षों में स्कूल छोड़ने वाले यानी ड्रॉपआउट बच्चों की संख्या में निरंतर कमी आई है। यह बदलाव शिक्षा विभाग की ओर से चलाए जा रहे विशेष जागरूकता अभियानों, पुनः नामांकन ड्राइव और सामुदायिक सहयोग का परिणाम माना जा रहा है।
हालांकि, इस बार पिछले साल की तुलना में कुछ संख्या बढ़ी है। लेकिन अधिकारियों का मानना है कि यह सर्वे के शुरुआती चरण का आंकड़ा है और आगामी महीनों में नामांकन प्रक्रिया के चलते संख्या में गिरावट देखने को मिलेगी।
विज्ञापन
जिले में कुल 604 राजकीय स्कूल संचालित हैं, जिनमें बच्चों को नामांकित कर शिक्षा की मुख्यधारा में जोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। आउट ऑफ स्कूल चिल्ड्रेन के लिए किए गए सर्वे में यह सामने आया है कि वर्ष 2021-22 की तुलना में 2024-25 तक आंकड़ों में गिरावट दर्ज हुई है।
विज्ञापन
वर्षवार आंकड़े इस प्रकार हैं
2021-22 : 1400 बच्चे
2022-23: 3011 बच्चे
2023-24: 1636 बच्चे
2024-25: 652 बच्चे
2025- अब तक : 697 बच्चे
स्कूल छोड़ने के पीछे का मुख्य कारण आर्थिक तंगी, परिवार की अनदेखी, जागरूकता की कमी और आवागमन की समस्या है। इन चुनौतियों को दूर करने के लिए विभाग की ओर से मुफ्त शिक्षा सामग्री, छात्रवृत्ति, स्कूल परिवहन सुविधा, और समय-समय पर काउंसलिंग सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। -अशोक बघेल, जिला शिक्षा अधिकारी