पलवल। चैत्र नवरात्र के सातवें दिन शुक्रवार को दुर्गा मां के सातवें स्वरूप मां कालरात्रि के स्वरूप का पूजन किया गया। सुबह से ही मंदिरों में मां के जयकारे गूंजने लगे तथा आरती सुनाई देने लगी। महिलाएं तैयार होकर पूजा करने के लिए मंदिरों में पहुंच गईं। पूजा करने आई महिलाओं को पुजारियों ने मां कालरात्रि की कथा भी सुनाई। वहीं, महिलाओं ने शनिवार को अष्टमी की तैयारियां कीं तथा बाजार से कंजकों के लिए उपहार भी खरीदे।
शुक्रवार को भी पूजा करने वाले श्रद्धालुओं की शहर के कमेटी चौक स्थित देवी मंदिर, रेलवे रोड स्थित खोंटा मंदिर, कलूटी हनुमान मंदिर, कामेश्वर महादेव मंदिर, लक्ष्मीनारायण मंदिर, श्रीगंगा लक्ष्मीनारायण मंदिर, श्रीदुर्गा मंदिर, पचोवन मंदिर, जंगेश्वर मंदिर में सर्वाधिक भीड़ देखी गई। वहीं, घरों में भी मां दुर्गा की पूजा की गई। जिन घरों में नवरात्रों में अष्टमी मनाई जाती है, वहां अष्टमी की तैयारियां की गईं। अष्टमी के साथ रविवार को नवमीं की तैयारियों में काफी श्रद्धालु जुटे रहे। बाजारों से कंजकों के लिए लोगों ने उपहार भी लिए। किसी ने टिफिन तो किसी ने अन्य उपहार कंजकों को भोजन प्रसाद कराने के बाद देने के लिए लिए। बाजारों में अष्टमी की पूजा की सामग्री तथा व्रत खोलने का सामान खरीदने वाले खरीदारी करते हुए दिखाई दिए।