{"_id":"6a9b0bf6eabfb032ee0d0585","slug":"information-on-road-safety-and-first-aid-was-provided-palwal-news-c-25-1-mwt1001-115186-2026-09-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Palwal News: सड़क सुरक्षा और प्राथमिक उपचार की दी जानकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Palwal News: सड़क सुरक्षा और प्राथमिक उपचार की दी जानकारी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। जिला रेड क्रॉस सोसायटी नूंह की ओर से एसईडब्ल्यू यूरोड्राइव इंडिया प्राइवेट लिमिटेड में दो दिवसीय सड़क सुरक्षा, जीवन रक्षा एवं प्राथमिक उपचार कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें कंपनी के करीब 50 कर्मचारियों ने हिस्सा लिया। कार्यशाला में कर्मचारियों को सड़क दुर्घटना के बाद घायल व्यक्ति को समय पर प्राथमिक उपचार देने और सीपीआर की तकनीक का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। उपायुक्त अखिल पिलानी ने कहा कि सड़क दुर्घटना के बाद शुरुआती कुछ मिनट बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। समय पर सही प्राथमिक उपचार मिलने से घायल व्यक्ति की जान बचाई जा सकती है। उन्होंने सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने और लोगों को इसके प्रति जागरूक करने पर जोर दिया। जिला रेड क्रॉस सोसायटी के जिला प्रशिक्षण अधिकारी महेश सिंह मलिक ने कर्मचारियों को हेलमेट, सीट बेल्ट और नशे की हालत में वाहन न चलाने के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने दोपहिया वाहन चालक के साथ पीछे बैठने वाले व्यक्ति के लिए भी हेलमेट की आवश्यकता बताई।
कार्यशाला के दौरान रक्तस्राव रोकने, घायल अंग को स्थिर रखने, घायल को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाने, आगजनी में बचाव और जहरीले पदार्थ के सेवन की स्थिति में प्राथमिक सहायता देने का प्रशिक्षण दिया गया। हृदय गति और सांस रुकने की स्थिति में सीपीआर का भी अभ्यास कराया गया। कंपनी के प्लांट हेड मुकेश कुमार ने सड़क सुरक्षा को प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी बताया। समापन पर एचआर हरपाल सिंह ने कर्मचारियों को सड़क सुरक्षा नियमों के पालन की शपथ दिलाई।
विज्ञापन
नूंह। जिला रेड क्रॉस सोसायटी नूंह की ओर से एसईडब्ल्यू यूरोड्राइव इंडिया प्राइवेट लिमिटेड में दो दिवसीय सड़क सुरक्षा, जीवन रक्षा एवं प्राथमिक उपचार कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें कंपनी के करीब 50 कर्मचारियों ने हिस्सा लिया। कार्यशाला में कर्मचारियों को सड़क दुर्घटना के बाद घायल व्यक्ति को समय पर प्राथमिक उपचार देने और सीपीआर की तकनीक का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। उपायुक्त अखिल पिलानी ने कहा कि सड़क दुर्घटना के बाद शुरुआती कुछ मिनट बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। समय पर सही प्राथमिक उपचार मिलने से घायल व्यक्ति की जान बचाई जा सकती है। उन्होंने सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करने और लोगों को इसके प्रति जागरूक करने पर जोर दिया। जिला रेड क्रॉस सोसायटी के जिला प्रशिक्षण अधिकारी महेश सिंह मलिक ने कर्मचारियों को हेलमेट, सीट बेल्ट और नशे की हालत में वाहन न चलाने के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने दोपहिया वाहन चालक के साथ पीछे बैठने वाले व्यक्ति के लिए भी हेलमेट की आवश्यकता बताई।
कार्यशाला के दौरान रक्तस्राव रोकने, घायल अंग को स्थिर रखने, घायल को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाने, आगजनी में बचाव और जहरीले पदार्थ के सेवन की स्थिति में प्राथमिक सहायता देने का प्रशिक्षण दिया गया। हृदय गति और सांस रुकने की स्थिति में सीपीआर का भी अभ्यास कराया गया। कंपनी के प्लांट हेड मुकेश कुमार ने सड़क सुरक्षा को प्रत्येक व्यक्ति की जिम्मेदारी बताया। समापन पर एचआर हरपाल सिंह ने कर्मचारियों को सड़क सुरक्षा नियमों के पालन की शपथ दिलाई।
विज्ञापन