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जिला ग्रीवेंस कमेटी की बैठक में छाया रहा रसूलपुर रेलवे लाइन पर पुल का मुद्दा

Mon, 21 Feb 2022 11:20 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Mon, 21 Feb 2022 11:20 PM IST
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district grivance commetti meeting
पलवल। सोमवार को लघु सचिवालय में आयोजित ग्रीवेंस कमेटी की बैठक में रसूलपुर रेलवे पुल का मुद्दा छाया रहा। प्रदेश सहकारिता मंत्री डॉ. बनवारी लाल के समक्ष पुल के कार्य जल्द पूरा कराने की गुहार लगाई गई। मंत्री ने अधिकारियों से जवाब मांगा तो उन्होंने ठेकेदार के सिर पुल निर्माण की देरी का ठीकरा फोड़ दिया। ठेकेदार ने भी अधिकारियों के सहयोग न करने के आरोप लगाए। दोनों ओर से आरोप-प्रत्यारोप के बाद आखिरकार ठेकेदार को चेतावनी देकर मामले को शांत कराया गया। मंत्री ने जिला उपायुक्त को रोजाना पुल के काम का ड्राफ्ट तैयार कर रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए। कहा कि यदि फिर भी ठेकेदार द्वारा लापरवाही बरती जाए तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाए।
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लघु सचिवालय के सभागार में आयोजित बैठक में कुल 17 परिवाद शामिल किए गए, जिनमें से 14 का निपटान मौके पर ही कर दिया गया, जबकि तीन शिकायत पेंडिंग रखी गई। शिकायतों में ज्यादा मामले में खंड विकास एवं पंचायत विभाग व पुलिस विभाग के थे। सबसे ज्यादा शिकायतें गांवों में रास्तों व जोहड़ पर अवैध कब्जों की रहीं। जिनमें ज्यादातर का रिकॉर्ड विभाग के पास न होने चलते उनका समाधान नहीं हो पाया। कई शिकायतों में दोबारा रास्तों की नपत कराने के निर्देश दिए गए हैं। शहर में अधूरे पड़े पुलों के निर्माण व जाम की बिगड़ती स्थिति भी ग्रीवेंस की बैठक में अहम मुद्दा रहा। यशपाल मावई व कुलदीप बैंसला द्वारा मंत्री के समक्ष रसूलपुल रेलवे पुल के निर्माण में बरती जा रही अनियमितताओं के बारे में शिकायत की गई। शिकायत में कहा गया कि वर्ष 2018 में पुल का निर्माण कार्य शुरू किया गया। 18 माह में कार्य पूरा होना था, परंतु साढे़ सतीन साल बीत जाने के बाद भी पुल का 50 प्रतिशत भी काम पूरा नहीं किया गया।
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मंत्री डॉ. बनवारी लाल ने एचएसआरडीसी के डीजीएम राहुल सिंह से जवाब मांगा गया तो उन्होंने कहा कि ठेकेदार द्वारा लापरवाही बरतने पर करीब 46 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया। ठेकेदार को जुलाई तक काम पूरा करने का एल्टीमेटम भी दिया गया है। इस पर फरीदाबाद की एमएस गुरुनानक इंजीनियरिंग सर्विसेज कंपनी के ठेकेदार ने कहा कि प्रशासन उनका सहयोग नहीं किया जा रहा है। बिजली व पानी की लाइनों को स्थानांतरित करवाने के लिए दर्जनों बार विभागों को चिट्ठी लिखी गई है, परंतु कोई सुनवाई नहीं होती। दोनों के आरोप-प्रत्यारोप को सुनकर मंत्री ने ठेकेदार को चेतावनी देते हुए कहा कि काम को जल्द से जल्द कार्य पूरा करें, अन्यथा ठेका रद्द कर दिया जाएगा। इसके अलावा जिला उपायुक्त को आदेश दिए कि पुल के कार्य की रोजाना रिपोर्ट तैयार की जाए। लापरवाही बरतने पर ठेकेदार पर कार्रवाई की जाए। इसके अलावा में शहर की बिगड़ती जाम व्यवस्था को सुधारने के जिला पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिए गए। इस अवसर पर जिला पुलिस अधीक्षक राजेश दुग्गल, विधायक प्रवीण डागर, होडल एसडीएम वकील अहमद सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।
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पहली सरकारों में तेजी से हो जाते थे काम
गांव अंधोप निवासी धर्मेंद्र बुजुर्गों को पेंशन न मिलने के मुद्दे को लेकर दूसरी बार शिकायत करने पहुंचे। शिकायत में कहा कि बुजुर्गों की दो माह की पेंशन लंबे समय से अटकी हुई है। उन्होंने कहा कि वे खुद पार्टी कार्यकर्ता हैं। इससे पहली सरकारों में काम तेजी से हो जाते थे। शिकायत पर मंत्री डॉ. बनवारी लाल ने कहा कि पूरे प्रदेश में दो माह की पेंशन रुकी थी, जिसे शीघ्र खातों में डलवा दिया जाएगा।

तुम तो अंधे हो तुम्हें सट्टे के बारे में कैसे पता
बैठक में शिकायत देने पहुंचे हथीन के वार्ड नंबर नौ निवासी नेत्रहीन चरण सिंह ने कहा कि उसके वार्ड में सट्टेबाजों की शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं की जा रही है। इस पर मंत्री ने कहा कि तुम्हें दिखाई नहीं देता, तुम्हें सट्टा खिलाने के बारे में कैसे पता चलता है। चरण ने जवाब दिया कि उसके बेटे उसे बताते रहते हैं। पुलिस ने जवाब दिया है कि शिकायत के आधार पर आरोपी के खिलाफ कार्रवाई कर दी गई है।
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