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Palwal News: विकास के दावों के बीच छह किलोमीटर रास्ता बेहाल
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ख़राब सड़क
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सद्दाम हुसैन
पिनगवां। विकास के दावों के बीच ढाणा से अकबरपुर तक का करीब छह किलोमीटर लंबा मार्ग आज भी पक्की नहीं हो सका। यह सड़क क्षेत्र के करीब आधा दर्जन गांवों को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है। लंबे समय से सड़क का निर्माण अधूरा होने के कारण ग्रामीणों को रोजाना आवागमन में परेशानी होती है। बारिश के दिनों में समस्या और गंभीर हो जाती है।
यह मार्ग ढाणा से शुरू होकर बुब्लहेड़ी, अकबरपुर, डूंगेजा, झारपुड़ी और गंगवानी सहित कई गांवों को जोड़ता है। ग्रामीणों के लिए बाजार, स्कूल, अस्पताल और अन्य जरूरी कार्यों के लिए यह प्रमुख रास्ता है। सड़क पक्की नहीं होने के कारण बरसात में जगह-जगह कीचड़ और गड्ढे बन जाते हैं। दोपहिया वाहन चालकों के साथ पैदल राहगीरों को भी इस रास्ते से गुजरने में काफी दिक्कत होती है। ग्रामीण असरुद्दीन, सलमान, मुफीद खान, हसरत अली और मुबारिक खान आदि ने बताया कि सड़क निर्माण की मांग कई वर्षों से की जा रही है। ग्रामीणों ने कई बार संबंधित विभाग के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के सामने समस्या रखी, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।
ग्रामीणों के मुताबिक करीब छह साल पहले सड़क के कुछ हिस्सों में रोड़े डाले गए थे। इससे लोगों को उम्मीद जगी थी कि जल्द ही मार्ग का निर्माण पूरा हो जाएगा, लेकिन इसके बाद काम आगे नहीं बढ़ा। समय बीतने के साथ रोड़े भी उखड़ने लगे और रास्ते की हालत खराब होती चली गई।
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बारिश में बढ़ जाती है परेशानी
ग्रामीणों का कहना है कि सामान्य दिनों में भी मार्ग पर धूल और गड्ढों के कारण परेशानी रहती है, जबकि बारिश के दौरान सड़क पर कीचड़ जमा हो जाता है। कई जगह पानी भरने से सड़क और आसपास का रास्ता दलदल में तब्दील हो जाता है। ऐसे में स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों, बुजुर्गों और दोपहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ती है।
ग्रामीणों के अनुसार यह मार्ग मार्केटिंग बोर्ड के अधीन आता है। उन्होंने प्रशासन और संबंधित विभाग से सड़क का जल्द निरीक्षण कर निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पक्की होने से आधा दर्जन गांवों के हजारों लोगों को आवागमन में बड़ी राहत मिलेगी और बरसात के दिनों में होने वाली परेशानी से भी निजात मिल सकेगी।
कोट
विभाग के संज्ञान में यह मार्ग पहले से है। मार्ग के बीच पहाड़ की जमीन आने के कारण सड़क निर्माण में बाधा उत्पन्न हो रही है। जमीन संबंधी अड़चन दूर होने के बाद ही मार्ग को पक्का बनाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सकेगी। -रियाज खान, कनिष्ठ अभियंता, मार्केट कमेटी
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पिनगवां। विकास के दावों के बीच ढाणा से अकबरपुर तक का करीब छह किलोमीटर लंबा मार्ग आज भी पक्की नहीं हो सका। यह सड़क क्षेत्र के करीब आधा दर्जन गांवों को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है। लंबे समय से सड़क का निर्माण अधूरा होने के कारण ग्रामीणों को रोजाना आवागमन में परेशानी होती है। बारिश के दिनों में समस्या और गंभीर हो जाती है।
यह मार्ग ढाणा से शुरू होकर बुब्लहेड़ी, अकबरपुर, डूंगेजा, झारपुड़ी और गंगवानी सहित कई गांवों को जोड़ता है। ग्रामीणों के लिए बाजार, स्कूल, अस्पताल और अन्य जरूरी कार्यों के लिए यह प्रमुख रास्ता है। सड़क पक्की नहीं होने के कारण बरसात में जगह-जगह कीचड़ और गड्ढे बन जाते हैं। दोपहिया वाहन चालकों के साथ पैदल राहगीरों को भी इस रास्ते से गुजरने में काफी दिक्कत होती है। ग्रामीण असरुद्दीन, सलमान, मुफीद खान, हसरत अली और मुबारिक खान आदि ने बताया कि सड़क निर्माण की मांग कई वर्षों से की जा रही है। ग्रामीणों ने कई बार संबंधित विभाग के अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के सामने समस्या रखी, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।
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ग्रामीणों के मुताबिक करीब छह साल पहले सड़क के कुछ हिस्सों में रोड़े डाले गए थे। इससे लोगों को उम्मीद जगी थी कि जल्द ही मार्ग का निर्माण पूरा हो जाएगा, लेकिन इसके बाद काम आगे नहीं बढ़ा। समय बीतने के साथ रोड़े भी उखड़ने लगे और रास्ते की हालत खराब होती चली गई।
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बारिश में बढ़ जाती है परेशानी
ग्रामीणों का कहना है कि सामान्य दिनों में भी मार्ग पर धूल और गड्ढों के कारण परेशानी रहती है, जबकि बारिश के दौरान सड़क पर कीचड़ जमा हो जाता है। कई जगह पानी भरने से सड़क और आसपास का रास्ता दलदल में तब्दील हो जाता है। ऐसे में स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों, बुजुर्गों और दोपहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ती है।
ग्रामीणों के अनुसार यह मार्ग मार्केटिंग बोर्ड के अधीन आता है। उन्होंने प्रशासन और संबंधित विभाग से सड़क का जल्द निरीक्षण कर निर्माण कार्य शुरू कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पक्की होने से आधा दर्जन गांवों के हजारों लोगों को आवागमन में बड़ी राहत मिलेगी और बरसात के दिनों में होने वाली परेशानी से भी निजात मिल सकेगी।
कोट
विभाग के संज्ञान में यह मार्ग पहले से है। मार्ग के बीच पहाड़ की जमीन आने के कारण सड़क निर्माण में बाधा उत्पन्न हो रही है। जमीन संबंधी अड़चन दूर होने के बाद ही मार्ग को पक्का बनाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सकेगी। -रियाज खान, कनिष्ठ अभियंता, मार्केट कमेटी