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मूलभूत सुविधाओं से वंचित वार्ड के रहिवासी
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 09 Jan 2017 12:03 AM IST
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वार्ड नं. 1 की खस्ताहाल सड़क
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शहर के वार्ड नंबर एक के रहिवासी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं। यहां बिजली, पानी और पक्की सड़कों की गंभीर समस्या बनी हुई है। हालांकि वार्ड पार्षद ने यहां पर कार्य करवाने के कुछ हद तक प्रयास किए लेकिन बजट नहीं मिलने के कारण कई कार्य अधर में लटके हुए हैं। जिससे वार्ड वासियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
नारनौल शहर में नगर परिषद के चुनाव मई 2016 में हुए थे इसके बाद जून में नप का गठन किया गया था। चुनाव से पूर्व शहर का वार्ड नंबर दो अब वार्ड नंबर एक बन गया है। नगर परिषद चुनाव से पूर्व शहर में 23 वार्ड थे लेकिन अब इनकी संख्या 25 हो गई है। इसके अलावा कई वार्डों के एरिया को भी बढ़ाया व घटाया दिया गया था। जिसके चलते शहर का पूर्व में वार्ड नंबर दो वर्तमान में वार्ड नंबर एक बना दिया गया। वार्ड नंबर एक पूर्व में आने वाले एरिया के अलावा रेवाड़ी रोड स्थित बे-चिराग के नाम से जाने जाना वाला गांव सुभाष नगर को भी शामिल किया गया है।
सुभाष नगर में समस्याओं का अंबार
इस तरह वार्ड नंबर एक में काफी बड़ा एरिया बन गया है। जिसका विकास करना भी एक चुनौती से कम नहीं है क्योंकि वार्ड नंबर एक के अंतर्गत शहर में आने वाले मोहल्लों में पिछली योजना में कार्य किया गया था। इसके चलते उनमें समस्या कम है लेकिन शहर से दो किलोमीटर रेवाड़ी रोड पर स्थित सुभाष नगर में समस्याओं का अंबार लगा हुआ है। यहां न तो लोगों को पर्याप्त बिजली मिल रही है और न पानी मिल रहा है। इसके अलावा न ही पक्की सड़के हैं और सीवर लाइन बिछाई गई है।
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नप चुनाव के बाद नहीं हुआ कोई विकास कार्य
नगर परिषद के चुनाव हुए छह माह से भी अधिक समय बीत चुका है लेकिन अभी तक वार्ड नंबर एक में कोई नया विकास कार्य देखने को नहीं मिला है। वार्ड नंबर एक में सुभाष नगर के अलावा महावीर चौक होते हुए महेंद्रगढ़ रोड का पूर्व की तरफ का क्षेत्र, जिसमें शास्त्री नगर, बिजली बोर्ड कर्मचारी कालोनी, स्टेट बैंक के पीछे का क्षेत्र, आनंद नगर कालोनी, सिविल कोर्ट के अंदर का क्षेत्र, खेतानाथ कॉलोनी भी शामिल है।
शास्त्री नगर में सीवर व पानी की गंभीर समस्या
वार्ड नंबर एक के तहत आने वाले शास्त्री नगर में रोड निर्माण के अलावा सीवर व पानी की गंभीर समस्या है। जिसके समाधान के लिए वार्ड पार्षद ने प्रयास भी किए लेकि न इन समस्याओं का समाधान नहीं हो सका।
बजट नहीं मिलने से अटके विकास कार्य
वार्ड नंबर एक में बिजली, पानी, लाइट, सीवर व सड़क जैसी अनेक समस्याएं है। इन सभी समस्याओं के लिए नगर परिषद को लिखित रूप से अवगत करवाया गया परंतु बजट के अभाव में विकास कार्य नहीं हो पा रहे हैं।
वार्ड में कही भी पक्की गलियां नहीं है। इस कारण गलियों में हमेशा गंदा पानी जमा रहता है। इससे काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। -बाबूलाल
वार्ड में बिजली की काफी समस्या बनी हुई है। इस क्षेत्र को घरेलू फीडर से जोड़ा गया है। जिसके चलते उन्हें दिन व रात में कुछ ही घंटे बिजली मिल पाती है। इससे बच्चों की पढ़ाई व परीक्षा के समय काफी परेशानी होती है।--उमराव सिंह
वार्ड में पीने के पानी व सीवर की समस्या बहुत पुरानी है। इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान होना चाहिए।--प्रवीण कुमार
वार्ड में कई मूलभूत समस्याएं बनी हुई है लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। वार्ड में सप्लाई के दो बोर लगवाए गए थे लेकिन मरम्मत के अभाव में वे भी नकारा हो चुके हैं। इस बारे में कई बार अधिकारियों को भी अवगत करवाया गया है परंतु समाधान नहीं हुआ।---नेमी सैनी
वार्ड में विकास कार्य करवाने के लिए मैंने नप की बैठक में मांग उठाई है, वहीं विकास कार्यों के लिए प्रस्ताव भी भेजा गया। परंतु कुछ अड़चनों के कारण विकास कार्य शुरू नहीं हो पाए है। इसके अलावा सीवर व पानी की मांग को लेकर भी कई बार वे अधिकारियों से मिल चुके हैं।---किशन लाल बोहरा, पार्षद वार्ड नंबर एक
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नारनौल शहर में नगर परिषद के चुनाव मई 2016 में हुए थे इसके बाद जून में नप का गठन किया गया था। चुनाव से पूर्व शहर का वार्ड नंबर दो अब वार्ड नंबर एक बन गया है। नगर परिषद चुनाव से पूर्व शहर में 23 वार्ड थे लेकिन अब इनकी संख्या 25 हो गई है। इसके अलावा कई वार्डों के एरिया को भी बढ़ाया व घटाया दिया गया था। जिसके चलते शहर का पूर्व में वार्ड नंबर दो वर्तमान में वार्ड नंबर एक बना दिया गया। वार्ड नंबर एक पूर्व में आने वाले एरिया के अलावा रेवाड़ी रोड स्थित बे-चिराग के नाम से जाने जाना वाला गांव सुभाष नगर को भी शामिल किया गया है।
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सुभाष नगर में समस्याओं का अंबार
इस तरह वार्ड नंबर एक में काफी बड़ा एरिया बन गया है। जिसका विकास करना भी एक चुनौती से कम नहीं है क्योंकि वार्ड नंबर एक के अंतर्गत शहर में आने वाले मोहल्लों में पिछली योजना में कार्य किया गया था। इसके चलते उनमें समस्या कम है लेकिन शहर से दो किलोमीटर रेवाड़ी रोड पर स्थित सुभाष नगर में समस्याओं का अंबार लगा हुआ है। यहां न तो लोगों को पर्याप्त बिजली मिल रही है और न पानी मिल रहा है। इसके अलावा न ही पक्की सड़के हैं और सीवर लाइन बिछाई गई है।
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नप चुनाव के बाद नहीं हुआ कोई विकास कार्य
नगर परिषद के चुनाव हुए छह माह से भी अधिक समय बीत चुका है लेकिन अभी तक वार्ड नंबर एक में कोई नया विकास कार्य देखने को नहीं मिला है। वार्ड नंबर एक में सुभाष नगर के अलावा महावीर चौक होते हुए महेंद्रगढ़ रोड का पूर्व की तरफ का क्षेत्र, जिसमें शास्त्री नगर, बिजली बोर्ड कर्मचारी कालोनी, स्टेट बैंक के पीछे का क्षेत्र, आनंद नगर कालोनी, सिविल कोर्ट के अंदर का क्षेत्र, खेतानाथ कॉलोनी भी शामिल है।
शास्त्री नगर में सीवर व पानी की गंभीर समस्या
वार्ड नंबर एक के तहत आने वाले शास्त्री नगर में रोड निर्माण के अलावा सीवर व पानी की गंभीर समस्या है। जिसके समाधान के लिए वार्ड पार्षद ने प्रयास भी किए लेकि न इन समस्याओं का समाधान नहीं हो सका।
बजट नहीं मिलने से अटके विकास कार्य
वार्ड नंबर एक में बिजली, पानी, लाइट, सीवर व सड़क जैसी अनेक समस्याएं है। इन सभी समस्याओं के लिए नगर परिषद को लिखित रूप से अवगत करवाया गया परंतु बजट के अभाव में विकास कार्य नहीं हो पा रहे हैं।
वार्ड में कही भी पक्की गलियां नहीं है। इस कारण गलियों में हमेशा गंदा पानी जमा रहता है। इससे काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। -बाबूलाल
वार्ड में बिजली की काफी समस्या बनी हुई है। इस क्षेत्र को घरेलू फीडर से जोड़ा गया है। जिसके चलते उन्हें दिन व रात में कुछ ही घंटे बिजली मिल पाती है। इससे बच्चों की पढ़ाई व परीक्षा के समय काफी परेशानी होती है।--उमराव सिंह
वार्ड में पीने के पानी व सीवर की समस्या बहुत पुरानी है। इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान होना चाहिए।--प्रवीण कुमार
वार्ड में कई मूलभूत समस्याएं बनी हुई है लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। वार्ड में सप्लाई के दो बोर लगवाए गए थे लेकिन मरम्मत के अभाव में वे भी नकारा हो चुके हैं। इस बारे में कई बार अधिकारियों को भी अवगत करवाया गया है परंतु समाधान नहीं हुआ।---नेमी सैनी
वार्ड में विकास कार्य करवाने के लिए मैंने नप की बैठक में मांग उठाई है, वहीं विकास कार्यों के लिए प्रस्ताव भी भेजा गया। परंतु कुछ अड़चनों के कारण विकास कार्य शुरू नहीं हो पाए है। इसके अलावा सीवर व पानी की मांग को लेकर भी कई बार वे अधिकारियों से मिल चुके हैं।---किशन लाल बोहरा, पार्षद वार्ड नंबर एक