फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   Will have to decide whether the news is in public interest or not: Prof. tankeshwar

लोकहित में पत्रकारिता का सबक देते हैं देवऋषि नारद: प्रो. टंकेश्वर कुमार

Wed, 18 May 2022 11:21 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 18 May 2022 11:21 PM IST
विज्ञापन
Will have to decide whether the news is in public interest or not: Prof. tankeshwar
महेंद्रगढ़। आज का दौर सूचनाओं का दौर है। ऐसे में सूचनाओं के महत्व को जानना, समझाना जरूरी है। विशेषकर तब जबकि आप एक पत्रकार की भूमिका में हों। आदिकाल के प्रथम पत्रकार देवऋषि नारद की बात करें तो वे लोकहित में पत्रकारिता के लिए युगों-युगों तक याद किए जाएंगे। आज के नवोदित पत्रकारों को उनके जीवन से सबक लेते हुए लोकहित में पत्रकारिता करनी चाहिए। यह विचार हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय महेंद्रगढ़ के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने मंगलवार को देवऋषि नारद जयंती के अवसर पर पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग, विश्व संवाद केंद्र हरियाणा द्वारा आयोजित विशेषज्ञ व्याख्यान को संबोधित करते हुए व्यक्त किए। विशेषज्ञ वक्ता विश्व संवाद केंद्र हरियाणा प्रांत के प्रचार प्रमुख राजेश कुमार उपस्थित रहे।
विज्ञापन

प्रो. टंकेश्वर कुमार ने कहा कि वर्तमान में पत्रकार को यह निर्णय करना होगा कि कौन सी खबर जनहित में है और कौन नहीं। उन्होंने पत्रकारिता को एक ऐसा विषय बताया जिसमें विशेषज्ञता के लिए किसी भी व्यक्ति का मल्टीडिसिप्लनरी सोच के साथ विकास करना जरूरी है। पत्रकार को विभिन्न विषयों की जानकारी होने से उसके कार्य में निखार आता है। इसलिए इस क्षेत्र में सफलता के लिए निरंतर लगन, नेक नीयत के साथ आगे बढ़े और नया सीखने के लिए सक्रिय रहें। वक्ता राजेश कुमार ने सिकंदर, मुगल साम्राज्य का उदाहरण देते हुए बताया कि किस तरह से इतिहास में एक वैचारिक मत का निर्माण करते हुए उन महत्वपूर्ण तथ्यों को नजरअंदाज किया गया, जिनकी जानकारी जन-जन के लिए आवश्यक थी। उन्होंने कहा कि वैचारिक विमर्श ही वह माध्यम है जिसके आधार पर एक समाज की सोच को विकसित कर उसे बेहतर दिशा में अग्रसर किया जा सकता है। उन्होंने युवा, भावी पत्रकारों से कहा कि वह अपने समय को संचार के विभिन्न माध्यमों पर व्यर्थ गंवाने की बजाय उन माध्यमों का प्रयोग अपनी क्षमताओं के विकास पर लगाएं। विभिन्न विषयों पर वैचारिक विमर्श को बढ़ाएं। इससे पूर्व में विश्व संवाद केंद्र के जिला प्रमुख कैलाश पाली ने भी देवऋषि नारद और उनकी पत्रकारिता पर ध्यानाकर्षित किया।
विज्ञापन

इंसेट
सूचना के दौर में सावधानी पर जोर
विश्वविद्यालय के छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. आनंद शर्मा ने विद्यार्थियों को पत्रकारिता के मूल्यों से अवगत कराया। विश्वविद्यालय के प्राक्टर प्रो. प्रमोद कुमार ने सूचना के इस दौर में सावधानी पर जोर दिया। बताया कि विभिन्न सूचनाओं के प्रमाण की जांच कितनी आवश्यक है। आयोजन में मंच का संचालन पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के प्रभारी आलेख एस नायक ने किया। आयोजन के अंत में प्रो. पवन मौर्य ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। इस अवसर पर प्रो. सारिका शर्मा, प्रो.दिनेश कुमार गुप्ता, डॉ. प्रदीप कुमार, डॉ. एपी शर्मा, डॉ. दिनेश चहल, डॉ. दिलाबाग सिंह, डॉ. सुरेंद्र कुमार सहित विभिन्न विभागों के शिक्षक, विद्यार्थी, शोद्यार्थी, शिक्षणेत्तर कर्मचारी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

0
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed