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Mahendragarh-Narnaul News: नारनौल, महेंद्रगढ़ व कनीना में राष्ट्रीय लोक अदालत 14 सितंबर को
Tue, 06 Aug 2024 12:38 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Tue, 06 Aug 2024 12:38 AM IST
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फोटो नंबर-15अधिकारियों की बैठक लेती सीजेएम शैलजा गुप्ता। स्त्रोत-प्रशासन
नारनौल। नारनौल, महेंद्रगढ़ व कनीना में राष्ट्रीय लोक अदालत का 14 सितंबर को आयोजन किया जाएगा। इसमें कोई भी आमजन अपना केस लगवाकर केस का निपटारा करवा सकते हैं।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश डाॅ. वीरेंद्र प्रसाद के दिशा निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी शैलजा गुप्ता ने सोमवार को एडीआर सेंटर में किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम व यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम, 2012 (पाॅक्सो एक्ट) के संबंध में अधिकारियों की बैठक ली।
इस मौके पर सीजेएम शैलजा गुप्ता ने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से मध्यस्थता के माध्यम से भी केसों का निपटारा किया जाता है। उन्होंने कहा कि मध्यस्थता झगड़ा सुलझाने की एक ऐसी प्रक्रिया है, जिसके द्वारा विवाद ग्रस्त पक्षकारों को एक ऐसे समझौते के लिए तैयार करता है जो सर्वमान्य हो। उन्होंने कहा कि इसमें दोनों पक्षों को बैठाकर उनकी सहमति से केसों का निपटारा किया जाता है। इस मौके पर अधिवक्ता एसएन स्वामी ने मध्यस्थता की प्रक्रिया व फायदे के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर अधिवक्ता अजय पांडेय, गिरीबाला, कुमुंदिनी, पंकज सुमन, महेंद्र सिंह, पुलिस अधिकारी, आंगनबाड़ी वर्कर व आशा वर्कर मौजूद थी।
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जिला एवं सत्र न्यायाधीश डाॅ. वीरेंद्र प्रसाद के दिशा निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी शैलजा गुप्ता ने सोमवार को एडीआर सेंटर में किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम व यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम, 2012 (पाॅक्सो एक्ट) के संबंध में अधिकारियों की बैठक ली।
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इस मौके पर सीजेएम शैलजा गुप्ता ने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से मध्यस्थता के माध्यम से भी केसों का निपटारा किया जाता है। उन्होंने कहा कि मध्यस्थता झगड़ा सुलझाने की एक ऐसी प्रक्रिया है, जिसके द्वारा विवाद ग्रस्त पक्षकारों को एक ऐसे समझौते के लिए तैयार करता है जो सर्वमान्य हो। उन्होंने कहा कि इसमें दोनों पक्षों को बैठाकर उनकी सहमति से केसों का निपटारा किया जाता है। इस मौके पर अधिवक्ता एसएन स्वामी ने मध्यस्थता की प्रक्रिया व फायदे के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर अधिवक्ता अजय पांडेय, गिरीबाला, कुमुंदिनी, पंकज सुमन, महेंद्र सिंह, पुलिस अधिकारी, आंगनबाड़ी वर्कर व आशा वर्कर मौजूद थी।
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