महेंद्रगढ़। सरसों खरीद घोटाले के मामले की जांच अब आकोदा तक पहुंच गई है। मंगलवार को आकोदा के किसानों ने एसडीएम कार्यालय में पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। किसानों ने आरोप लगाया कि सरसों खरीद के समय एक क्विंटल पर एक किलोग्राम सरसों की कटौती की गई। साथ ही एक क्विंटल पर दस रुपये मजदूरी के नाम पर भी नकद वसूले गए। सरकार की ओर से भी आढ़तियों को मजदूरी का पैसा दिया गया।
जिले में सरसों की खरीद को लेकर पिछले दस दिन से जांच चल रही है। मंडियों के गेट अब भी बंद है। अब मंडियों के अलावा खरीद केंद्रों से भी शिकायत आ रही है। आकोदा खरीद केंद्र से कुछ किसानों ने एसडीएम को एक क्विंटल पर एक किलोग्राम तथा दस रुपये मजदूरी के नाम पर वसूलने का आरोप लगाया। एसडीएम विश्राम कुमार मीणा ने इन किसानों को मंगलवार को बयान दर्ज करने के लिए बुलाया। मंगलवार सुबह करीब 11 बजे किसान लघु सचिवालय परिसर पहुंचे। एसडीएम के बाहर होने के चलते किसानों ने कार्यालय में अपने बयान दर्ज कराए। गांव आकोदा के किसान राजेंद्र यादव, पंच धर्मबीर, पंच अजीत, नंबरदार प्रदीप, पूर्व पंच वेदप्रकाश, बिल्लू, गजा सिंह, नरेश, पंच गंगाराम ने अपने बयान दर्ज कराए। किसानों ने कहा कि सरकार की ओर से खरीद एजेंसियों को आढ़त दी जा रही है। इसके बाद भी किसानों से एक क्विंटल सरसों खरीदने पर एक किलोग्राम सरसों की कटौती की गई। यानी एक क्विंटल पर करीब 42 रुपये की सरसों ले ली गई। प्रति क्विंटल दस रुपये मजदूरी के नाम पर लिए गए। किसान से प्रति क्विंटल 52 रुपये वसूल लिए गए। नियमों के हिसाब से यह पैसा सरकार की ओर से दिया जा रहा है। आढ़ती-फर्म को एक क्विंटल पर ढाई प्रतिशत आढ़त दी जा रही है।