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Mahendragarh-Narnaul News: जलभराव से निपटने को नगर परिषद ने खरीदी डिसिल्टिंग मशीन
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फोटो नंबर-13नगर परिषद में डिसिल्टिंग मशीन को रवाना करती चेयरपर्सन कमलेश सैनी। स्रोत: विभाग
- फोटो : टूंडला स्टेशन पर पैसेंजर ट्रेनें रद्द होने पर बैठे व लेटे रेलयात्री संवाद
नारनौल। शहर में मानसून के दौरान जलभराव और सीवरेज जाम से निपटने को नगर परिषद ने आधुनिक डिसिल्टिंग मशीन शामिल की है। शनिवार को अध्यक्ष कमलेश सैनी और उप नगर आयुक्त रणबीर सिंह ने इसका विधिवत शुभारंभ किया। यह मशीन करीब 20 लाख रुपये से खरीदी है।
यह मशीन नालियों, सीवर लाइनों और मैनहोल की सफाई को पहले से तेज, सुरक्षित और प्रभावी बनाएगी। कमलेश सैनी ने बताया कि नगर परिषद जलभराव से राहत के लिए लगातार संसाधन बढ़ा रही है। डिसिल्टिंग मशीन के साथ जल्द ही पांच नए पंप सेट भी उपलब्ध होंगे। इससे जल निकासी व्यवस्था मजबूत होगी और शहरवासियों को काफी राहत मिलेगी।
उप नगर आयुक्त रणबीर सिंह ने बताया कि यह आधुनिक मशीन सीवर लाइनों, मैनहोल और नालियों से गाद, कीचड़, रेत व ठोस कचरा आसानी से निकालेगी। हाइड्रोलिक सिस्टम से संचालित यह मशीन 30 से 50 फीट गहराई तक कचरे की सफाई कर सकती है।
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इससे सफाई कर्मचारियों को जहरीली गैसों वाले मैनहोल में उतरना नहीं पड़ेगा। उनकी सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी। नगर परिषद का मानना है कि नई मशीन से जल निकासी अधिक प्रभावी होगी, सीवर जाम कम होगा और सफाई व्यवस्था में सुधार होगा।
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यह मशीन नालियों, सीवर लाइनों और मैनहोल की सफाई को पहले से तेज, सुरक्षित और प्रभावी बनाएगी। कमलेश सैनी ने बताया कि नगर परिषद जलभराव से राहत के लिए लगातार संसाधन बढ़ा रही है। डिसिल्टिंग मशीन के साथ जल्द ही पांच नए पंप सेट भी उपलब्ध होंगे। इससे जल निकासी व्यवस्था मजबूत होगी और शहरवासियों को काफी राहत मिलेगी।
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उप नगर आयुक्त रणबीर सिंह ने बताया कि यह आधुनिक मशीन सीवर लाइनों, मैनहोल और नालियों से गाद, कीचड़, रेत व ठोस कचरा आसानी से निकालेगी। हाइड्रोलिक सिस्टम से संचालित यह मशीन 30 से 50 फीट गहराई तक कचरे की सफाई कर सकती है।
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इससे सफाई कर्मचारियों को जहरीली गैसों वाले मैनहोल में उतरना नहीं पड़ेगा। उनकी सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी। नगर परिषद का मानना है कि नई मशीन से जल निकासी अधिक प्रभावी होगी, सीवर जाम कम होगा और सफाई व्यवस्था में सुधार होगा।