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Mahendragarh-Narnaul News: जलभराव और सीवर की समस्या के समाधान के लिए नहीं मिल रही जमीन
Thu, 10 Apr 2025 01:11 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Thu, 10 Apr 2025 01:11 AM IST
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महेंद्रगढ़। जलभराव और सीवर की समस्या के समाधान के लिए जन स्वास्थ्य विभाग को जमीन नहीं मिल पा रही है। जमीन के लिए खेल विभाग से एक साल से पत्राचार चल रहा है।
जन स्वास्थ्य विभाग ने पिछले साल दो डिस्पोजल टैंक बनाकर बारिश के मौसम में शहर को जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए 9.25 करोड़ रुपये का एस्टीमेट तैयार कर स्वीकृति ली गई थी। वहीं 12.50 करोड़ रुपये से सीवर की शहर में सीवर लाइनें डालकर सीवर के पानी को डुलाना रोड पर वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में भेजने की योजना बनाई थी। इसके लिए मॉडल संस्कृति स्कूल के सामने खेल विभाग द्वारा बनाए गए तरणताल के पीछे 100 गुणा 100 फीट की जमीन उपलब्ध कराने के लिए जुलाई 2024 में पत्राचार शुरू किया था।
खेल विभाग की इस जमीन पर दो डिस्पोजल टैंक बनाने की ड्राइंग भी जन स्वास्थ्य विभाग ने तैयार कर ली थी। शहर के जलभराव वाले स्थानों से पानी डिस्पोजल टैंक में डालकर दौहान नदी क्षेत्र में भूजल रिचार्ज के लिए प्रयोग करने की योजना तैयार की थी। वहीं दूसरे डिस्पोजल टैंक से शहर के एक तिहाई आबादी में सीवर लाइनें डालकर इस पानी को वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में पहुंचाया जाना था।
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जन स्वास्थ्य विभाग की ओर से एक साल से लगातार खेल विभाग को पत्र भेजकर जमीन उपलब्ध कराने की मांग की जा रही है, लेकिन खेल विभाग के जिम्मेदार खेल निदेशक को पत्र भेजने का हवाला देकर टरका दे रहे हैं। विभाग की खाली पड़ी जमीन अवैध अतिक्रमण को बढ़ावा दे रही है, लेकिन इसमें दो डिस्पोजल टैंक बनने से शहर की दो प्रमुख समस्याओं का भी स्थायी समाधान हो सकेगा।
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- वर्जन:
खेल विभाग की मॉडल संस्कृति स्कूल के सामने खाली पड़ी जमीन उपलब्ध कराने के लिए एक साल से पत्राचार चल रहा है। डिस्पोजल टैंकों के माध्यम से 12.50 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन शहर में बिछाई जानी थी। साथ ही बारिश के समय में जलभराव वाले स्थानों से लाइन दबाकर डिस्पोजल टैंक के माध्यम से दौहान नदी क्षेत्र में पानी छोड़ने की योजना बनाई गई थी। उम्मीद है कि खेल विभाग जल्द ही यह जमीन जन स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध कराएगा। इसके बाद इस योजना को धरातल पर उतारने के लिए शीघ्रता से काम शुरू कर दिया जाएगा। - सुरेंद्र यादव, कनिष्ट अभियंता, जन स्वास्थ्य विभाग
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जन स्वास्थ्य विभाग ने पिछले साल दो डिस्पोजल टैंक बनाकर बारिश के मौसम में शहर को जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए 9.25 करोड़ रुपये का एस्टीमेट तैयार कर स्वीकृति ली गई थी। वहीं 12.50 करोड़ रुपये से सीवर की शहर में सीवर लाइनें डालकर सीवर के पानी को डुलाना रोड पर वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में भेजने की योजना बनाई थी। इसके लिए मॉडल संस्कृति स्कूल के सामने खेल विभाग द्वारा बनाए गए तरणताल के पीछे 100 गुणा 100 फीट की जमीन उपलब्ध कराने के लिए जुलाई 2024 में पत्राचार शुरू किया था।
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खेल विभाग की इस जमीन पर दो डिस्पोजल टैंक बनाने की ड्राइंग भी जन स्वास्थ्य विभाग ने तैयार कर ली थी। शहर के जलभराव वाले स्थानों से पानी डिस्पोजल टैंक में डालकर दौहान नदी क्षेत्र में भूजल रिचार्ज के लिए प्रयोग करने की योजना तैयार की थी। वहीं दूसरे डिस्पोजल टैंक से शहर के एक तिहाई आबादी में सीवर लाइनें डालकर इस पानी को वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में पहुंचाया जाना था।
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जन स्वास्थ्य विभाग की ओर से एक साल से लगातार खेल विभाग को पत्र भेजकर जमीन उपलब्ध कराने की मांग की जा रही है, लेकिन खेल विभाग के जिम्मेदार खेल निदेशक को पत्र भेजने का हवाला देकर टरका दे रहे हैं। विभाग की खाली पड़ी जमीन अवैध अतिक्रमण को बढ़ावा दे रही है, लेकिन इसमें दो डिस्पोजल टैंक बनने से शहर की दो प्रमुख समस्याओं का भी स्थायी समाधान हो सकेगा।
- वर्जन:
खेल विभाग की मॉडल संस्कृति स्कूल के सामने खाली पड़ी जमीन उपलब्ध कराने के लिए एक साल से पत्राचार चल रहा है। डिस्पोजल टैंकों के माध्यम से 12.50 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन शहर में बिछाई जानी थी। साथ ही बारिश के समय में जलभराव वाले स्थानों से लाइन दबाकर डिस्पोजल टैंक के माध्यम से दौहान नदी क्षेत्र में पानी छोड़ने की योजना बनाई गई थी। उम्मीद है कि खेल विभाग जल्द ही यह जमीन जन स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध कराएगा। इसके बाद इस योजना को धरातल पर उतारने के लिए शीघ्रता से काम शुरू कर दिया जाएगा। - सुरेंद्र यादव, कनिष्ट अभियंता, जन स्वास्थ्य विभाग