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सरकार पुरानी पेंशन स्कीम लागू करे : धर्मपाल शर्मा
Tue, 29 Jul 2025 11:16 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Tue, 29 Jul 2025 11:16 PM IST
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फोटो 6 धर्मपाल शर्मा
नारनौल। हरियाणा विद्यालय अध्यापक के पूर्व राज्य सचिव धर्मपाल शर्मा ने कहा कि कर्मचारियों के लिए सरकार पुरानी पेंशन स्कीम लागू करे।
यदि एनपीएस और यूपीएस इतनी अच्छी स्कीम है तो यह स्कीम पहले विधायक और सांसदों पर लागू की जाए। इसके बाद कर्मचारियों पर लागू की जाए। उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन स्कीम में अंतिम वेतन की आधी पेंशन डीए, मेडिकल रीइंबर्समेंट वह भी बिना किसी अंशदान के सामाजिक सुरक्षा के तहत आर्थिक सुरक्षा की गारंटी है। जीपीएफ व ग्रेच्युटी का पेंशन से कोई संबंध नहीं, ये पहले भी अलग थे अब भी अलग हैं।
उन्होंने कहा कि कर्मचारी/शिक्षक के वेतन का दस प्रतिशत व सरकार का 14 प्रतिशत अंशदान निजी कंपनियों के शेयर बाजार में जाता है, जिससे भविष्य में जो शेयर दे दें या न दें उस पर पेंशन निर्भर करती है। कागजों में लाखों की पेंशन दिखाई गई, लेकिन व्यवहार में सैकड़ों की मिली। वह भी बुढ़ापा पेंशन से कम। मेडिकल रीइंबर्समेंट भी बंद कर दिया गया। डीए से भी नहीं जोड़ा गया। अब एक अगस्त से हरियाणा में सरकार ने यूपीएस को चुनने का विकल्प दिया है।
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यदि एनपीएस और यूपीएस इतनी अच्छी स्कीम है तो यह स्कीम पहले विधायक और सांसदों पर लागू की जाए। इसके बाद कर्मचारियों पर लागू की जाए। उन्होंने कहा कि पुरानी पेंशन स्कीम में अंतिम वेतन की आधी पेंशन डीए, मेडिकल रीइंबर्समेंट वह भी बिना किसी अंशदान के सामाजिक सुरक्षा के तहत आर्थिक सुरक्षा की गारंटी है। जीपीएफ व ग्रेच्युटी का पेंशन से कोई संबंध नहीं, ये पहले भी अलग थे अब भी अलग हैं।
उन्होंने कहा कि कर्मचारी/शिक्षक के वेतन का दस प्रतिशत व सरकार का 14 प्रतिशत अंशदान निजी कंपनियों के शेयर बाजार में जाता है, जिससे भविष्य में जो शेयर दे दें या न दें उस पर पेंशन निर्भर करती है। कागजों में लाखों की पेंशन दिखाई गई, लेकिन व्यवहार में सैकड़ों की मिली। वह भी बुढ़ापा पेंशन से कम। मेडिकल रीइंबर्समेंट भी बंद कर दिया गया। डीए से भी नहीं जोड़ा गया। अब एक अगस्त से हरियाणा में सरकार ने यूपीएस को चुनने का विकल्प दिया है।
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