{"_id":"69e90764c3e7fbdaaf019049","slug":"girl-students-from-the-northeast-were-given-a-grand-welcome-and-the-atmosphere-was-filled-with-folk-dance-narnol-news-c-198-1-fth1001-237217-2026-04-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mahendragarh-Narnaul News: पूर्वोत्तर की छात्राओं का भव्य स्वागत, लोकनृत्य से बांधा समा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mahendragarh-Narnaul News: पूर्वोत्तर की छात्राओं का भव्य स्वागत, लोकनृत्य से बांधा समा
विज्ञापन
कार्यक्रम में लोकनृत्य प्रस्तुत करते प्रतिभागी छात्र-छात्राएं।स्रोत: संस्था
रेवाड़ी। वनवासी कल्याण आश्रम, हरियाणा (रेवाड़ी इकाई) की तरफ से पूर्वोत्तर राज्यों की छात्राओं के हरियाणा भ्रमण के उपलक्ष्य में सैंडपाइपर टूरिस्ट कॉम्प्लेक्स में भव्य स्वागत एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देना और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करना रहा।
जिला अध्यक्ष अनिल गंजू एवं जिला संरक्षक राजेश अग्रवाल ने बताया कि इस आयोजन के माध्यम से पूर्वोत्तर की छात्राओं को हरियाणा की संस्कृति और परंपराओं से परिचित कराया जा रहा है।
कार्यक्रम में छात्राओं ने वंदे मातरम्, शिव तांडव, जौनसारी लोकनृत्य, पूर्वोत्तर भारत के पारंपरिक नृत्य एवं पंजाबी नृत्य की आकर्षक प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया।
विज्ञापन
विभाग संयोजक संजय डाटा ने बताया कि प्रवास के दौरान छात्राएं आश्रम से जुड़े परिवारों के साथ रहकर स्थानीय जीवनशैली और संस्कारों को करीब से समझती हैं। मुख्य वक्ता वैभव सोंरंगे ने कहा कि वनवासी समाज भारतीय संस्कृति का मूल आधार है और वनवासी कल्याण आश्रम वर्षों से इस दिशा में कार्य कर रहा है।
कार्यक्रम में उत्तर क्षेत्र के संगठन मंत्री जय भगवान तथा जिला संघचालक राम अवतार गौतम की विशेष उपस्थिति रही। उनके मार्गदर्शन में कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। जिला उपाध्यक्ष हवा सिंह डागर ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर बड़ी संख्या में पदाधिकारी, शिक्षक एवं विद्यार्थी मौजूद रहे।
विज्ञापन
जिला अध्यक्ष अनिल गंजू एवं जिला संरक्षक राजेश अग्रवाल ने बताया कि इस आयोजन के माध्यम से पूर्वोत्तर की छात्राओं को हरियाणा की संस्कृति और परंपराओं से परिचित कराया जा रहा है।
विज्ञापन
कार्यक्रम में छात्राओं ने वंदे मातरम्, शिव तांडव, जौनसारी लोकनृत्य, पूर्वोत्तर भारत के पारंपरिक नृत्य एवं पंजाबी नृत्य की आकर्षक प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया।
विज्ञापन
विभाग संयोजक संजय डाटा ने बताया कि प्रवास के दौरान छात्राएं आश्रम से जुड़े परिवारों के साथ रहकर स्थानीय जीवनशैली और संस्कारों को करीब से समझती हैं। मुख्य वक्ता वैभव सोंरंगे ने कहा कि वनवासी समाज भारतीय संस्कृति का मूल आधार है और वनवासी कल्याण आश्रम वर्षों से इस दिशा में कार्य कर रहा है।
कार्यक्रम में उत्तर क्षेत्र के संगठन मंत्री जय भगवान तथा जिला संघचालक राम अवतार गौतम की विशेष उपस्थिति रही। उनके मार्गदर्शन में कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। जिला उपाध्यक्ष हवा सिंह डागर ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस मौके पर बड़ी संख्या में पदाधिकारी, शिक्षक एवं विद्यार्थी मौजूद रहे।

कार्यक्रम में लोकनृत्य प्रस्तुत करते प्रतिभागी छात्र-छात्राएं।स्रोत: संस्था