{"_id":"5a809dba4f1c1b8e268b99fe","slug":"61518378426-mahendragarh-narnaul-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सड़क हादसे में नव विवाहित युवक की मौत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
सड़क हादसे में नव विवाहित युवक की मौत
Updated Mon, 12 Feb 2018 01:17 AM IST
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
महेंद्रगढ़।
गांव पाथेड़ा के पास शनिवार देर शाम एक अज्ञात वाहन द्वारा कुचले जाने के कारण पाथेड़ा के ही एक युवक की मौत हो गई, जबकि एक अन्य युवक घायल हो गया। मृतक युवक पांच बहनों का इकलौता भाई था तथा छह दिन पहले पांच फरवरी को ही उसकी शादी हुई थी। घटना से परिवार एवं गांव में शोक का माहौल है तथा हर कोई उनकी मौत पर अफसोस जता रहा है। रविवार को पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
छह दिन पहले ही शादी के बाद नए जीवन की शुरुआत करने वाले पाथेड़ा निवासी प्रदीप का जीवन इतनी जल्दी समाप्त हो जाएगा, किसी को अंदाजा नहीं था। प्रदीप अपनी मां-बाप का इकलौता बेटा और पांच बहनों का इकलौता भाई था। पांच फरवरी को ही उसकी शादी जिले के ही गांव घाटाशेर की शिवानी के साथ हुई थी। पूरे परिवार में खुशी का माहौल था तथा अब तक शादी की बधाइयां मिलने का दौर चल ही रहा था। बधाइयों के बीच ही प्रदीप की मौत का समाचार परिवार के लोगों को मिला तो सारे सपने टूट गए। हादसे ने परिवार को झकझौर कर रख दिया। शिवानी के हाथों की मेहंदी भी नहीं उतरी थी कि उसकी मांग का सिंदूर उजड़ गया।
दोस्त के साथ सब्जी लेने गया था बाजार
प्रदीप अपने दोस्त गांव के ही सुनील के साथ बाइक पर सवार होकर महेंद्रगढ़ सब्जी खरीदने के लिए गया था। मगर घर वापस आते समय किसी अज्ञात वाहन से उनकी बाइक को टक्कर मार दी। बाइक असंतुलित होकर पेड़ से जा टकराई। प्रदीप की मौके पर ही मौत हो गई तो सुनील भी गंभीर रूप से घायल हो गया। सुनील को नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। यह हादसा गांव से 200 मीटर की दूरी पर ही हुआ।
विज्ञापन
हेलमेट होता तो बच सकती थी जान
हादसे के वक्त प्रदीप ही बाइक चला रहा था। उसने हेलमेट नहीं पहन रखा था। अगर उसने हेलमेट पहना होता तो शायद उसकी जान बच जाती। प्रदीप की मौत के कारण उसके परिवार को जिन परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है, शायद वो आती ही नहीं। प्रदीप के जीजा सुनील ने बताया कि प्रदीप का पिता शंकर खेती बाड़ी करता है। प्रदीप की चार बहनों की शादी हो चुकी है। प्रदीप बीए कर चुका था तथा अब नौकरी की तलाश कर रहा था।
आप हेलमेट जरूर पहनें : डीएसपी सत्येंद्र
डीएसपी सत्येंद्र कुमार ने कहा कि हेलमेट पहनना केवल चालान से बचने के लिए जरूरी नहीं है। यह वाहन चालक के जीवन की रक्षा करता है। कई लोग हेलमेट नहीं पहनने के कारण हादसों में मर जाते हैं। आपका परिवार आपसे बहुत प्यार करता है। उनके साथ हमेशा हंसी-खुशी रहने के लिए आप हेलमेट जरूर पहनें।
विज्ञापन
महेंद्रगढ़।
गांव पाथेड़ा के पास शनिवार देर शाम एक अज्ञात वाहन द्वारा कुचले जाने के कारण पाथेड़ा के ही एक युवक की मौत हो गई, जबकि एक अन्य युवक घायल हो गया। मृतक युवक पांच बहनों का इकलौता भाई था तथा छह दिन पहले पांच फरवरी को ही उसकी शादी हुई थी। घटना से परिवार एवं गांव में शोक का माहौल है तथा हर कोई उनकी मौत पर अफसोस जता रहा है। रविवार को पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
छह दिन पहले ही शादी के बाद नए जीवन की शुरुआत करने वाले पाथेड़ा निवासी प्रदीप का जीवन इतनी जल्दी समाप्त हो जाएगा, किसी को अंदाजा नहीं था। प्रदीप अपनी मां-बाप का इकलौता बेटा और पांच बहनों का इकलौता भाई था। पांच फरवरी को ही उसकी शादी जिले के ही गांव घाटाशेर की शिवानी के साथ हुई थी। पूरे परिवार में खुशी का माहौल था तथा अब तक शादी की बधाइयां मिलने का दौर चल ही रहा था। बधाइयों के बीच ही प्रदीप की मौत का समाचार परिवार के लोगों को मिला तो सारे सपने टूट गए। हादसे ने परिवार को झकझौर कर रख दिया। शिवानी के हाथों की मेहंदी भी नहीं उतरी थी कि उसकी मांग का सिंदूर उजड़ गया।
विज्ञापन
दोस्त के साथ सब्जी लेने गया था बाजार
प्रदीप अपने दोस्त गांव के ही सुनील के साथ बाइक पर सवार होकर महेंद्रगढ़ सब्जी खरीदने के लिए गया था। मगर घर वापस आते समय किसी अज्ञात वाहन से उनकी बाइक को टक्कर मार दी। बाइक असंतुलित होकर पेड़ से जा टकराई। प्रदीप की मौके पर ही मौत हो गई तो सुनील भी गंभीर रूप से घायल हो गया। सुनील को नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया गया। यह हादसा गांव से 200 मीटर की दूरी पर ही हुआ।
विज्ञापन
हेलमेट होता तो बच सकती थी जान
हादसे के वक्त प्रदीप ही बाइक चला रहा था। उसने हेलमेट नहीं पहन रखा था। अगर उसने हेलमेट पहना होता तो शायद उसकी जान बच जाती। प्रदीप की मौत के कारण उसके परिवार को जिन परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है, शायद वो आती ही नहीं। प्रदीप के जीजा सुनील ने बताया कि प्रदीप का पिता शंकर खेती बाड़ी करता है। प्रदीप की चार बहनों की शादी हो चुकी है। प्रदीप बीए कर चुका था तथा अब नौकरी की तलाश कर रहा था।
आप हेलमेट जरूर पहनें : डीएसपी सत्येंद्र
डीएसपी सत्येंद्र कुमार ने कहा कि हेलमेट पहनना केवल चालान से बचने के लिए जरूरी नहीं है। यह वाहन चालक के जीवन की रक्षा करता है। कई लोग हेलमेट नहीं पहनने के कारण हादसों में मर जाते हैं। आपका परिवार आपसे बहुत प्यार करता है। उनके साथ हमेशा हंसी-खुशी रहने के लिए आप हेलमेट जरूर पहनें।