{"_id":"67922bd7b5313286ce049ef5","slug":"cleanliness-will-shine-in-the-temples-of-knowledge-narnol-news-c-196-1-nnl1003-120562-2025-01-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mahendragarh-Narnaul News: ज्ञान के मंदिरों में होगा स्वच्छता का उजाला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mahendragarh-Narnaul News: ज्ञान के मंदिरों में होगा स्वच्छता का उजाला
Fri, 24 Jan 2025 02:11 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
Updated Fri, 24 Jan 2025 02:11 AM IST
विज्ञापन
फोटो नंबर-11नारनौल के मोहल्ला रावका की राजकीय प्राथमिक पाठशाला। संवाद
नारनौल।
जिले के सभी प्राथमिक विद्यालयों में साफ-सफाई के लिए 25.92 लाख रुपये की राशि जारी की गई है। इसके लिए विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने पत्र भी जारी कर दिया है।
महेंद्रगढ़ जिले में कुल 324 राजकीय प्राथमिक विद्यालय हैं और प्रत्येक विद्यालय को इस कार्य के लिए आठ हजार रुपये दिए जाएंगे। इस राशि में प्राथमिक विद्यालय के अंदर विद्यालय प्रांगण, छत की सफाई, शौचालय की सफाई, खेल मैदान की सफाई व जलभराव आदि की निकासी के कार्य किए जा सकते हैं। इस स्वच्छता अभियान के दौरान किसी प्रकार की आंशिक, अल्पकालिक, पूर्णकालिक व अनुबंध की नियुक्ति नहीं की जाएगी। इस अभियान में किसी भी प्रकार की अनुशासन हीनता के लिए संबंधित विद्यालय के मुखिया जिम्मेदार रहेगें। शिक्षा निदेशालय से जारी पत्र में कहा गया है कि विद्यालय मुखिया एसएमसी के साथ मिलकर यह सुनिश्चित करेंगे कि उनके विद्यालयों में आवश्यकता के अनुसार किस-किस समय कौन सा कार्य करवाया जाना है। इसका निर्धारण मासिक आधार पर एसएमसी की मासिक बैठक में किया जाए। इसमें एसएमसी की स्वीकृति अनिवार्य रहेगी। प्राथमिक विद्यालयों में साफ-सफाई के लिए दिया जाने वाला बजट जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से सभी विद्यालयों में जारी किया जाएगा। इस सफाई में खर्च होने वाली राशि का भुगतान भी एसएमसी द्वारा ही किया जाएगा। इस कार्य का खर्च, उसका पर्यवेक्षण तथा भुगतान का पूरा रिकार्ड रखा जाएगा। मौलिक शिक्षा अधिकारी यह सुनिश्चित करेंगे कि इस सफाई के कार्य के लिए उपलब्ध करवाए गए बजट का उपयाेग 10 फरवरी तक कर लिया जाए और इस मामले में कोई भी भुगतान लंबित न रहे।
-- -- --
प्राथमिक विद्यालयों में साफ-सफाई के लिए पत्र तो जारी हो चुका है। जैसे ही हमारे पास बजट आएगा इस पर कार्य शुरू कर दिया जाएगा। खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से स्कूल मुखियाओं तक यह राशि पहुंचा दी जाएगी। सभी मुखियाओं को विद्यालय शिक्षा निदेशालयों की ओर जारी नियमों की भी पालना करनी होगी।
विज्ञापन
सुभाष सामरिया, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, नारनौल।
विज्ञापन
जिले के सभी प्राथमिक विद्यालयों में साफ-सफाई के लिए 25.92 लाख रुपये की राशि जारी की गई है। इसके लिए विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने पत्र भी जारी कर दिया है।
महेंद्रगढ़ जिले में कुल 324 राजकीय प्राथमिक विद्यालय हैं और प्रत्येक विद्यालय को इस कार्य के लिए आठ हजार रुपये दिए जाएंगे। इस राशि में प्राथमिक विद्यालय के अंदर विद्यालय प्रांगण, छत की सफाई, शौचालय की सफाई, खेल मैदान की सफाई व जलभराव आदि की निकासी के कार्य किए जा सकते हैं। इस स्वच्छता अभियान के दौरान किसी प्रकार की आंशिक, अल्पकालिक, पूर्णकालिक व अनुबंध की नियुक्ति नहीं की जाएगी। इस अभियान में किसी भी प्रकार की अनुशासन हीनता के लिए संबंधित विद्यालय के मुखिया जिम्मेदार रहेगें। शिक्षा निदेशालय से जारी पत्र में कहा गया है कि विद्यालय मुखिया एसएमसी के साथ मिलकर यह सुनिश्चित करेंगे कि उनके विद्यालयों में आवश्यकता के अनुसार किस-किस समय कौन सा कार्य करवाया जाना है। इसका निर्धारण मासिक आधार पर एसएमसी की मासिक बैठक में किया जाए। इसमें एसएमसी की स्वीकृति अनिवार्य रहेगी। प्राथमिक विद्यालयों में साफ-सफाई के लिए दिया जाने वाला बजट जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से सभी विद्यालयों में जारी किया जाएगा। इस सफाई में खर्च होने वाली राशि का भुगतान भी एसएमसी द्वारा ही किया जाएगा। इस कार्य का खर्च, उसका पर्यवेक्षण तथा भुगतान का पूरा रिकार्ड रखा जाएगा। मौलिक शिक्षा अधिकारी यह सुनिश्चित करेंगे कि इस सफाई के कार्य के लिए उपलब्ध करवाए गए बजट का उपयाेग 10 फरवरी तक कर लिया जाए और इस मामले में कोई भी भुगतान लंबित न रहे।
विज्ञापन
प्राथमिक विद्यालयों में साफ-सफाई के लिए पत्र तो जारी हो चुका है। जैसे ही हमारे पास बजट आएगा इस पर कार्य शुरू कर दिया जाएगा। खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से स्कूल मुखियाओं तक यह राशि पहुंचा दी जाएगी। सभी मुखियाओं को विद्यालय शिक्षा निदेशालयों की ओर जारी नियमों की भी पालना करनी होगी।
विज्ञापन
सुभाष सामरिया, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, नारनौल।