आयुष्मान योजना का CHC स्तर पर मिलेगा इलाज: मरीजों को सिविल व निजी अस्पतालों से मिलेगी निजात, पढ़ें रिपोर्ट
आयुष्मान योजना के तहत मरीजों को सीएचसी स्तर पर जिन बीमारियों का इलाज हो सकेगा, उसमें उल्टी, दस्त, मलेरिया, डेंगू, डायरिया बुखार, डॉग बॉइट, चोट शामिल किए गए हैं। इसके लिए सीएचसी स्तर पर स्टॉफ नर्स या अन्य कर्मचारी को ट्रेनिंग दी जा रही है।
विस्तार
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर भी आयुष्मान योजना के तहत मरीजों का इलाज हो सकेगा। अब तक सीएचसी स्तर पर केवल आयुष्मान कार्ड बनाने का काम ही होता था लेकिन इलाज के लिए नागरिक अस्पतालों या निजी अस्पतालों में मरीजों को जाना पड़ता था। अब सीएचसी स्तर पर सरकारी अस्पतालों में 127 बीमारियों से अधिकतर बीमारियों के अलावा स्पेशलिस्ट से संबंधित बीमारियों का इलाज हो सकेगा। यदि कोई बीमारी से संबंधित इलाज नहीं मिलता है तो मरीज को नागरिक अस्पताल रेफर किया जाएगा जहां उसका आयुष्मान योजना के तहत इलाज किया जाएगा।
छोटी बीमारियों के अलाव स्पेशलिस्ट होने पर उस बीमारी का मिल सकेगा इलाज
सीएचसी स्तर पर जिन बीमारियों का इलाज हो सकेगा, उसमें उल्टी, दस्त, मलेरिया, डेंगू, डायरिया बुखार, डॉग बॉइट, चोट शामिल किए गए हैं। इसके लिए सीएचसी स्तर पर स्टॉफ नर्स या अन्य कर्मचारी को ट्रेनिंग दी जा रही है। इसके अलावा एक कंप्यूटर ऑपरेटर या सक्षम की ड्यूटी लगाई जाएगी, जो डाटा को मेंटेन करेंगे। जिन लोगों के कार्ड नहीं बने हैं, वह भी पहले की तरह बनाए जाएंगे। इसके लिए सक्षम युवाओं की ड्यूटियां लगाई गई हैं। हर सीएचसी स्तर पर दो सक्षम लगाए जाएंगे।
अब तक 57 प्रतिशत लोगों के ही बने हैं कार्ड
प्रदेश भर में अब तक चिरायु के तहत 57 प्रतिशत लोगों ने ही कार्ड बनवाए हैं। लोग अब कार्ड बनवाने के लिए आगे नहीं आ रहे हैं। कार्ड बनवाने में महेंद्रगढ़ जिला पूरे प्रदेश में सबसे आगे हैं। यहां अब तक 73.63 प्रतिशत लोगों ने कार्ड बनवाए हैं जबकि सबसे कम मेवात में केवल 37.38 प्रतिशत लोगों ने ही कार्ड बनवाए हैं।
किस जिले में कितने प्रतिशत कार्ड बने
जिलों में कार्ड की संख्या
- महेंद्रगढ़ 73.63
- भिवानी 70.06
- चरखीदादरी 69.57
- हिसार 64.61
- पानीपत 62.73
- अंबाला 61.21
- फतेहाबाद 61.80
- रेवाड़ी 59.29
- करनाल 59.90
- जींद 59.31
- झज्जर 57.98
- यमुनानगर 59.46
- पंचकूला 58.24
- सिरसा 58.31
- कैथल 54.26
- सोनीपत 55.26
- गुरुग्राम 52.22
- कुरुक्षेत्र 54.00
- रोहतक 52.36
- पलवल 52.00
- फरीदाबाद 43.83
- नूहं 37.38
अधिकारी के अनुसार
अब तक सीएचसी स्तर पर केवल आयुष्मान कार्ड बनाए जाते थे, लेकिन आयुष्मान योजना के तहत इलाज की सुविधा मिल सकेगी। इसके लिए स्टॉफ नर्स, सक्षम को ट्रेनिंग दी जा रही है। इससे लोगों को काफी फायदा मिल सकेगा।
-उमेश सैनी, जिला प्रबंधक, चिरायु योजना