आंगनबाड़ी वर्कर शनिवार को भी अपनी मुख्य मांगों को लेकर बारिश में छाता लेकर लघु सचिवालय नारनौल में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठी रही। जिला प्रधान मास्टर कृष्णा देवी ने कहा कि बारिश में भी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं ने धरने में शामिल होकर अपने हौसले व आंदोलन के प्रति प्रतिबद्धता को साबित किया है। बारिश में भी अनेक कार्यकर्ताओं ने धरने में उत्साह से भाग लिया।
प्रधान ने कहा कि 12 जनवरी को होने वाले जेल भरो आंदोलन ऐतिहासिक होगा। जिसे आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अपनी एकजुटता से कामयाब करेगी। वे सरकार से उनके द्वारा की गई घोषणा व समझौता को लागू करने की मांग कर रहे हैं। जिसमें प्रधानमंत्री की सितंबर 2018 की घोषणा कार्यकर्ताओं को 1500 रुपये व सहायिकाओं को 750 रुपये की मासिक बढ़ोतरी लागू करने, मार्च 2018 में हरियाणा सरकार के समझौता लागू करने, कुशल और अर्द्ध कुशल कार्यकर्ता व सहायिका को महंगाई भत्ता देने, पोषण ट्रेकर एप पर रोक लगाने, पेंशन लागू करने, न्यूनतम वेतन 24 हजार रुपये लागू करने, सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने जैसी मांगे शामिल है। जब तक आंगनबाड़ी तालमेल कमेटी की मांगों को स्वीकार नहीं किया जाएगा उनका आंदोलन जारी रहेगा। धरने को एआईयूटीयूसी जिला प्रधान मास्टर सूबे सिंह, सावित्री देवी, माया, राजकुमारी, कृष्णा कुमारी, सविता, निधि, सुदेश कुमारी, सविता, प्रेमलता, निरंजना, रामरती, सुमित्रा, लाजवंती, उर्मिला, लवली, बलजीत, शारदा, सरस्वती, कैलाश, मंजू व जिला सचिव छाजूराम रावत ने भी विचार रखे।